दिल्ली की केजरीवाल सरकार ने प्रस्ताव पास किया है जिसके तहत राजधानी में अब सड़क दुर्घटना में घायल होने वाले पीड़ितों का इलाज नजदीक के निजी अस्पतालों में मुफ्त में किया जा सकेगा, जिसका खर्च दिल्ली सरकार वहन करेगी.
मंगलवार को हुई केजरीवाल कैबिनेट की बैठक में पास हुए प्रस्ताव के मुताबिक राजधानी के किसी भी इलाके में सड़क दुर्घटना के साथ-साथ आगजनी और एसिड अटैक से घायल होने वाले पीड़ितों का इलाज भी नजदीक के निजी अस्पतालों में कराया जा सकेगा और ये खर्च भी दिल्ली सरकार उठाएगी.
दिल्ली के ने कहा है कि राजधानी में हर साल लगभग 8000 ऐसी दुर्घटनाएं होती हैं और कई बार सड़क पर दुर्घटनाओं की स्थिति में लोग सरकारी अस्पताल की ओर जाने की कोशिश करते हैं और इसी लेटलतीफी के कारण कई बार दुर्घटनाओं से मौत भी हो जाती है.
दिल्ली सरकार ने इस योजना के लिए राजधानी के 350 से ज्यादा निजी अस्पतालों को पैनल में शामिल किया है. स्वास्थ मंत्री सत्येंद्र जैन के मुताबिक इस योजना को कैबिनेट से पास करके उप-राज्यपाल के पास मंजूरी के लिए भेजा गया है और जैसे ही मंजूरी मिलती है योजना तुरंत अमल में लाई जाएगी. इतना ही नहीं उन लोगों को भी ₹2000 का इनाम देगी जो सड़क हादसे में घायल होने वाले या आग और एसिड अटैक जैसी घटनाओं में घायलों को अस्पताल ले जाने में मदद करेंगे.
इस योजना के तहत पूरा खर्च दिल्ली सरकार का स्वास्थ्य मंत्रालय वहन करेगा. राजधानी में सड़क दुर्घटनाओं, आगजनी और के बाद अक्सर पीड़ितों को समय पर सही इलाज नहीं मिल पाता. कई बार सड़क पर दुर्घटना में घायल लोगों की अनदेखी की तस्वीरें भी सामने आ चुकी है. इस योजना के बाद सरकार को उम्मीद है कि ज्यादा से ज्यादा घायलों को सही समय पर इलाज देकर उनकी जान बचाई जा सकेगी साथ ही इनाम देकर लोगों को दुर्घटना में घायल होने वाले लोगों की मदद करने के लिए प्रोत्साहन