scorecardresearch
 

MLC By Election: विधान परिषद की दोनों सीटों पर BJP की जीत लगभग तय! अखिलेश नहीं उतारेंगे कैंडिडेट

उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 2 सीटों पर 11 अगस्त को चुनाव होंगे. चर्चा है कि सपा मुखिया अखिलेश यादव इन सीटों पर कैंडिडेट नहीं उतारेंगे. दरअसल एक सीट पर जीत के लिए 200 वोटों की जरूरत है. इतने वोट सपा के पास नहीं हैं. ऐसे में माना जा रहा है कि दोनों सीटों पर बीजेपी की जीत लगभग तय है.

Advertisement
X
सीएम योगी आदित्यनाथ और सपा प्रमुख अखिलेश यादव
सीएम योगी आदित्यनाथ और सपा प्रमुख अखिलेश यादव
स्टोरी हाइलाइट्स
  • एक सीट जीतने के लिए 200 वोटों की जरूरत
  • 6 सीटों पर सदस्यों का मनोनयन राज्यपाल करेंगे

यूपी विधान परिषद में 8 सीटें खाली हैं. इनमें से 6 सीटों पर सदस्यों का मनोनयन राज्यपाल करेंगे. जबकि दो सीटों पर उपचुनाव होंगे. इन दोनों सीटों पर बीजेपी की जीत लगभग तय मानी जा रही है. क्योंकि समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव इन दोनों सीटों पर अपने कैंडिडेट नहीं उतारने पर विचार कर रहे हैं. हालांकि उन्होंने इसका ऐलान नहीं किया है. लेकिन सूत्रों के अनुसार वह जल्द ही इस फैसले का ऐलान कर सकते हैं. 

चर्चा है कि अखिलेश विधान परिषद की 2 सीटों पर प्रत्याशी नहीं उतारेंगे, क्योंकि सपा के पास इन सीटों को जीतने के लिए पर्याप्त वोट ही नहीं हैं. वहीं, बीजेपी के नेताओं के मुताबिक पार्टी के नेताओं के अलावा सपा से नाता तोड़ने वाले सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के मुखिया ओपी राजभर भी अपने बेटे अरविंद राजभर को विधान परिषद भेजने के प्रयास में लगे हुए हैं. जल्दी ही भाजपा का शीर्ष नेतृत्व विधान परिषद की इन दोनों सीटों के उम्मीदवारों की घोषणा करेगा. 

नामांकन प्रक्रिया शुरू, 11 अगस्त को होगी वोटिंग
 

राज्य विधान परिषद की जिन 2 सीटों पर उपचुनाव हो रहा है, इसमें एक सीट सपा नेता अहमद हसन के निधन और दूसरी सीट भाजपा के ठाकुर जयवीर सिंह के विधायक चुने जाने के बाद खाली हुई है. दोनों सीटों के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है. 11 अगस्त को वोटिंग होगी. एक सीट पर जीत के लिए 200 वोटों की जरूरत है. इतने वोट सपा के पास नहीं हैं.

Advertisement

ओपी राजभर अपने बेटे को विधान परिषद भेजे के प्रयास में 
 

विधान परिषद की इन सीटों पर उम्मीदवारी के लिए कई भाजपा नेताओं के नाम चर्चा में हैं. अधिकांश नाम प्रदेश और क्षेत्रीय पदाधिकारियों के हैं. इन 2 सीटों के लिए जो नाम चर्चा में हैं, उनमें भाजपा के प्रदेश महामंत्री अमरपाल मौर्य, प्रदेश उपाध्यक्ष संतोष सिंह, प्रदेश मंत्री डॉ. चंद्रमोहन सिंह, प्रदेश मंत्री देवेश कोरी, पश्चिम के क्षेत्रीय अध्यक्ष मोहित बेनीवाल, कानपुर के क्षेत्रीय अध्यक्ष मानवेंद्र सिंह, गोरखपुर के क्षेत्रीय अध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह का नाम शामिल है.

माना जा रहा है कि भाजपा एक सीट पूरब और दूसरी पश्चिम के खाते में रखते हुए ही उम्मीदवारों का चयन करेगी. इसके अलावा ओमप्रकाश राजभर भी अपने बेटे अरविंद राजभर को विधान परिषद भेजने के प्रयास में हैं. सुभासपा नेताओं के अनुसार भाजपा अपने कोटे से अरविंद राजभर को विधान परिषद भेज सकती है.

ये भी देखें

 

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement