टीम इंडिया के पूर्व कप्तान राहुल द्रविड़ को उनकी तकनीक और धैर्य के लिए जाना जाता है, लेकिन उनके छोटे बेटे अन्वय द्रविड़ ने अपने आक्रामक अंदाज से अलग पहचान बनानी शुरू कर दी है. वीनू मांकड़ ट्रॉफी में 17 वर्षीय अन्वय ने गुजरात के खिलाफ 100 गेंदों पर 151 रनों की तूफानी पारी खेली. उनकी इस शानदार बल्लेबाजी के दम पर कर्नाटक अंडर-19 टीम ने पांच विकेट से जीत दर्ज की और नॉकआउट में जगह पक्की कर ली.
16 अक्टूबर (शुक्रवार) को विजयनगरम के विज्जी स्टेडियम में आयोजित इस मुकाबले में गुजरात ने टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में चार विकेट पर 357 रन बनाए थे. VJD नियम के तहत कर्नाटक को 352 रनों का संशोधित लक्ष्य मिला. इतने बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए अन्वय ने दबाव को खुद पर हावी नहीं होने दिया और ध्रुव कृष्णन के साथ मिलकर मुकाबले की तस्वीर बदल दी.
ध्रुव ने भी जड़ा तूफानी शतक
अन्वय द्रविड़ और ध्रुव कृष्णन ने तीसरे विकेट के लिए 203 रन जोड़ दिए. अन्वय ने अपनी पारी में 20 चौके और तीन छक्के लगाए, जबकि ध्रुव ने 100 गेंदों पर 131 रन बनाकर उनका बखूबी साथ दिया. इस साझेदारी ने गुजरात के बड़े स्कोर को चुनौती देने के साथ कर्नाटक की जीत की राह खोल दी. दोनों बल्लेबाजों ने जरूरत के मुताबिक तेजी से रन बनाए और लक्ष्य का पीछा करते हुए टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया.
इससे पहले गुजरात की पारी में समीर भंडारी और यश पंजवानी ने शतक जड़कर कर्नाटक के गेंदबाजों को मुश्किल में डाल दिया था. समीर ने 88 गेंदों पर नाबाद 119 रन बनाए, जबकि यश ने सिर्फ 57 गेंदों में नाबाद 106 रन ठोक दिए. गुजरात का स्कोर 30.3 ओवर में चार विकेट पर 140 रन था. इसके बाद दोनों ने पांचवें विकेट के लिए महज 19 ओवर में 217 रनों की नाबाद साझेदारी की और टीम को 357 तक पहुंचाया. हालांकि, अन्वय और ध्रुव की शानदार बल्लेबाजी ने गुजरात की मेहनत पर पानी फेर दिया.
शानदार फॉर्म में चल रहे अन्वय
अन्वय द्रविड़ का वीनू मांकड़ ट्रॉफी के मौजूदा सीजन में यह दूसरा शतक है. इससे पहले उन्होंने चंडीगढ़ के खिलाफ 62 गेंदों पर 104 रन बनाए थे. उस मुकाबले में कर्नाटक ने 100 रनों से जीत हासिल की थी. दिल्ली के खिलाफ भी अन्वय ने महज 41 बॉल पर 85 रन बनाकर अपनी आक्रामक बल्लेबाजी का नमूना पेश किया था.
उस मैच में कर्नाटक ने चार विकेट पर 418 रन का विशाल स्कोर बनाया था. गुजरात के खिलाफ उनकी 151 रनों की पारी ने एक बार फिर साबित किया कि वह बड़े लक्ष्य का पीछा करने में भी अहम भूमिका निभा सकते हैं. कर्नाटक की कप्तानी करने के साथ अन्वय विकेटकीपिंग की जिम्मेदारी भी संभालते हैं. इतनी कम उम्र में मैदान पर कई जिम्मेदारियां निभाते हुए उनका लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन करना टीम के लिए अहम है.
अन्वय द्रविड़ भारत की अंडर-19 टीम के लिए भी खेल चुके हैं. जुलाई में श्रीलंका दौरे पर यूथ वनडे सीरीज के दूसरे मैच में उन्होंने 67 गेंदों पर 87 रन बनाए थे. इस दौरान उन्होंने नौ चौके के अलावा एक छक्का लगाया था. सितंबर में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ यूथ वनडे सीरीज के बारिश से प्रभावित पहले मुकाबले में उन्होंने सिर्फ 18 गेंदों पर 38 रन बनाए. इस पारी में तीन छक्के और दो चौके शामिल थे. भारत ने वह मैच सात रनों से जीता था.
आजतक स्पोर्ट्स डेस्क