ईरान में जारी युद्ध के बीच दुनिया की भू-राजनीति तेजी से बदल रही है. ऐसे समय में भारत की भूमिका को लेकर भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा हो रही है. इंडिया टुडे कॉन्क्लेव में जियोपॉलिटिकल कंसल्टेंट Adelle Nazarian ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वैश्विक कूटनीति की खास तौर पर सराहना की.
Adelle Nazarian का कहना है कि आज की दुनिया में बहुत कम ऐसे नेता हैं जो एक साथ कई वैश्विक शक्तियों के साथ संवाद बनाए रख सकते हैं. उनके मुताबिक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उन चुनिंदा नेताओं में शामिल हैं जो अमेरिका, रूस, चीन और यूरोप जैसे अलग-अलग शक्ति केंद्रों के नेताओं से सीधे बातचीत करने की क्षमता रखते हैं.
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एडेल एडेल नाज़ेरियन ने कहा कि मौजूदा वैश्विक स्थिति में यह क्षमता बेहद अहम हो जाती है. उनके अनुसार मोदी ऐसे नेता हैं जो अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और ईरान के नेताओं तक से संवाद स्थापित कर सकते हैं.
उनका मानना है कि बदलते वैश्विक समीकरणों के बीच भारत एक ऐसे देश के रूप में उभर रहा है जो अलग-अलग ताकतों के बीच संवाद का सेतु बन सकता है. उन्होंने कहा कि यही वजह है कि आने वाले समय में भारत और अमेरिका के संबंध और मजबूत हो सकते हैं.
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एडेल नाज़ेरियन ने यह भी कहा कि नई वैश्विक व्यवस्था में भारत जैसे देशों की भूमिका और बढ़ेगी. उनके अनुसार दुनिया अब उस दौर में प्रवेश कर रही है जहां केवल पारंपरिक सैन्य ताकत ही नहीं, बल्कि कूटनीतिक संतुलन और संवाद क्षमता भी किसी देश की शक्ति तय करेगी.
एडेल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने पिछले कुछ वर्षों में जिस तरह अलग-अलग वैश्विक नेताओं के साथ संबंध बनाए हैं, उसने भारत को एक ऐसे देश के रूप में स्थापित किया है जो कई प्रतिस्पर्धी ताकतों के बीच भी संवाद बनाए रख सकता है. उनके मुताबिक यही कारण है कि बदलते वैश्विक परिदृश्य में भारत की भूमिका और प्रभाव दोनों बढ़ने की संभावना है.