Israel strikes on Beirut: लेबनान की राजधानी बेरूत के दक्षिणी इलाकों में गुरुवार को इजरायली हवाई हमलों के बाद भारी तबाही का मंजर देखने को मिला. शहर के कई इलाकों में इमारतें पूरी तरह से ढह गईं और सड़कों पर मलबा बिखर गया. हमलों के बाद आसपास के इलाकों में धुएं के गुबार और आग की लपटें दिखाई दीं. स्थानीय लोगों के मुताबिक रात और सुबह के समय कई जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं. इन धमाकों के बाद कई इमारतें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं. बचाव दल और स्थानीय लोग मलबे में फंसे लोगों की तलाश में जुटे हुए हैं.
उपनगरों में फैला मलबा और धुआं
बेरूत के दक्षिणी उपनगरों में कई सड़कों पर इमारतों के अवशेष और भारी मलबा फैला हुआ है. हमलों के बाद कई जगहों पर बड़ी आग लग गई, जिससे आसमान में काले धुएं के गुबार उठते दिखाई दिए. कई रिहायशी और व्यावसायिक इमारतें पूरी तरह से नष्ट हो गईं, जबकि कई इमारतें आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुई हैं. स्थानीय प्रशासन ने लोगों को प्रभावित इलाकों से दूर रहने की सलाह दी है. इन हमलों के कारण इलाके में दहशत का माहौल बना हुआ है और कई परिवार सुरक्षित जगहों की तलाश में निकल पड़े हैं.
हिज्बुल्लाह के ठिकानों को बनाया निशाना
इजरायल की सेना का दावा है कि उसके हमले लेबनान में सक्रिय संगठन हिज्बुल्लाह के ठिकानों को निशाना बनाकर किए जा रहे हैं. सेना के मुताबिक, ये हमले उस बुनियादी ढांचे को नष्ट करने के लिए हैं, जिसे हिज्बुल्लाह अपने सैन्य अभियानों के लिए इस्तेमाल करता है. इजरायली सैन्य अधिकारियों ने बताया कि लेबनान के कई हिस्सों में हवाई हमलों और छापेमारी की कार्रवाई जारी है. इन हमलों में राजधानी बेरूत भी शामिल है, जहां गुरुवार सुबह शहर के मध्य हिस्से में भी जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं.
हमलों के बाद बढ़ा संघर्ष
तनाव तब और बढ़ गया जब 2 मार्च को हिज्बुल्लाह ने एक साल से ज्यादा समय बाद पहली बार इजरायल पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए. यह हमला उस समय हुआ जब इजरायल और अमेरिका ने इरान पर हमले शुरू किए, जिससे मध्य पूर्व में युद्ध जैसी स्थिति पैदा हो गई. इसके बाद से दोनों पक्षों के बीच हमले और जवाबी कार्रवाई तेज हो गई. इस टकराव ने पूरे क्षेत्र में सुरक्षा स्थिति को और ज्यादा संवेदनशील बना दिया है.
हजारों लोग घर छोड़ने को मजबूर
इजरायली हमलों और चेतावनियों के बाद लेबनान के कई इलाकों से बड़े पैमाने पर लोगों का पलायन शुरू हो गया है. दक्षिणी लेबनान, पूर्वी बेक्का वैली और बेरूत के दक्षिणी उपनगरों के लाखों लोग अपने घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर जा रहे हैं. इस संघर्ष के दौरान अब तक लेबनान में 600 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है. इसके अलावा करीब 8 लाख लोग अपने घरों से विस्थापित हो गए हैं. छोटे से देश लेबनान के लिए यह मानवीय संकट लगातार गंभीर होता जा रहा है.