
वाराणसी के मुस्लिम बहुल क्षेत्र दालमंडी में काशी विश्वनाथ धाम के वैकल्पिक मार्ग चौड़ीकरण का काम तेज हो गया है. प्रशासन की संयुक्त टीम ने भारी सुरक्षा बल के बीच चौड़ीकरण की जद में आने वाली पांच प्रमुख मस्जिदों के अंदर और बाहर बकायदा मेजरमेंट (नापी) की प्रक्रिया पूरी की.
आपको बता दें कि पीडब्ल्यूडी, वीडीए और नगर निगम की संयुक्त टीम ने गुरुवार को वाराणसी के मुस्लिम बहुल दालमंडी इलाके में भारी पुलिस फोर्स की मौजूदगी में पांच मस्जिदों की नापी की. काशी विश्वनाथ धाम के लिए 650 मीटर लंबे वैकल्पिक मार्ग को 60 फीट चौड़ा करने के लिए यह प्रशासनिक कार्रवाई की गई.
इस कदम से अचानक पूरे बाजार क्षेत्र में अफरातफरी का माहौल बन गया. सुरक्षा व्यवस्था को संभालने के लिए मौके पर पुलिस के साथ पीएसी (PAC) और आरएफ (RRF) के जवान तैनात किए गए. अधिकारियों के मुताबिक कुल 181 चिन्हित भवनों में से 140 पर ध्वस्तीकरण की प्रक्रिया प्रचलित है, जिसे जून महीने के अंत तक पूरा कर लिया जाएगा.
चौड़ीकरण की जद में आईं ये प्रमुख मस्जिदें
दालमंडी क्षेत्र को लगभग 17.4 मीटर (60 फीट) तक चौड़ा किया जाना है, जिसकी जद में 6 मस्जिदें आ रही हैं. संयुक्त टीम द्वारा की गई पैमाइश में मिर्जा करीमुल्लाह बेग मस्जिद, संगेमरमर मस्जिद, अली रज़ा खान मस्जिद, निसारन मस्जिद और रंगीले शाह मस्जिद शामिल रहीं. अधिकारियों के अनुसार, नई सड़क की तरफ स्थित लंगड़े हाफ़िज़ मस्जिद की नापी का काम पहले ही पूरा किया जा चुका है.

जून अंत तक डिस्मेंटलिंग और फिर शुरू होगा निर्माण
कार्य की प्रगति के बारे में जानकारी देते हुए पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता केके सिंह ने बताया कि कुल भवनों में से 100 भवन पूरी तरह ध्वस्त किए जा चुके हैं और बाकी बचे 40 भवनों पर काम तेजी से चल रहा है. उन्होंने बताया कि जून माह के अंत तक डिस्मेंटलिंग का काम पूरा होने के बाद, अगले 3 महीनों के भीतर निर्माण कार्य को भी पूरा कर लिया जाएगा. हालांकि, उन्होंने मस्जिदों की आज हुई नापी की बात से अनभिज्ञता जाहिर की.