उत्तर प्रदेश के आगरा से एक रूहं कपा देने वाला मामला सामने आया है, जहां स्कूल प्रबंधन की लापरवाही ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां छीन लीं. दरअसल, एत्मादपुर के नगला काले इलाके में एक जर्जर स्कूल बस हादसे का सबब बन गई, जिसमें 9 साल की छात्रा नैना की दर्दनाक मौत हो गई.
छात्रा जिस सीट पर बैठी थी, वह अचानक टूट गई
मिली जानकारी के मुताबिक, मासूम नैना स्कूल बस में सवार थी. बस की हालत इतनी खस्ताहाल थी कि छात्रा जिस सीट पर बैठी थी, वह अचानक टूट गई. सीट टूटने के कारण नैना चलती बस से सीधे सड़क पर जा गिरी और बस का पहिया उसे कुचलता हुआ निकल गया. जब बस में सवार अन्य बच्चों ने शोर मचाया, तब जाकर चालक ने गाड़ी रोकी. आनन-फानन में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
इस घटना के बाद से नैना के परिवार में कोहराम मचा है और स्थानीय लोगों में प्रशासन व स्कूल प्रबंधन के खिलाफ भारी आक्रोश है. जर्जर बस को सड़क पर उतारने और मासूमों की जान जोखिम में डालने को लेकर अब गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं.
माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल
भयानक मंजर देख बस में सवार बच्चों के चीखने-चिल्लाने पर चालक ने गाड़ी रोकी. घायल छात्रा नैना को तुरंत अस्पताल ले जाया गया. मासूम की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है. इस घटना के बाद से स्कूल प्रबंधन के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठ रही है. वहीं, पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है. बस की फिटनेस रिपोर्ट भी खंगाली जा रही है.
अलीगढ़ में भी हो चुका है हादसा
पिछले हफ्ते अलीगढ़-कासगंज रोड पर भी इसी तरह का दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया था, जहां स्कूल बस की जर्जर हालत ने यूकेजी की छात्रा अनन्या की जान ले ली. ढोलना इलाके में स्कूल से घर लौटते समय चलती बस के फर्श (टायर के ऊपर का हिस्सा) की टीन अचानक उखड़ गई, जिससे 5 वर्षीय अनन्या सीधे नीचे गिरकर पिछले पहिये की चपेट में आ गई.
हादसे के वक्त बस में क्षमता से अधिक बच्चे भरे हुए थे और वह पूरी तरह अनफिट थी. इस भीषण लापरवाही पर शासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए आरटीओ प्रवर्तन वंदना सिंह और आरआई चंपा लाल को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया था. वंदना सिंह पर चेकिंग न करने और चंपा लाल पर जर्जर बस को फिटनेस सर्टिफिकेट जारी करने का आरोप है.
वहीं, इस दुखद घटना के बाद आक्रोशित परिजनों ने सड़क जाम कर जमकर हंगामा किया था. बाद में पुलिस ने बस को कब्जे में लेकर ढोलना थाने में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई शुरू की.