पिता की मौत, पत्नी और बेटी ICU में... सुसाइड नोट में लिखी दर्दभरी कहानी, पुणे की फैमिली के साथ क्या हुआ?

आर्थिक तंगी इंसान से क्या-क्या छीन सकती है, पुणे से आई यह खबर उसी की कहानी है. पिंपरी के मोरवाड़ी इलाके में एक परिवार ने सामूहिक आत्महत्या की कोशिश की. इस घटना में 50 वर्षीय व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी और बेटी गंभीर है. पुलिस को एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें कई बातें दर्ज हैं.

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अस्पताल में पत्नी और बेटी का चल रहा इलाज. (Photo: Representational) अस्पताल में पत्नी और बेटी का चल रहा इलाज. (Photo: Representational)

ओमकार

  • पुणे,
  • 02 अगस्त 2026,
  • अपडेटेड 12:32 PM IST

ये दर्दनाक कहानी महाराष्ट्र के पुणे की है. आर्थिक तंगी से जूझ रहे एक परिवार ने सामूहिक आत्महत्या की कोशिश की. इसमें 50 साल के व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी और 19 साल की बेटी की हालत गंभीर है. पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें आर्थिक संकट का जिक्र किया गया है.

पुलिस के मुताबिक, यह घटना पुणे के पिंपरी इलाके के मोरवाड़ी स्थित करिश्मा ग्लोरी सोसाइटी की है. मृतक की पहचान 50 वर्षीय विनोद पिल्लई के रूप में हुई है. उनकी पत्नी 45 वर्षीय सिरजा पिल्लई और बेटी 19 साल की पूर्णिमा पिल्लई का इलाज वाईसीएम अस्पताल के आईसीयू में चल रहा है.

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घटना के बारे में पता तब चला, जब सिरजा पिल्लई अपने स्कूल नहीं पहुंचीं. वह मोरवाड़ी के एक प्रतिष्ठित इंगलिश मीडियम स्कूल में कोऑर्डिनेटर के पद पर हैं. सहकर्मियों ने उनसे कई बार संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला. इसके बाद परिवार के रिश्तेदारों को सूचना दी गई. एक रिश्तेदार जब फ्लैट पर पहुंचे तो तीनों अचेत पड़े मिले. सूचना मिलने पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और सभी को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने विनोद पिल्लई को मृत घोषित कर दिया.

सुसाइड नोट में क्या लिखा मिला?

पुलिस के अनुसार, मौके से मिले एक सुसाइड नोट में लिखा गया है कि परिवार लंबे समय से आर्थिक तंगी से जूझ रहा था. नोट में किसी को भी इस घटना के लिए जिम्मेदार न ठहराने की बात कही गई है. पुलिस फिलहाल नोट की जांच कर रही है.

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पुलिस ने परिवार के तीनों सदस्यों के मोबाइल फोन जब्त कर लिए हैं और उनकी जांच की जा रही है. शुरुआती तफ्तीश में यह भी पता चला है कि परिवार पिछले कुछ वर्षों से गंभीर आर्थिक संकट का सामना कर रहा था.

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विनोद पिल्लई पहले डॉन बॉस्को संस्थान में कार्यरत थे. परिवार का अपना फ्लैट भी था, लेकिन आर्थिक परेशानियों के कारण उन्हें करीब तीन साल पहले उसे बेचना पड़ा. इसके बाद से वे मोरवाड़ी में किराए के मकान में रह रहे थे. वहीं, उनकी बेटी पूर्णिमा कंप्यूटर साइंस की छात्रा थी और पत्नी सिरजा एक स्कूल में कार्यरत थीं. पुलिस मामले की सभी पहलुओं से जांच कर रही है।

संत तुकाराम नगर पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक सुहास अव्हाड ने बताया कि मामले की जांच जारी है. पुलिस सुसाइड नोट, डिजिटल सबूत और अन्य परिस्थितियों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की पड़ताल कर रही है.

नोट:- (अगर आपके या आपके किसी परिचित के मन में आता है खुदकुशी का ख्याल तो ये बेहद गंभीर मेडिकल इमरजेंसी है. तुरंत भारत सरकार की जीवनसाथी हेल्पलाइन 18002333330 पर संपर्क करें. आप टेलिमानस हेल्पलाइन नंबर 1800914416 पर भी कॉल कर सकते हैं. यहां आपकी पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी और विशेषज्ञ आपको इस स्थिति से उबरने के लिए जरूरी परामर्श देंगे. याद रखिए जान है तो जहान है.)

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