Uttar Pradesh News: महोबा जिले के छिकहरा गांव में अंतिम संस्कार के लिए जमीन न मिलने से नाराज परिजनों और ग्रामीणों ने मुख्य सड़क पर महिला का शव रखकर चिता सजा दी. 50 वर्षीय तारा देवी की बीमारी से मौत के बाद उनके गरीब पति दीना अहिरवार 8 घंटे तक अधिकारियों और प्रधान के चक्कर काटते रहे. सुनवाई न होने पर आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क पर लकड़ी और कंडे लगाकर अंतिम संस्कार की रस्में शुरू कर दीं. सूचना मिलते ही सदर तहसीलदार दिवाकर मिश्रा और पुलिस बल मौके पर पहुंचे. भारी विरोध के बाद प्रशासन ने नई जमीन चिन्हित करवाई, जिसके बाद 4 घंटे से जारी हंगामा शांत हुआ.
जमीन के लिए 8 घंटे भटके परिजन
दीना अहिरवार की पत्नी तारा देवी की तड़के 3 बजे मौत हो गई थी. गरीब दीना के पास अपनी कोई जमीन नहीं थी. उन्होंने सुबह से ही गांव के प्रधान से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों तक गुहार लगाई, लेकिन 8 घंटे तक किसी ने उनकी सुध नहीं ली.
सड़क पर सजा दी लकड़ी और कंडे की चिता
प्रशासनिक बेरुखी से तंग आकर ग्रामीणों ने गांव की मुख्य सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया. जगह न मिलने के विरोध में परिजनों ने सड़क पर ही लकड़ी और कंडे लगाकर चिता सजा ली और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया शुरू कर दी, जिससे प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया.
पुरानी जगह पर बना स्टेडियम, नई जगह भरा था पानी
ग्रामीणों के अनुसार जिस जगह पहले अंतिम संस्कार होता था, वहां ग्राम सभा ने स्टेडियम बना दिया. इसके बाद प्राइमरी स्कूल के पास मिली जगह पर जलभराव रहता है. मौके पर पहुंचे तहसीलदार ने तुरंत ग्राम समाज की नई जमीन आवंटित कर स्थाई मोक्षधाम बनाने का आश्वासन दिया.
नाहिद अंसारी