राजकोट का अनोखा गरबा! सिर पर आग लेकर नाचती हैं लड़कियां- VIDEO

गुजरात के राजकोट में नवरात्रि के दौरान बजरंग गरबी मंडल का अनोखा रास लोगों के आकर्षण का केंद्र बनता है. यहां बालिकाएं सिर पर आग से लिपटा गरबा रखकर और दोनों हाथों में मशाल लेकर मां दुर्गा की आराधना करती हैं. पिछले 19 वर्षों से चली आ रही इस परंपरा का आयोजन नवरात्रि के तीसरे, छठे और नौवें दिन होता है.

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सिर पर आग रखकर गरबा करती लड़कियां. (Photo: Screengrabs) सिर पर आग रखकर गरबा करती लड़कियां. (Photo: Screengrabs)

रौनक मजीठिया

  • राजकोट,
  • 14 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 2:29 PM IST

नवरात्रि में आपने गरबा और डांडिया के कई रंग देखे होंगे, लेकिन गुजरात के राजकोट में होने वाला यह रास देखकर किसी की भी सांसें थम सकती हैं. यहां बालिकाएं सिर पर आग से लिपटा गरबा रखकर और दोनों हाथों में जलती मशालें लेकर मां दुर्गा की आराधना करती हैं. इस दौरान आग की लपटों और उनके माथे के बीच महज एक कपड़ा होता है. यह अनोखा नजारा देखने के लिए हर साल हजारों लोग जुटते हैं.

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19 साल से निभाई जा रही परंपरा
राजकोट के बजरंग गरबी मंडल में जलते गरबा का यह रास पिछले 19 वर्षों से आयोजित किया जा रहा है. नवरात्रि के तीसरे, छठे और नौवें दिन होने वाले इस आयोजन में बालिकाएं पारंपरिक अंदाज में अपनी प्रस्तुति देती हैं. सिर पर आग से घिरा गरबा और हाथों में मशाल लेकर कदमताल करती इन बालिकाओं को देखकर दर्शक रोमांचित हो उठते हैं.

आयोजक धर्मेन्द्रसिंह झाला के मुताबिक, इस आयोजन के दौरान स्टेज पर फायर सेफ्टी की पूरी व्यवस्था की जाती है. उनका कहना है कि अब तक इस आयोजन में कोई दुर्घटना नहीं हुई है. आयोजक इसे माताजी की कृपा मानते हैं.

सिर्फ 6 बालिकाओं को मिलता है मौका
इस खास रास को प्रस्तुत करने का अवसर हर किसी को नहीं मिलता. इसमें केवल छह बालिकाएं हिस्सा लेती हैं. इसके लिए उन्हें कई दिनों तक विशेष अभ्यास कराया जाता है, ताकि प्रस्तुति के दौरान तालमेल बना रहे.

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गरबा कलाकार पीयू चावड़िया और काजल चाऊ का कहना है कि रास करते समय उन्हें डर महसूस नहीं होता. उन्हें ऐसा लगता है मानो साक्षात नवदुर्गा माताजी उनके साथ मंच पर मौजूद हों. कलाकारों के मुताबिक, इसी अनुभूति से उन्हें हिम्मत और शक्ति मिलती है.

आधुनिक गरबा आयोजनों के बीच राजकोट की यह प्राचीन परंपरा आज भी लोगों को अपनी ओर खींचती है. आस्था, परंपरा और साहस का यह संगम नवरात्रि के उत्सव को एक अलग पहचान देता है.

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