
JP Nadda Meets CJP Delegates Sourav Das and Ashutosh Ranka संसद के मॉनसून सत्र के पहले दिन राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में खूब गहमा-गहमी देखने को मिली. नीट (NEET) पेपर लीक मामले मुद्दे पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने सोमवार को संसद चलो मार्च का आयोजन किया. इस दौरान सुबह प्रदर्शनकारी संसद भवन के करीब पहुंच गए. दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बलों ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले दागे और हल्का बल प्रयोग किया.
सुरक्षा बलों ने दोपहर तक संसद भवन के पास से प्रदर्शनकारियों को हटा दिया और कनॉट प्लेस को भी खाली कराया. इसके अलावा केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और सीजेपी डेलिगेशन के बीच मुलाकात हुई. सीजेपी ने अपनी मांगों की सूची केंद्रीय मंत्री को सौंप दीं. इस बीच सीजेपी के फाउंडर अभिजीत दिपके ने ढाई दिन बाद सोमवार को संसद मार्च के बीच अपना अनशन खत्म कर दिया. उन्हें सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि जे अंगमो ने पानी पिलाकर अनशन खत्म कराया. वहीं अभिनेत्री शबाना आजमी, अभिनेता प्रकाश राज, राजद सांसद मनोज झा और योगेंद्र यादव ने जंतर-मंतर पर अनशन कर रहे ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) के छात्रों को पानी पिलाकर उनका अनशन खत्म कराया.

जंतर-मंतर पर थ्री-टियर सुरक्षा ग्रिड
सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए जंतर-मंतर, पार्लियामेंट स्ट्रीट, सेंट्रल विस्टा, कनॉट प्लेस और शंकर चौक जैसे स्थानों पर थ्री-टियर सुरक्षा ग्रिड बनाया गया है. इसमें दिल्ली पुलिस के जवानों की दो परतें और पैरामिलिट्री फोर्स की एक परत शामिल है. किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए रैपिड रिस्पॉन्स टीमें चौबीसों घंटे स्टैंडबाय पर हैं.
नई दिल्ली के DCP सचिन शर्मा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पब्लिक एडवाइजरी जारी की है. उन्होंने लिखा, 'दिल्ली पुलिस साफ तौर पर ये स्पष्ट करती है कि इस तरह के किसी भी विरोध मार्च या जुलूस के लिए कोई अनुमति नहीं मांगी गई है और न ही कोई अनुमति दी गई है.'
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धारा 163 लागू, नियमों का उल्लंघन करने पर होगी जेल
डीसीपी सचिन शर्मा ने बताया कि मानसून सत्र और प्रदर्शन को देखते हुए नई दिल्ली में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 (पुरानी धारा 144) लागू कर दी गई है. इसके तहत पांच या उससे ज्यादा व्यक्तियों के जमा होने, विरोध प्रदर्शन करने, जुलूस निकालने या धरना देने पर पूरी तरह से प्रतिबंध रहेगा. सिर्फ जंतर-मंतर पर, वो भी पूर्व अनुमति के साथ, शांतिपूर्ण प्रदर्शन की छूट होगी.
पुलिस ने चेतावनी दी है कि जो भी व्यक्ति इन निषेधाज्ञा आदेशों का उल्लंघन करेगा, उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 और अन्य कानूनी प्रावधानों के तहत मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाएगी. दिल्ली पुलिस ने सभी नागरिकों से कानून का सम्मान करने और किसी भी अनधिकृत मार्च में शामिल न होने की अपील की है.
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क्या हैं CJP की मुख्य मांगें और क्यों सुलग रहा है आंदोलन?
CJP मुख्य रूप से तीन बड़े मुद्दों को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोले हुए है:
1. नीट (NEET) परीक्षा में हुई धांधली, पेपर लीक मामलों और दूसरी प्रतियोगी परीक्षाओं में हुई गड़बड़ियों की निष्पक्ष जांच और जवाबदेही तय हो.
2. परीक्षा में हुई इस बड़ी धांधली को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग.
3. देश में लगातार बढ़ती बेरोजगारी, सरकारी भर्ती परीक्षाओं के परिणामों में होने वाली देरी और छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ के मुद्दों पर सरकार को घेरना.
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के 'संसद चलो' प्रदर्शन के दौरान हुई झड़पों के बाद दिल्ली पुलिस ने अलग-अलग स्थानों से मिली शिकायतों के आधार पर अलग-अलग एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. दिल्ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, अब तक 70 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया है. प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा और झड़पों में दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बलों के 50 से अधिक जवान घायल हुए हैं. सूत्रों ने बताया कि घटनाक्रम से जुड़े सभी सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल फोन से बनाए गए वीडियो की जांच की जा रही है. पुलिस सबूतों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई करेगी. प्रारंभिक रिपोर्ट के अनुसार, संसद क्षेत्र और आसपास के इलाकों में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों के बीच कई जगह टकराव हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी और सुरक्षाकर्मी घायल हुए. पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है.
दिल्ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक आज के प्रोटेस्ट में कई पुलिसकर्मी और पैरामिल्ट्री फोर्स के जवान घायल हुए. पार्लियामेंट पुलिस स्टेशन के आस पास कई गाड़ियों में तोड़ फोड़ की गई. दिल्ली पुलिस ने कई लोगों को हिरासत में लिया है और इस मामले में केस दर्ज करेगी. दिल्ली पुलिस कनॉट प्लेस इनर सर्कल में भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस का इस्तेमाल कर रही है. (इनपुट: अरविंद ओझा)
दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों और आम जनता के लिए एडवाइजरी जारी की है. इसमें कहा गया है, 'दिल्ली पुलिस सभी प्रदर्शनकारियों से संयम बरतने और शांति व कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने की अपील करती है. सभी प्रदर्शनकारियों से अनुरोध है कि वे शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन करें. किसी भी गैर-कानूनी या हिंसक गतिविधि में शामिल न हों और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों द्वारा दिए गए कानूनी निर्देशों का पालन करें. जनता को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से अफवाहों, गलत जानकारी या अपुष्ट जानकारी पर विश्वास न करें और न ही उन्हें फैलाएं. नागरिकों से अनुरोध है कि वे जानकारी के विश्वसनीय स्रोतों पर ही भरोसा करें और शांति, सद्भाव व कानून-व्यवस्था बनाए रखने में दिल्ली पुलिस का सहयोग करें.'
दिल्ली पुलिस सभी प्रदर्शनकारियों से संयम बरतने और शांति व कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने की अपील करती है। सभी प्रदर्शनकारियों से अनुरोध है कि वे शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन करें । किसी भी गैर-कानूनी या हिंसक गतिविधि में शामिल न हों और ड्यूटी पर तैनात… pic.twitter.com/kfqh2gaTbI
— Delhi Police (@DelhiPolice) July 20, 2026
कॉकरोच जनता पार्टी ने केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा को जो ज्ञापन सौंपकर मांग की कि सोनम वांगचुक को अस्पताल से रिहा किया जाए और उनकी आवाजाही पर कोई रोक न हो. शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा या उन्हें पद से हटाया जाए. नीट 2026 पेपर लीक के बाद आत्महत्या करने वाले सभी अभ्यर्थियों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए. सीजेपी ने कहा, 'हम यह भी मांग करते हैं कि दिल्ली पुलिस शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग तुरंत बंद करे, क्योंकि हमारी मांगें जायज हैं और भारत के युवाओं की आकांक्षाओं के अनुरूप हैं.'

केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कॉकरोच जनता पार्टी के प्रतिनिधियों के साथ अपनी मुलाकात पर कहा, 'आज सुबह पहली बार प्रदर्शनकारियों की ओर से सरकार के साथ बातचीत करने का प्रस्ताव आया और सुबह 11:50 AM से ही हमारी बातचीत जारी है. सौहार्दपूर्ण वातावरण में मुलाकात हुई. उनके डेलीगेशन के साथ विस्तार से पहले मौखिक चर्चा हुई और उनके द्वारा लगभग 4 बजे मुझे लिखित याचिका दी गई. मैंने सभी प्रदर्शनकारियों से अनुरोध किया कि वे अपने धरने को समाप्त करें और सामान्य स्थिति बहाल करने में प्रशासन की मदद करें.'

सरकार स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और कॉकरोच जनता पार्टी के प्रतिनिधियों के बीच हुई बैठक पर कुछ देर में बयान जारी करेगी. साथ ही, सरकार के सूत्रों ने बताया कि जंतर-मंतर से प्रदर्शनकारियों को जबरदस्ती नहीं हटाया जाएगा. (इनपुट: पीयूष मिश्रा)
जंतर-मंतर का प्रदर्शन अब उग्र होता नजर आ रहा है. नपथ रोड के गोल चक्कर पर हजारों की संख्या में प्रदर्शनकारी हंगामा मचा रहे हैं. कुछ प्रदर्शनकारी पुलिस की गाड़ी पर हमला करते नजर आए, तो कहीं खून से लतपथ पुलिस के जवान. (इनपुट: अमरदीप कुमार)
कॉकरोच जनता पार्टी के प्रतिनिधियों ने कहा कि हमने अपना ज्ञापन भारत सरकार के स्वास्थ्य मंत्री जे.पी.नड्डा को दिया. उन्होंने हमारी बात को सहानुभूति पूर्वक सुना और पूरी वार्ता बहुत ही सौरहदपूर्ण माहौल में संपन्न हुई. हमें विश्वास है कि सरकार हमारी मांगों पर विचार करेगी. हम अपने स्थान पर वापस पहुंचकर सभी समर्थकों से अनुरोध करेंगे की वे शांति बनाए रखें. (इनपुट: हिमांशु मिश्रा)
कॉकरोच जनता पार्टी के प्रतिनिधियों सौरव दास और आशुतोष रांका ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात की और उन्हें अपनी मांगों की लिस्ट सौंपी.

दिल्ली पुलिस ने कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दिपके को हिरासत में लेने की खबर को अफवाह बताया है. दिल्ली पुलिस ने अपने X हैंडल से एक पोस्ट में कहा, 'सोशल मीडिया पर ऐसी भ्रामक खबरें फैल रही हैं कि दिल्ली पुलिस ने अभिजीत दिपके को हिरासत में ले लिया है. आधिकारिक तौर पर यह स्पष्ट किया जाता है कि ये आरोप पूरी तरह से गलत हैं और वे मंच पर मौजूद हैं.'
Some segments from media have mentioned sporadic use of violence/detentions at Jantar Mantar by Delhi Police.
— Delhi Police (@DelhiPolice) July 20, 2026
It is informed that no such incident has taken place and protest is being handled professionally. All are requested not to fall pray to any rumour/ misgivings, and, to…
दिल्ली पुलिस जंतर मंतर से प्रदर्शनकारियों को हटा रही है. इस बीच कनॉट प्लेस में स्थिति सामान्य हो गई है, लेकिन थोड़ी बहुत भीड़ अब भी है. प्रदर्शनकारियों को यहां से हटा दिया गया है. सेंट्रल दिल्ली में भारी ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई है. (इनपुट: अरविंद ओझा, आशुतोष मिश्रा)
सूत्रों के मुताबिक दिल्ली पुलिस कमिश्नर ने केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन से मुलाकात की. यह बैठक कर्तव्य भवन में हुई. बैठक में सूचना एवं संचार ब्यूरो (आईबी) प्रमुख भी उपस्थित थे. इन अधिकारियों के बीच कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन और पूरे हालत पर चर्चा हुई. (इनपुट: जितेंद्र बहादुर सिंह)
दिल्ली पुलिस अब संसद मार्ग पुलिस थाने और जंतर-मंतर के बीच सड़क से प्रदर्शनकारियों को हटाने में जुटी है. इस बीच बीजेपी सूत्रों के हवाले से खबर है कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने सीजेपी के प्रतिनिधिमंडल के साथ मुलाकात की. (इनपुट: हिमांशु मिश्रा, अरविंद ओझा)
दिल्ली पुलिस के अधिकारियों के मुताबिक संसद के प्रवेश द्वार के पास कोई भीड़ या अफरातफरी नहीं है. सुरक्षा के सामान्य इंतजाम हैं. रेल भवन के पास भी अब कोई हलचल नहीं है. कोई भीड़ नहीं है. कुछ प्रदर्शनकारी वहां थे, लेकिन अब वे चले गए हैं.
पार्लियामेंट स्ट्रीट के पास प्रदर्शनकारियों के साथ झड़प में कुछ पुलिसवाले जख्मी हो गए हैं. इनमें एक सब इंस्पेक्टर भी हैं. उन्होंने कहा, 'हम बैरिकेड्स के पास खड़े थे, उन्होंने (प्रदर्शनकारियों ने) पत्थर फेंके.'
CJP प्रवक्ता सौरव दास ने सोशल मीडिया पर दावा किया है कि अभिजीत दिपके को पुलिस ले गई है. उन्होंने लिखा, 'दिपके को पुलिस ने पकड़ लिया है! हम सभी MPs से रिक्वेस्ट करते हैं कि वो तुरंत सड़कों पर मौजूद स्टूडेंट्स के सपोर्ट में खड़े हों, पुलिस शांति से प्रोटेस्ट कर रहे लोगों पर बेरहमी से कार्रवाई कर रही है और उन्हें पीट रही है.'
प्रदर्शनकारियों का मार्च मध्य दिल्ली के कनॉट प्लेस तक पहुंच गया है. प्रदर्शनकारियों ने कनॉट प्लेस के आउटर सर्कल को पूरी तरह जाम कर दिया है और बसों को आगे बढ़ने से रोक दिया है, जिससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया है. इसके अलावा, जंतर-मंतर और जनपथ रोड के पास भी भारी भीड़ जुटी हुई है. मार्च को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने कई जगहों पर बैरिकेड्स लगा दिए हैं. इस हंगामे के कारण कनॉट प्लेस और उसके आसपास के रास्तों पर गाड़ियों की आवाजाही पर बहुत बुरा असर पड़ा है.
प्रदर्शनकारी अब नेशनल मीडिया सेंटर के बाहर इकट्ठा होकर जमकर नारेबाजी कर रहे हैं. रायसीना रोड पर अभी भी स्थिति साफ नहीं हुई है और वहां भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े गए हैं. इसके साथ ही, प्रदर्शनकारियों ने ली मेरिडियन होटल वाले गोलचक्कर को भी पूरी तरह जाम कर दिया है.
(इनपुट- शिवानी)
दिल्ली के पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल ने CJP प्रोटेस्टर्स पर लाठीचार्ज किए जाने का विरोध किया है. उन्होंने एक्स पर लिखा, 'हमारे बच्चों पर लाठी चार्ज कर रहे हैं, आंसू गैस के गोले छोड़े जा रहे हैं. ऐसा लगता है कि मोदी जी ने शिक्षा व्यवस्था और परीक्षा व्यवस्था ठीक करने की बजाय देश के युवाओं पर सीधे हमला बोल दिया है. युवा मोदी जी का अहंकार कतई बर्दाश्त नहीं करेंगे.'
TMC सांसद महुआ मोइत्रा ने CJP प्रोटेस्टर्स पर लाठीचार्ज का वीडियो शेयर करते हुए इसकी निंदा की है. उन्होंने एक्स पर लिखा, 'मैं आज सुबह लोकसभा से पहले जंतर-मंतर गई थी. इसके तुरंत बाद पूरा इंटरनेट बंद हो गया और क्रूरता शुरू हो गई. कोई भी सरकार जो बिना हिंसा वाले स्टूडेंट प्रोटेस्टर पर बेरहमी से हमला करती है, वो अपने आखिरी पड़ाव पर होती है.'
प्रदर्शनकारी संसद के बेहद करीब रेल भवन तक पहुंच गए, जिससे सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर आ गईं. साउथ गेट समेत संसद की दो एंट्रियां एहतियातन बंद कर दी गई हैं. साथ ही, रेल भवन और ट्रांसपोर्ट भवन के पास टियर गैस और लगातार अनाउंसमेंट के जरिए प्रदर्शनकारियों को हटाया गया. विजय चौक, रायसीना रोड और संसद के आसपास CRPF, पैरामिलिट्री और संसद सुरक्षा बल की भारी तैनाती रही. संसद परिसर को सुरक्षा के लिहाज से किले में तब्दील कर दिया गया है. रिपोर्ट के मुताबिक, प्रदर्शनकारी मेट्रो स्टेशनों से बड़ी संख्या में निकलकर पैदल रेल भवन की ओर पहुंचे. आमतौर पर विरोध प्रदर्शन रायसीना रोड तक सीमित रहते हैं, लेकिन इस बार रेल भवन तक पहुंचना असाधारण माना जा रहा है. प्रदर्शनकारी संसद के मुख्य प्रवेश द्वार से कुछ सौ मीटर की दूरी तक पहुंच गए थे. पुलिस, एंटी-रायट टीम और CRPF को करीब डेढ़ घंटे तक प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए मशक्कत करनी पड़ी.
CJP के प्रदर्शनकारी विरोध जताते हुए विजय चौक तक पहुंच गए हैं, जहां उनकी पुलिस के साथ झड़प हुई है. इस हंगामे के बीच संसद भवन की सुरक्षा को और बढ़ा दिया गया है. सुरक्षा अधिकारियों ने संसद के एंट्री गेट्स पर मोर्चा संभाल लिया है और सुरक्षा कारणों से संसद भवन के गेट बंद कर दिए गए हैं. CJP के संसद मार्च के बीच दिल्ली पुलिस बदरपुर बॉर्डर पर चेकिंग भी कर रही है.
CJP के प्रदर्शनकारी रेल भवन पहुंच गए हैं. उन्हें रोकने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोलों का इस्तेमाल किया है.
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रतिनिधि जल्द ही केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात करेंगे. पार्टी के प्रवक्ता सौरव दास ने बताया है कि सरकार ने खुद बातचीत के लिए उनसे संपर्क किया है. सौरव दास ने एक्स पर लिखा, 'सुबह के 11:52 बजे हैं. आशुतोष रांका और मैं, कॉकरोच जनता पार्टी की तरफ से, जे.पी. नड्डा से मिलने जा रहे हैं. सरकार सुबह बातचीत के लिए आई थी. हमारी मांगें साफ हैं. युवा भारी संख्या में जमा हुए हैं.'
सोनम वांगचुक ने 20 जुलाई 2026 को सफदरजंग अस्पताल के डायरेक्टर को एक पत्र लिखा है. अपने पत्र में साफ तौर पर कहा है, 'ये बताने के लिए है कि आज मैं बहुत अच्छा महसूस कर रहा हूं और मेरे हेल्थ पैरामीटर्स भी बिल्कुल सामान्य दिख रहे हैं. इसलिए मैं आपसे अनुरोध करता हूं कि कृपया मुझे अस्पताल से जाने की अनुमति दें, भले ही अस्थायी रूप से, ताकि मैं आज सुबह होने वाले संसद मार्च - संसद चलो में शामिल हो सकूं. मैं आपका बहुत आभारी रहूंगा'. उन्होंने पत्र शेयर करते हुए लिखा, 'सोनम वांगचुक आप सभी से मिलने की पूरी कोशिश कर रहे हैं. उन्होंने अभी-अभी अस्पताल प्रशासन को एक पत्र सौंपा है, क्योंकि उनकी तबीयत ठीक है और प्रशासन का भी ये दावा है कि वे किसी हिरासत में नहीं हैं। ऐसे में यह सवाल उठाया गया है कि जब वे हिरासत में नहीं हैं, तो उन पर पाबंदियां क्यों लगाई जा रही हैं?'
जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन को आम आदमी पार्टी के कई नेताओं का समर्थन मिल रहा है. बैरिकेडिंग के बावजूद आतिशी, मनीष सिसोदिया और संजय सिंह कूदकर प्रदर्शनकारियों का साथ देने पहुंचे.
लद्दाख के कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि अंगमो की याचिका पर दिल्ली हाई कोर्ट आज दोपहर 2:30 बजे सुनवाई करने के लिए तैयार हो गया है. गीतांजलि अंगमो ने दिल्ली हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय और जस्टिस तेजस कारिया की डिवीजन बेंच के सामने यह याचिका दायर की है. उन्होंने अपनी याचिका में सिंगल बेंच के कल के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें जस्टिस मिमी पुष्करणा की सिंगल जज बेंच ने सोनम वांगचुक को सफदरजंग अस्पताल से हटाकर उनकी पसंद के किसी प्राइवेट अस्पताल में ट्रांसफर करने से साफ इनकार कर दिया था.
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास को डिप्टी कमिश्नर के दफ्तर ले जाया गया. इस दौरान उन्होंने कहा, 'हमारी (सरकार के साथ) बातचीत चल रही है.'
दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे कॉकक्रोच जनता पार्टी के संसद मार्च को देखते हुए दिल्ली के राजीव चौक और सेंट्रल सेक्रेटेरिएट समेत 5 मेट्रो स्टेशन के के एंट्री और एग्जिट गेट बंद कर दिए गए थे. लेकिन अब राजीव चौक और सेंट्रल सेक्रेटेरिएट मेट्रो स्टेशनों पर इंटरचेंज की सुविधा और गेट अब खुल गए हैं.
कॉकरोच जनता पार्टी के संसद मार्च से पहले जंतर-मंतर पर हंगामा हो गया है. पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज कर दिया है. वहीं, जंतर-मंतर पर आम आदमी पार्टी के कई नेता पहुंचने की कोशिश कर रहे थे, जिन्हें रोक दिया गया है.
सोनम वांगचुक अभी भी सफदरजंग अस्पताल में भर्ती हैं, जहां डॉक्टरों की टीम उनके स्वास्थ्य की पूरी देखभाल कर रही है. डॉक्टरों के मुताबिक, उनके शरीर के जरूरी संकेत (जैसे ब्लड प्रेशर, पल्स रेट और ऑक्सीजन लेवल) पूरी तरह स्थिर हैं, लेकिन लगातार उपवास के कारण उनके खून की जांच रिपोर्ट में कुछ उतार-चढ़ाव हैं, जिसके लिए लगातार चिकित्सकीय निगरानी की जरूरत है. सफदरजंग अस्पताल और एम्स (AIIMS), नई दिल्ली के विशेषज्ञों की एक संयुक्त टीम चौबीसों घंटे उनके स्वास्थ्य पर नजर रख रही है, ताकि कमजोरी की वजह से शरीर में होने वाली किसी भी संभावित समस्या का समय पर इलाज किया जा सके.
जंतर-मंतर पर पिछले 23 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे AISA के तीन छात्रों ने अपना आमरण अनशन खत्म कर दिया है.
शबाना आजमी, प्रकाश राज, सांसद मनोज झा, राजाराम सिंह, अमरा राम के साथ-साथ डॉ. योगेंद्र यादव, वकील प्रशांत भूषण और प्रोफेसर अतुल सूद के नेतृत्व वाले प्रतिनिधिमंडल की अपील पर नेहा, मनीष और आमीन ने अपनी भूख हड़ताल खत्म की.

सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि ने दोबारा दिल्ली हाईकोर्ट का रुख किया है. उन्होंने कल के HC के आदेश के खिलाफ दो जजों की बेंच के सामने अपील की. याचिका में कहा गया है कि HC के आदेश में डॉक्टर चुनने के उनके अधिकार पर विचार नहीं किया गया. गीतांजलि ने दिल्ली हाई कोर्ट की डिवीजन बेंच में सिंगल जज के उस फैसले के खिलाफ अपील की है, जिसमें वांगचुक को सफदरजंग हॉस्पिटल से उनकी पसंद के प्राइवेट हॉस्पिटल में शिफ्ट करने से मना कर दिया गया था. सीनियर वकील आज मामले को अर्जेंट लिस्टिंग के लिए मेंशन करेंगे.
कॉकरोच जनता पार्टी के चीफ स्पोक्सपर्सन सौरव दास ने कहा, 'एडमिनिस्ट्रेशन सरकार से बातचीत शुरू करने की कोशिश कर रहा है. वो बहुत देर से आए हैं, लेकिन हमने दिल खोलकर कहा है कि हम उनसे बात करने को तैयार हैं. अभी तक उनकी तरफ से कोई क्लैरिटी नहीं आई है. गेंद उनके पाले में है. सोनम जी, अभी तक वो स्टेबल हैं, और वो अपनी भूख हड़ताल जारी रखे हुए हैं. उन्होंने इस देश के युवा प्रोटेस्ट करने वालों को अपनी शुभकामनाएं भेजी हैं जो आखिरकार इस बहुत मुश्किल, बहुत मरे हुए सिस्टम से जाग गए हैं जो उनकी बिल्कुल नहीं सुनता. बहुत जल्द एक शांतिपूर्ण मार्च होगा. शांतिपूर्ण प्रोटेस्ट करने वाले पिछले 30 दिनों से यहां जमा हैं, और हमने दिखाया है कि शांतिपूर्ण प्रोटेस्ट कैसे किया जाता है और अपनी बातें कैसे रखी जाती हैं.'
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अध्यक्ष अभिजीत दिपके ने मार्च शुरू करने से पहले जंतर-मंतर पर कहा, 'भारत के इतिहास का सबसे बड़ा मार्च होने जा रहा है. पिछले 10-12 सालों से इस देश में लोकतंत्र को खत्म करने की कोशिशें की जा रही हैं. जंतर-मंतर पर एक महीने तक बैठकर आप लोगों ने लोकतंत्र को फिर से जिंदा किया है. देश भर से लोग आ रहे हैं. जब मैं अमेरिका में था, तो लोग मुझसे कहते थे कि कोई भी सड़कों पर नहीं उतरेगा कि ये सिर्फ सोशल मीडिया पर एक ट्रेंड बनकर रह जाएगा. आज जंतर-मंतर की ओर जाने वाली चारों सड़कों को देखिए; वो पूरी तरह से भरी हुई हैं... संसद जाने से हमें कोई नहीं रोक सकता.'
सोमवार को संसद तक मार्च की तैयारियों के तेज होने के साथ ही जंतर-मंतर पर CJP के विरोध स्थल पर दिन भर भीड़ उमड़ती रही. CJP के प्रवक्ता सौरव दास ने दावा किया कि तय भीड़ से पहले ही लगभग 20,000 लोग जंतर-मंतर पर और उसके आसपास थे. रविवार को एक्स पर एक पोस्ट में, दास ने कहा, '20,000 लोग जंतर-मंतर पर और उसके आसपास हैं. और अभी 20 जुलाई भी नहीं हुई है. धर्मेंद्र प्रधान- आपके हिसाब का दिन आ गया है.'
दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे कॉकक्रोच जनता पार्टी के संसद मार्च को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. इसी के तहत दिल्ली के केंद्रीय सचिवालय मेट्रो स्टेशन के एंट्री और एग्जिट गेट को फिलहाल बंद कर दिया गया है. सोशल मीडिया और समाचारों में सेंट्रल सेक्रेटेरियट मेट्रो स्टेशन से इसके विजुअल्स (तस्वीरें और वीडियो) भी सामने आ रहे हैं, जहां सुरक्षा बल तैनात हैं और यात्रियों की आवाजाही को रोका गया है.
सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि अंगमो ने पति की भूख हड़ताल खत्म करने को लेकर बड़ा ऐलान किया है. उन्होंने कहा कि अगर राजनीतिक नेता सफदरजंग अस्पताल में उनसे मिलते हैं और उन्हें भरोसा दिलाते हैं कि संसद के मानसून सत्र में शिक्षा की जवाबदेही का मुद्दा उठाया जाएगा, तो वांगचुक सोमवार को अपनी भूख हड़ताल खत्म कर देंगे.
एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा, मैं 20 जुलाई को अपना अनशन खत्म कर दूंगा अगर:
a. अगर सरकार एजुकेशन सिस्टम में हाल की नाकामियों, पेपर लीक वगैरह की ज़िम्मेदारी ले या
b. अगर मैं और CJP की लीडरशिप पार्लियामेंट के दरवाज़े पर पहुँचें जहाँ MP और अलग-अलग पार्टियों के नेता हमें भरोसा दिलाएँ कि वे अब इस मुद्दे को पार्लियामेंट में उठाएँगे या
c. अगर मेरी सेहत या दूसरी वजहें इसकी इजाज़त नहीं देतीं तो अलग-अलग पार्टियों के MP और नेता इस हॉस्पिटल में आकर ऊपर बताया गया भरोसा दें
सफदरजंग हॉस्पिटल में गैर-कानूनी हिरासत से सोनम वांगचुक, जहां मेरे आने-जाने, बोलने और बातचीत करने की आजादी पर रोक है.
सोशल एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन में भूख हड़ताल पर बैठे थे. शनिवार को पुलिस प्रशासन ने उन्हें धरना स्थल से हटाकर सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया. हालांकि, अस्पताल के बिस्तर से भी वांगचुक ने अपना उपवास नहीं तोड़ा. उन्होंने समर्थकों को एक संदेश जारी करते 20 जुलाई के इस 'चलो संसद' मार्च में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील भी की.
देश की कई जानी-मानी हस्तियों ने CJP के प्रोटेस्ट में भूख हड़ताल पर बैठे प्रदर्शनकारियों से अपना अनशन तुरंत खत्म करने की अपील की है. इन दिग्गजों में प्रसिद्ध लेखिका अरुंधति रॉय, अभिनेता नसीरुद्दीन शाह, अभिनेत्री रत्ना पाठक शाह और अर्थशास्त्री जयती घोष शामिल हैं. इन सभी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग का पूरा समर्थन किया है. हालांकि, उन्होंने आंदोलनकारियों की बिगड़ती सेहत पर गहरी चिंता भी जताई है.
विजय चौक, प्रधानमंत्री आवास, गृहमंत्री आवास, सेवा तीर्थ, सेल्फी पॉइंट, ट्रांसपोर्ट भवन-संसद मार्ग, राष्ट्रपति भवन, इंडिया गेट और इसके आस-पास के वीवीआईपी इलाकों में किसी भी तरह के प्रदर्शन या भीड़ को रोकने के लिए खीस इंतजाम किए गए हैं. इन इलाकों में किसी भी तरह का जमावड़ा बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
नई दिल्ली के तमाम मेट्रो स्टेशनों से आने-जाने वाले लोगों पर कड़ी नजर रखी जा रही है. सुरक्षा कारणों से जरूरत पड़ने पर कुछ मेट्रो स्टेशनों को बंद भी किया जा सकता है. इसके साथ ही आपात स्थिति से निपटने के लिए पास के अस्पतालों को भी अलर्ट पर रखा गया है. नई दिल्ली में आने वाले सभी रास्तों पर कड़ा पहरा है और गाड़ियों की जांच की जा रही है. कानून-व्यवस्था को देखते हुए बीजेपी मुख्यालय की सुरक्षा भी बढ़ा दी गई है.
सुरक्षा बलों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि असामाजिक तत्वों, लूटपाट, तोड़फोड़ या आगजनी की कोशिश होने पर पूरी सख्ती से निपटा जाए. इसके लिए पानी की बौछार करने वाली गाड़ियां और दूसरे सुरक्षा वाहन अलग-अलग संवेदनशील लोकेशंस पर तैनात कर दिए गए हैं.
दिल्ली पुलिस के स्टाफ के अलावा सेंट्रल आर्म्ड पुलिस फोर्स (CAPF) की 25 से ज्यादा बटालियनें सुरक्षा में लगाई गई हैं, जिनमें महिला स्टाफ भी शामिल है. पूरे नई दिल्ली क्षेत्र को सुरक्षा के लिहाज से 15 जोन में बांटा गया है. पुलिसकर्मी और सुरक्षा बल सुबह 4 बजे से ही पूरी तरह मुस्तैद हैं. स्पेशल सीपी, जॉइंट सीपी और DCP रैंक के सीनियर अधिकारियों को अलग-अलग इलाकों का सुपरविजन और सुरक्षा की जिम्मेदारी सौंपी गई है.
जंतर-मंतर पर कितनी भीड़ आ रही है, कितने लोग जा रहे हैं और कितने लोग प्रदर्शन स्थल पर रुक रहे हैं, इस पर पैनी नजर रखी जा रही है. इस मार्च को लेकर करीब 5 हजार से ज्यादा दिल्ली पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्स के जवान तैनात किए गए हैं.
सूत्रों से मिली एक्सक्लूसिव जानकारी के मुताबिक, कॉकक्रोच जनता पार्टी के इस मार्च को रोकने के लिए दिल्ली पुलिस ने एक बेहद सख्त और फुलप्रूफ एक्शन प्लान तैयार किया है. इंटेलिजेंस एजेंसियां और दिल्ली पुलिस की स्पेशल ब्रांच हर घंटे की पल-पल की रिपोर्ट सीनियर अधिकारियों के साथ साझा कर रही हैं.