कभी शेयर बाजार में डिफेंस शेयरों की धूम मची हुई थी, लेकिन अब इन शेयरों में लगातार गिरावट आई है. आलम ये है कि दोनों चर्चित डिफेंस शेयर हर दिन 52 सप्ताह के निचले स्तर पर कारोबार कर रहे हैं. हम बात कर रहे हैं मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स और गॉर्डेन रीच शिपबिल्डर्स शेयरों के बारे में...
अब इन शेयरों को लेकर गोल्डमैन सैक्स ने भी बेचने की सलाह दे दी है. उनका कहना है कि यह शेयर और भी नीचे आ सकते हैं. इस अपडेट के बाद गुरुवार को इन शेयरों में 8 फीसदी तक की गिरावट देखने को मिली.
Goldman Sachs ने गॉर्डेन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियरिंग (GRSE) के शेयर पर टारगेट 1,515 रुपये को दिया है, जो मौजूदा लेवल से 25 फीसदी की गिरावट है. वहीं Mazagon Dock Shipbuilders के शेयर पर गोल्डमैन सैक्स ने 1,855 रुपये का टारगेट दिया है. यह मौजूदा कीमत से 7.13 फीसदी की गिरावट है.
GRSE के शेयर 7.63 प्रतिशत गिरकर 1,868.15 रुपये पर आ गए. वहीं, मझगांव डॉक के शेयर 6.69 प्रतिशत गिरकर 1,863.75 रुपये पर आ गए. हालांकि, बाद में दोनों शेयरों में कुछ सुधार हुआ और दोनों में लगभग 4 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई.
इससे पहले 7 अक्टूबर को, DAM कैपिटल ने एक नोट में कहा था कि डिफेंस सेक्टर के हाई प्रॉफिट वाले ऑर्डर बुक के एक महत्वपूर्ण हिस्से के कारण शिपयार्ड वित्त वर्ष 2027 में राजस्व वृद्धि और मार्जिन में उच्चतम स्तर देख सकते हैं. इसमें यह भी कहा गया कि वित्त वर्ष 2028 में मार्जिन सामान्य हो सकता है, क्योंकि कम मार्जिन वाले कॉन्ट्रैक्ट घट जाएंगे.
गोल्डमैन सैक्स ने कहा कि प्रमुख रक्षा जहाज निर्माण कार्यक्रमों की मंजूरी और अनुबंध में देरी निकट भविष्य में एक बाधा बनी हुई है, जिससे एमडीएल, जीआरएसई, कोचीन शिपयार्ड और अन्य कंपनियों के लिए ऑर्डर मिलने की संभावना प्रभावित हो रही है.
हालांकि, इसमें कहा गया है, शिपयार्ड शेयरों में हाल ही में आई गिरावट के साथ, वैल्यूएशन अधिक उचित हो गए हैं, जिससे रिस्क् प्रॉफिट रेशियो में सुधार हुआ है. हमारा मानना है कि निवेशकों को क्वॉलिटी शेयरों में निवेश करना शुरू कर देना चाहिए.
(नोट- किसी भी शेयर में निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की मदद जरूर लें.)