राघव अब तुमसे नहीं होगा..10 मिनट में हुआ काम तमाम, द पैराडाइज में एक्टर ने किया निराश

राघव जुयाल ने जो भौकाल लक्ष्य की 'किल' से पैदा किया था, वो नानी की 'द पैराडाइज' से ऐसा खत्म हुआ कि अब लगता है वो एक्टिंग से दूर ही रहें तो बेहतर है. फिल्म में उनका स्क्रीनटाइम जितना हाइप किया जा रहा था, जिस परफॉर्मेंस की बातें हो रही थीं, वो दूर-दूर तक कहीं नजर नहीं आया है. हाथ लगी तो सिर्फ निराशा.

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राघव को देख टूटा दिल (Photo: ITGD) राघव को देख टूटा दिल (Photo: ITGD)

पर्व जैन

  • नई दिल्ली,
  • 25 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 7:49 PM IST

राघव जुयाल टीवी इंडस्ट्री का जाना-माना नाम रहे हैं. डांस प्लस, डांस इंडिया डांस जैसे शोज से उन्होंने लोगों के दिलों में जगह बनाई. राघव के डांस का हर कोई दीवाना रहा. जब उन्होंने एक्टिंग में कदम रखने का फैसला किया, तब हर किसी ने उन्हें सपोर्ट किया. राघव ने 'बैड्स ऑफ बॉलीवुड' और 'किल' से साबित किया कि वो एक टैलेंटेड कलाकार हैं. लेकिन वो उम्मीद नानी की 'द पैराडाइज' से समाप्त हुई है.  

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तेलुगू स्टार नानी की फिल्म द पैराडाइज का बेसब्री से इंतजार के पीछे का एक कारण राघव जुयाल भी थे. उन्हें लेकर रिलीज से पहले जो बातें और तारीफों के पुल बांधे गए, उससे लोगों के बीच हाइप बढ़ी. ऐसा लगने लगा कि फिल्म में नानी वर्सेज राघव का बढ़िया क्लैश देखने मिलेगा. फिल्म के पोस्टर्स भी कुछ यही अंदेशा भी दे रहे थे. प्री-रिलीज इवेंट में तो नानी ने राघव की एक्टिंग की जमकर तारीफ की. मगर जब फिल्म रिलीज हुई, और उसमें राघव का काम देखा तो शॉक लगा. 

द पैराडाइज में राघव का 'अपसेट'

फिल्म में राघव मालिक के बेटे विक्राम का रोल निभा रहे हैं, जिसका जन्म नानी के किरदार जादल के साथ ही हुआ है. फर्क सिर्फ इतना है कि एक बस्ती में रहता है, तो दूसरा एक बड़ी हवेली का मालिक है. दोनों के बीच कट्टर दुश्मनी भी है. जिस तरह से राघव और नानी के किरदार को सेटअप किया गया था, वो थोड़ी बहुत दिलचस्पी बढ़ा रहा था. लेकिन तभी डायरेक्टर ने राघव के प्लॉट को खत्म करने का फैसला किया. 

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द पैराडाइज में राघव का स्क्रीनटाइम मुश्किल से 10-15 मिनट का है, जबकि उन्हें फिल्म के मेन-विलेन के रूप में सेटअप किया गया था. उनकी मौत भी बड़ी आसान दिखाई जाती है. राघव को अभी तक दमदार किरदार निभाते देखने के बाद, नानी की फिल्म में इतना कमजोर देखकर निराशा होती है. सिर्फ राघव का किरदार ही नहीं, बल्कि उनकी एक्टिंग देखकर भी मायूसी होती है.

एक प्रोफेशनल डांसर के रूप में अपनी पहचान बनाने के बाद, उन्होंने एक्टिंग में कुछ कर दिखाने की कोशिश की. मगर द पैराडाइज में इतनी कमजोर परफॉर्मेंस... सवाल उठते हैं कि क्या राघव को एक्टिंग से थोड़े समय का ब्रेक लेना चाहिए? आखिर क्यों उन्होंने ऐसे किरदार को करने के लिए हां की, जिसका मूवी में इम्पैक्ट ना के बराबर रहा. 

साउथ डेब्यू में फेल हुए राघव

ये फिल्म राघव जुयाल का साउथ सिनेमा डेब्यू थी. द पैराडाइज को हर तरफ से खराब रिव्यू मिलते नजर आ रहे हैं. इस वजह से उनकी भी आलोचना हो रही है. एक्टर के लिए ये फिल्म एक बड़ा सबक बनकर आई है कि सिर्फ लार्जन देन लाइफ एंट्री और मार-काट वाले सीन से आप यादगार नहीं बनते. अगर उनका किरदार और परफॉर्मेंस असरदार होती, तो लोग उनकी जमकर तारीफ करते भले ही फिल्म कैसी हो. 

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अब राघव जुयाल के पास खुद को साबित करने का एक आखिरी मौका शाहरुख खान की किंग में है. इसमें भी वो एक अहम किरदार निभाते नजर आने वाले हैं. ये फिल्म 24 दिसंबर को रिलीज होगी. देखना है कि राघव द पैराडाइज के बाद तगड़ा कमबैक कर पाएंगे या नहीं.

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