दिल्ली में सत्तारूढ़ (आप) ने गुरुवार शाम को कहा कि वरिष्ठ नेता प्रशांत भूषण और योगेंद्र यादव ने राष्ट्रीय कार्यकारिणी से इस्तीफा दे दिया है, जबकि दोनों नेताओं ने इस बात का खंडन किया है. घोषणा करते हुए पार्टी प्रवक्ता आशीष खेतान ने कहा कि दोनों नेता अरविंद केजरीवाल को पार्टी के संयोजक पद से हटाने की मांग पर दृढ़ दिखे.
उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि वे निजी तौर पर कुछ, तो सार्वजनिक तौर पर कुछ और बोलते हैं.
आप के संस्थापक सदस्य प्रशांत भूषण और योगेंद्र यादव ने तत्काल इस पर प्रतिक्रिया देते हुए इस्तीफे की बात का खंडन किया. यादव ने केजरीवाल से इस्तीफा पत्र पेश करने के लिए कहा.
उन्होंने कहा कि यह हास्यास्पद बात है कि वह और भूषण केजरीवाल को राष्ट्रीय संयोजक पद से हटाने की मांग कर रहे हैं.
यादव ने कहा, 'मैंने एक हास्यास्पद खबर सुनी है कि राजनीतिक मामलों की समिति (पीएसी) ने हमारा इस्तीफा मंजूर कर लिया. मेरे साथी क्या मेरे इस्तीफा पत्र को पेश करेंगे?'
दिल्ली में पिछले महीने सत्तासीन होने के बाद आम आदमी पार्टी के अंदर घमासान मचा है. केजरीवाल समर्थकों ने भूषण और यादव पर आरोप लगाया है कि वे मुख्यमंत्री को पद से हटाने का प्रयास कर रहे हैं. दोनों नेताओं ने हालांकि इसका खंडन किया है.
दोनों नेताओं ने 17 मार्च को दिया था इस्तीफाः केजरीवाल
बैठक के बाद पार्टी नेता कुमार विश्वास ने कहा कि प्रशांत और योगेन्द्र यादव की सब शर्तें मंजूर, लेकिन को हटाने की उनकी जिद पर राष्ट्रीय कार्यकारिणी ही फैसला ले सकती है. कुमार विश्वास ने इसे दुखद लेकिन सत्य बताया है.
वहीं पार्टी नेता आशुतोष ने भी ट्वीट कर कहा है कि बातचीत फेल हो गई है. केजरीवाल को संयोजक के पद से हटाने का प्रशांत और योगेद्र का हठ जारी रहा.प्रशान्त-योगेन्द्र जी की सब शर्तें मंज़ूर लेकिन को हटाने की उनकी ज़िद पर तो फ़ैसला NC ही ले सकती है.दुख:द लेकिन सत्य
— Dr Kumar Vishvas (@DrKumarVishwas)
दूसरी ओर केजरीवाल गुट ने कहा है कि योगेन्द्र यादव और प्रशांत भूषण की सारी शर्तें मान ली गई हैं, लेकिन अरविंद केजरीवाल को राष्ट्रीय संयोजक के पद से हटाने को लेकर वे तैयार नहीं है.I hear funny news about the PAC accepting our resignation. Will my colleagues please produce a copy of the resignation letter?
— Yogendra Yadav (@AapYogendra)
Despite accepting all their demands they are insisting to remove AK. In public they say AK is the leader, in pvt they insist on his removal.
— Manish Sisodia (@msisodia)
इसके बाद ये तय हो गया है कि आम आदमी पार्टी की 28 तारीख को होने वाली राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में अब दो मसलों पर प्रमुखता से चर्चा होगी, क्या केजरीवाल राष्ट्रीय संयोजक पद से हटाए जाएंगे या योगेन्द्र और प्रशांत भूषण को राष्ट्रीय कार्यकारिणी से बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा.No effort to remove Arvind Kejriwal is accepted to me. Let the NC decide on 28 March now.
— Manish Sisodia (@msisodia)