त्योहारों का सीजन आते ही बाजार में मिठाइयों की मांग काफी बढ़ जाती है और इसी के साथ बाजार में मिलावटी मावा (खोया) बिकने का खतरा भी बढ़ जाता है. डिटर्जेंट, स्टार्च और सिंथेटिक तेलों से बना मिलावटी खोया न सिर्फ मिठाइयों का स्वाद बिगाड़ता है, बल्कि सेहत के लिए भी बेहद हानिकारक होता है.
अगर आप इस बार त्योहारों पर अपने परिवार को सेहतमंद और स्वादिष्ट मिठाइयां खिलाना चाहते हैं, तो बाजार से मावा खरीदने के बजाय 2 किलो फुल क्रीम दूध से घर पर ही 100% शुद्ध और मलाईदार खोया बनाएं. सही बर्तन और आंच के संतुलन के साथ बनाया गया यह होममेड मावा न सिर्फ बेहद सॉफ्ट और दानेदार बनता है, बल्कि इससे बनी मिठाइयों का स्वाद भी लाजवाब होता है. आइए जानते हैं इसे बनाने की सामग्री और सबसे आसान तरीका.
सामग्री (Ingredients)
फुल क्रीम दूध (भैंस का गाढ़ा दूध) - 2 लीटर
शुद्ध देसी घी - 1 छोटा चम्मच (कड़ाही ग्रीस करने के लिए)
बनाने का तरीका
सबसे पहले एक भारी तले वाली लोहे या एल्युमीनियम की चौड़ी कड़ाही लें. कड़ाही के पेंदे और किनारों पर 1 छोटा चम्मच देसी घी लगाकर ग्रीस कर लें (ऐसा करने से दूध तले में चिपकता नहीं है).
अब कड़ाही में 2 लीटर फुल क्रीम दूध डालें और तेज आंच पर एक बड़ा उबाल आने दें.
उबाल आने के बाद आंच को मध्यम से तेज रखें. एक भारी कछुल की मदद से कड़ाही के पेंदे को खुरचते हुए दूध को लगातार चलाते रहें ताकि दूध नीचे लगे नहीं.
जैसे-जैसे दूध उबलेगा, कड़ाही के किनारों पर मलाई जमने लगेगी. कछुल से इस मलाई को बार-बार खुरचकर वापस उबलते दूध में मिलाते जाएं.
लगभग 20 से 25 मिनट में 2 लीटर दूध घटकर आधा रह जाएगा और इसमें रबड़ी जैसा गाढ़ापन आने लगेगा. इस समय आंच को मध्यम रखें और हाथ न रोकें.
अगले 10-15 मिनट में दूध का सारा पानी सूख जाएगा और यह कड़ाही का तला छोड़ने लगेगा. जब यह मिश्रण एक डो (आटे) की तरह सिमटने लगे और कड़ाही में हल्का घी/चिकनाई दिखने लगे, तो समझें खोया तैयार है.
खोया तैयार होते ही गैस बंद कर दें, लेकिन कड़ाही गरम होने के कारण 1-2 मिनट तक कछुल से चलाते रहें. अब इसे किसी प्लेट या बाउल में निकाल लें.
ठंडा होने के बाद यह और भी गाढ़ा और दानेदार हो जाएगा. इस शुद्ध मावे से आप गुलाब जामुन, गुझिया, पेड़े या बर्फी आसानी से बना सकते हैं. इसे फ्रिज में 7-10 दिनों तक आराम से स्टोर किया जा सकता है.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क