Nepal flash floods नेपाल में बाढ़ के बाद हुई भारी तबाही में अब तक 587 लोगों की जान जा चुकी है, जबकि 1900 से अधिक लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं. इस घटना के बाद 290 भारतीय नागरिकों से भी संपर्क नहीं हो पा रहा है और उनकी तलाश के प्रयास लगातार जारी हैं.
हाइड्रोपावर की टनल में 933 मजदूर फंसे हुए हैं. उन्हें बाहर निकालने के लिए नेपाल ने भारत से मदद मांगी है. भारत ने 10 टन राहत सामग्री के साथ एक और विमान काठमांडू भेजा है. वहीं, नेपाल ने रेस्क्यू किए गए विदेशी नागरिकों की सूची जारी की है.
इसी बीच, नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन्द्र शाह ने कहा है कि नेपाल द्वारा विदेशी सहयोग को अस्वीकार किए जाने का प्रचार भ्रामक है. शुक्रवार को फेसबुक पर स्टेटस के जरिए उन्होंने विदेशी सहयोग को लेकर स्थिति स्पष्ट की. उन्होंने लिखा, 'विदेशी सहयोग अस्वीकार किया गया है यह प्रचार भ्रामक है. भारत, चीन तथा अंतरराष्ट्रीय साझेदारों के साथ बचाव और राहत के लिए आवश्यक सहयोग एवं सामग्री के संबंध में लगातार समन्वय किया जा रहा है.'
प्रधानमंत्री शाह ने यह भी बताया कि बचाव कार्यों में हेलिकॉप्टरों की तैनाती के दौरान हवाई सुरक्षा, भौगोलिक पहुंच और वास्तविक आवश्यकता को ध्यान में रखा जा रहा है.
नेपाल में बाढ़ के बाद हालात बेहद खराब बने हुए हैं. 600 के करीब लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई हजार लोग अब भी लापता हैं. इस बीच, कई दिनों से सोशल मीडिया पर यह दावा किया जा रहा था कि नेपाल ने भारत, चीन समेत अन्य देशों से मदद लेने से इनकार कर दिया है. अब नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन शाह ने इस पर सफाई दी है. उन्होंने कहा है कि नेपाल द्वारा विदेशी सहयोग अस्वीकार किए जाने का प्रचार भ्रामक है.
चीन ने नेपाल को चेतावनी दी है कि ल्हेन्दे नदी के ऊपरी हिस्से में बनी झील का रंग लगातार गहरा हो रहा है और इसके किसी भी समय फूटने की आशंका है. चीन ने नेपाल के विदेश मंत्रालय को संदेश भेजकर निचले तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है.
ब्रिटेन में रहने वाले हिंदुओं ने शुक्रवार (28 अगस्त) को नेपाल में आई भीषण बाढ़ से प्रभावित लोगों की मदद के लिए राहत राशि जुटाई. फ्लैश फ्लड ने नेपाल के कई कस्बों में भारी तबाही मचाई है. दक्षिण-पूर्वी लंदन के प्लमस्टेड स्थित एक मंदिर, जहां मुख्य रूप से नेपाली हिंदू आते हैं, ने धार्मिक त्योहार रक्षाबंधन के कार्यक्रम को नेपाल में बाढ़ पीड़ितों और बचाव अभियान के लिए राहत राशि जुटाने के प्रयास के साथ जोड़ा.
नेपाल में आई बाढ़ में कई देशों के लोग फंसे हुए हैं. इसको लेकर यूके फॉरेन ऑफिस ने कहा कि बाढ़ से प्रभावित ब्रिटिश नागरिकों की मदद के लिए यूके ने नेपाल में रैपिड रिस्पॉन्स टीम तैनात की है.