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'सरकार नहीं सुन रही, अब जेल भरो आंदोलन...', रांची में प्रदर्शनकारी छात्रों की हुंकार

झारखंड में परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्रों का आंदोलन रविवार को भी जारी है. इस बीच प्रदर्शनकारी छात्र प्रेम नायक का कहना है कि मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के बजाय 'जेल भरो आंदोलन' बेहतर विचार रहेगा.

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JPSC-JSSC सुधार मंच ने 20 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने का ऐलान किया है. (Photo- ITG)
JPSC-JSSC सुधार मंच ने 20 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने का ऐलान किया है. (Photo- ITG)

झारखंड में JPSC-JSSC परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्रों का आंदोलन जारी है. इस बीच प्रदर्शनकारी छात्र प्रेम नायक ने 'जेल भरो आंदोलन' की बात कही है. 

प्रेम नायक ने कहा, 'आज विरोध प्रदर्शन का 23वां और भूख हड़ताल का 13वां दिन है. सरकार बिल्कुल भी गंभीर नहीं है. मुझे नहीं लगता कि मैं ज्यादा देर तक बच पाऊंगा. हालत गंभीर है. कल बुखार शुरू हुआ था. मुझे इलाज के लिए ले जाने की कोशिश की गई, लेकिन मैंने मना कर दिया.'

प्रेम नायक ने बताया कि वे देवेंद्र नाथ महतो को ले गए और उन्हें वापस नहीं आने दे रहे हैं. उनका मकसद आंदोलन को तोड़ना है. मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने को लेकर बातचीत चल रही है. अभी कुछ भी तय नहीं हुआ है.

यह भी पढ़ें: 'झंडा फहराने से पुलिस ने रोका, धक्का-मुक्की से सीने में लगी चोट', देवेंद्र महतो का बड़ा आरोप

उन्होंने कहा कि मेरी राय में, मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के बजाय 'जेल भरो आंदोलन' बेहतर रहेगा. सभी स्कूल और कॉलेज बंद करना भी एक बेहतरीन विचार है. ये दो ऐसे उपाय हैं जिन पर विचार किया जा सकता है.

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बता दें, JPSC-JSSC सुधार मंच ने 20 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने का ऐलान किया है. छात्र JSSC-CGL परीक्षा रद्द करने और CBI जांच की मांग कर रहे हैं. 

16 अगस्त को सभी जिलों में मुख्यमंत्री और राहुल गांधी का पुतला दहन करने का भी ऐलान किया गया है. पहली बार मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग भी उठाई जा रही है. JPSC-JSSC सुधार मंच ने बताया है कि 20 अगस्त को परीक्षा में कथित अनियमितताओं के विरोध में मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया जाएगा.

वहीं, शनिवार (15 अगस्त) को छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा था कि जयपाल सिंह स्टेडियम में झंडा फहराने जाते समय पुलिस की ओर रोके जाने और धक्का-मुक्की के दौरान उनके सीने में चोट लगी.

देवेंद्र नाथ महतो ने कहा था आंदोलन स्थल जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में आयोजित ध्वजारोहण और तिरंगा यात्रा में शामिल होने की इच्छा जाहिर करने के बाद अस्पताल में मेरे कमरे के बाहर पुलिस बल तैनात कर दिया गया. 

देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि आखिर क्या यही आजादी है, क्या हम अपने ही देश में तिरंगा फहराने और तिरंगा यात्रा में शामिल होने के लिए स्वतंत्र नहीं हैं.

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