scorecardresearch
 

1 लाख का इनामी बदमाश बाबू एनकाउंटर में ढेर, गोरखपुर में STF की बड़ी कार्रवाई

उत्तर प्रदेश एसटीएफ ने गोरखपुर में एक लाख रुपये के इनामी बदमाश मुस्तफिजुल रहमान उर्फ बाबू को मुठभेड़ में मार गिराया. आरोपी पर यूपी और महाराष्ट्र में हत्या, हत्या के प्रयास, लूट समेत कई गंभीर मामले दर्ज थे.

Advertisement
X
1 लाख का इनामी बदमाश बाबू एनकाउंटर में ढेर, गोरखपुर में STF की कार्रवाई (Photo: itg)
1 लाख का इनामी बदमाश बाबू एनकाउंटर में ढेर, गोरखपुर में STF की कार्रवाई (Photo: itg)

उत्तर प्रदेश एसटीएफ की लखनऊ और गोरखपुर यूनिट ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए गोरखपुर में एक लाख रुपये के इनामी बदमाश मुस्तफिजुल रहमान उर्फ बाबू को मुठभेड़ में मार गिराया. इस दौरान हुई गोलीबारी में एसटीएफ का एक हेड कांस्टेबल भी घायल हो गया. घायल जवान का इलाज कराया जा रहा है.

जानकारी के मुताबिक, यह मुठभेड़ गोरखपुर में रामनगर करजहा से कुशीनगर लेन के पास हुई. एसटीएफ को मुस्तफिजुल रहमान की मौजूदगी की सूचना मिली थी. इसके बाद टीम ने घेराबंदी की. बताया गया कि खुद को घिरा देख बदमाश ने फायरिंग शुरू कर दी. जवाबी कार्रवाई में वह घायल हो गया. उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.

मुस्तफिजुल रहमान उर्फ बाबू मूल रूप से आजमगढ़ जिले के मेहनगर थाना क्षेत्र के खुन्दनपुर गांव का रहने वाला था. उसके खिलाफ उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र में हत्या, हत्या के प्रयास, लूट और अन्य गंभीर अपराधों के 10 से अधिक मुकदमे दर्ज थे. लंबे समय से वह फरार चल रहा था और उस पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित था.

एसटीएफ के अनुसार, मुस्तफिजुल रहमान दिसंबर 2024 में महाराष्ट्र के अमरावती जिले से पुलिस हिरासत से फरार हो गया था. इसके बाद से उसकी तलाश लगातार की जा रही थी. उसके खिलाफ उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के मेहनगर थाने में अलग-अलग वर्षों में कई मुकदमे दर्ज हुए थे.

Advertisement

आपराधिक रिकॉर्ड के अनुसार, उसके खिलाफ वर्ष 2003 में चोरी का पहला मामला दर्ज हुआ था. इसके बाद वर्ष 2008 में हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज हुआ. वर्ष 2011 और 2012 में हत्या के प्रयास और हत्या से जुड़े मामलों में उसका नाम सामने आया. इन मामलों के बाद वह फरार हो गया था और उसके खिलाफ अदालत की ओर से कुर्की की कार्रवाई भी की गई थी. इसके अलावा वर्ष 2021 में हत्या, आपराधिक साजिश, धमकी और फरार रहने से जुड़े कई मामले दर्ज हुए. वर्ष 2024 में भी उसके खिलाफ नए मुकदमे दर्ज किए गए.  

 

 

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement