Uttar Pradesh News: भदोही जिले के कोइरौना थाने में तैनात दारोगा प्रमोद यादव ने सोनइचा मेले में आयोजित दंगल के दौरान अखाड़े में उतरकर एक पहलवान के ओपन चैलेंज को एक्सेप्ट किया. रविवार को मुख्यमंत्री के आगमन की ड्यूटी से लौटते समय उन्होंने अखाड़े में पहलवान को पटखनी देकर कुश्ती जीती. गाजीपुर जिले के बहादुरगंज निवासी दारोगा प्रमोद यादव अंतरराष्ट्रीय कुश्ती खिलाड़ी हैं और खेल कोटे से साढ़े सत्रह वर्ष की उम्र में यूपी पुलिस में भर्ती हुए थे. वायरल वीडियो की पड़ताल में सच साबित हुए इस वाकये में प्रमोद यादव ने अपने कुश्ती कौशल से पहलवान के चारों खाने चित्त कर दिए.
ड्यूटी से लौटते वक्त अखाड़े में उतरे दारोगा
दारोगा प्रमोद यादव के मुताबिक, वे रविवार को मुख्यमंत्री के कार्यक्रम की ड्यूटी करके वापस लौट रहे थे. इसी दौरान उनके थाना क्षेत्र के सोनइचा में लगे मेले के दंगल में एक पहलवान सभी को लड़ने की चुनौती दे रहा था. पहलवान का यह चैलेंज देखकर दारोगा प्रमोद यादव खुद अखाड़े में उतर गए और उसे हराकर पटखनी दी.
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लहरा चुके हैं परचम
प्रमोद यादव यूपी पुलिस की तरफ से खेलते हुए लगातार 16 वर्षों तक स्वर्ण पदक जीत चुके हैं. वे ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न में आयोजित वर्ल्ड पुलिस कुश्ती चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल जीत चुके हैं. इसके अलावा सब जूनियर टीम में लाहौर जाकर मुकाबले लड़े और नेशनल चैंपियनशिप में भी मेडल जीते. वर्ष 2010 के कॉमनवेल्थ गेम्स में चयन के बावजूद टॉस के कारण वे भाग नहीं ले सके थे.
गोरखपुर केसरी से भी हो चुके हैं सम्मानित
गोरखपुर में आठ साल तक कार्यरत रहे दारोगा प्रमोद यादव को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा 'गोरखपुर केसरी' के सम्मान से नवाजा जा चुका है. हाल ही में जोनल पुलिस कुश्ती चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने पर भदोही के तत्कालीन एसपी अभिमन्यु मांगलिक ने भी उन्हें सम्मानित किया था.
महेश जायसवाल