scorecardresearch
 

फैक्ट चेक: इस विशालकाय ब्लू व्हेल की तस्वीर का क्या है सच?

व्हेल एक छोटी मछली के साथ पुल के नीचे समुद्र में तैरती दिख रही है. दावा किया जा रहा है कि इस विशालकाय व्हेल की तस्वीर हेलिकॉप्टर राइड के दौरान ली गई है.

Advertisement

आजतक फैक्ट चेक

दावा
हेलिकॉप्टर से ली गई ब्लू व्हेल की तस्वीर.
फेसबुक यूजर “Naijatwittersavage”
सच्चाई
वायरल तस्वीर एक आर्टिस्ट का डिजिटल आर्टवर्क है.

इन दिनों सोशल मीडिया पर एक विशालकाय व्हेल मछली की तस्वीर वायरल हो रही है. व्हेल एक छोटी मछली के साथ पुल के नीचे समुद्र में तैरती दिख रही है. दावा किया जा रहा है कि इस विशालकाय व्हेल की तस्वीर हेलिकॉप्टर राइड के दौरान ली गई है. गौरतलब है कि ब्लू व्हेल को विश्व का सबसे बड़ा जीव माना जाता है.

इंडिया टुडे के एंटी फेक न्यूज वॉर रूम (AFWA) ने पड़ताल में पाया कि वायरल हो रही तस्वीर तुर्की के एक डिजिटल आर्टिस्ट ने फोटो एडिटिंग सॉफ्टवेयर की मदद से तैयार की है.

पोस्ट का आर्काइव्ड वर्जन देखा जा सकता है.

फेसबुक पेज "" ने यह तस्वीर पोस्ट की जिसे खबर लिखे जाने तक 500 से ज्यादा लोग शेयर कर चुके थे. फोटो के ऊपर लिखा गया है: "हेलिकॉप्टर राइड के दौरान कैमरे में कैद होने वाली सबसे बड़ी ब्लू व्हेल में से एक. हम इंसान खुशनसीब हैं कि ये जीव अपने काम से काम रखते हैं..."

Advertisement

वायरल तस्वीर की सच्चाई जानने के लिए जब हमने इसे रिवर्स सर्च किया तो पाया कि यह तस्वीर फोटो एडिटिंग सॉफ्टवेयर की मदद से तैयार की गई है.

इस्तांबुल, तुर्की के डिजिटल आर्टिस्ट उमुट रिकबर (Umut Recber ) ने यह तस्वीर अडोबी के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म (Behance) और अपने पर 26 जुलाई को साझा की थी. इस आर्टवर्क को उन्होंने "मदर" नाम दिया है.

रिकबर के बेहैंस अकाउंट के अनुसार वे साल 2014 से ही फोटोग्राफिक मैनिपुलेशन आर्ट और ग्राफिक डिजाइन पर काम कर रहे हैं. उनके इंस्टा और बेहैंस अकाउंट पर उनके काम के कई नमूने देखे जा सकते हैं.

इतना ही नहीं इस तस्वीर को रिकबर ने किस तरह तैयार किया है उसका एक छोटा सा वीडियो भी उन्होंने अपने अकाउंट पर साझा किया है.

View this post on Instagram

A post shared by (@umutrecberart) on

रिकबर ने ब्रिज की तस्वीर Unsplash.com के से ली है, वहीं व्हेल की तस्वीर Pixabay.com से ली है. हालांकि यह कौनसा पुल है, यह बता पाना थोड़ा मुश्किल है. यह तस्वीर कुछ महीनों पहले भी वायरल हुई थी, तब फैक्ट चैकर ने इसका सच सामने रखा था.

क्या आपको लगता है कोई मैसैज झूठा ?
सच जानने के लिए उसे हमारे नंबर 73 7000 7000 पर भेजें.
आप हमें factcheck@intoday.com पर ईमेल भी कर सकते हैं
Advertisement
Advertisement