उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने शुक्रवार को प्रदेश की मतदाता सूची के स्पेशल समरी रिवीजन को लेकर मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की. उन्होंने बताया कि इस प्रक्रिया का मकसद सभी योग्य लोगों का नाम वोटर लिस्ट में जोड़ना और मतदाता सूची को अपडेट करके उसमें मौजूद गलतियों को ठीक करना है.
12 नवंबर को आएगी नई वोटर लिस्ट
इस काम के तहत 2 नवंबर 2026 तक मतदान केंद्रों से जुड़ा काम पूरा किया जाएगा. इसके बाद 12 नवंबर 2026 को वोटर लिस्ट की पहली सूची जारी होगी. अगर किसी को इसमें नाम जोड़ना, हटवाना या कोई गलती ठीक करानी है तो 12 नवंबर से 11 दिसंबर 2026 तक आवेदन कर सकते हैं. इन आवेदनों की जांच 28 दिसंबर तक पूरी की जाएगी. इसके बाद 4 जनवरी 2027 को अंतिम वोटर लिस्ट जारी होगी.
वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने के लिए फॉर्म-6, विदेश में रहने वाले भारतीयों के लिए फॉर्म-6ए, किसी नाम को हटाने या उस पर आपत्ति के लिए फॉर्म-7 और पता बदलने या वोटर कार्ड में सुधार के लिए फॉर्म-8 इस्तेमाल किया जा सकता है. ये फॉर्म बूथ लेवल अधिकारी को दिए जा सकते हैं. ऑनलाइन आवेदन Voter Service Portal या ECINET ऐप के जरिए भी किया जा सकता है.
18 साल के युवाओं का नाम भी जुड़ेगा
ऐसे युवा जिनकी उम्र 1 अक्टूबर 2026 तक 18 साल हो चुकी है या 1 जनवरी 2027 तक 18 साल पूरी हो जाएगी, वे वोटर लिस्ट में अपना नाम जुड़वा सकते हैं. इसके अलावा जिन युवाओं की उम्र 1 अप्रैल, 1 जुलाई या 1 अक्टूबर 2027 को 18 साल होगी, वे भी पहले से आवेदन कर सकते हैं.
मतदान केंद्रों पर 1,200 से ज्यादा वोटर नहीं
मतदान केंद्रों की व्यवस्था में भी बदलाव किया जाएगा. कोशिश होगी कि एक मतदान केंद्र पर आम तौर पर 1,200 से ज्यादा वोटर न हों. नए मतदान केंद्र बनाते समय और पुराने केंद्रों की जगह तय करते समय लोगों की सुविधा का ध्यान रखा जाएगा. एक परिवार के लोगों के नाम एक ही जगह रखने और मतदान केंद्र तक पहुंचने में परेशानी न हो, इसका भी ध्यान रखा जाएगा.
राजनीतिक दलों से मांगा सहयोग
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने राजनीतिक दलों से हर मतदान केंद्र पर अपना बूथ लेवल एजेंट नियुक्त करने को कहा है. दावा और आपत्ति के दौरान जमा होने वाले फॉर्म की सूची मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर भी जारी की जाएगी. राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट एक दिन में अधिकतम 10 फॉर्म-6, 7 या 8 जमा कर सकेंगे. अगर कोई एजेंट पूरे समय में 30 से ज्यादा फॉर्म जमा करता है तो उनकी दोबारा जांच की जाएगी.
फर्जी जानकारी देने पर होगी कार्रवाई
फॉर्म-7 में गलत जानकारी या झूठी घोषणा करने वाले व्यक्ति के खिलाफ नियम के अनुसार कार्रवाई की जाएगी. इसके लिए सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं. बैठक में समाजवादी पार्टी, अपना दल (एस), कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (एम), बहुजन समाज पार्टी, आम आदमी पार्टी, भारतीय जनता पार्टी और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी के प्रतिनिधि मौजूद रहे.
17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में SSR
चुनाव आयोग ने 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में वोटर लिस्ट के स्पेशल समरी रिवीजन (SSR) का कार्यक्रम जारी किया है. इसमें उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, मणिपुर और गोवा जैसे राज्य शामिल हैं. इन जगहों पर वोटर लिस्ट को अपडेट किया जाएगा, नए और खासकर पहली बार वोट देने वाले युवाओं के नाम जोड़े जाएंगे और वोटर लिस्ट में मौजूद गलतियों को ठीक किया जाएगा.
इस SSR के लिए 1 जनवरी 2027 को आधार तारीख माना जाएगा. इन राज्यों में अगले साल या उसके बाद विधानसभा चुनाव होने हैं. उत्तर प्रदेश विधानसभा का कार्यकाल 22 मई 2027 को खत्म होगा, जबकि मणिपुर, गोवा, पंजाब और उत्तराखंड की विधानसभाओं का कार्यकाल मार्च 2027 में अलग-अलग तारीखों पर खत्म होगा.
चुनाव आयोग के मुताबिक, जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 के तहत विधानसभा का कार्यकाल खत्म होने से छह महीने पहले तक चुनाव कराए जा सकते हैं.
समर्थ श्रीवास्तव