सरेनी (Sareni) उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले का एक प्रमुख क्षेत्र है. यह अपनी ग्रामीण पृष्ठभूमि, कृषि आधारित अर्थव्यवस्था और राजनीतिक पहचान के लिए जाना जाता है. प्रशासनिक और चुनावी दृष्टि से सरेनी का खास महत्व है.
सरेनी का इतिहास स्वतंत्रता आंदोलन से भी जुड़ा रहा है. रायबरेली के इतिहास के अनुसार, 1942 के भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान सरेनी में प्रदर्शनकारियों पर पुलिस ने गोली चलाई थी. यह घटना क्षेत्र के स्वतंत्रता संघर्ष से जुड़े महत्वपूर्ण प्रसंगों में गिनी जाती है.
आज सरेनी में बड़ी संख्या में गांव और ग्रामीण आबादी शामिल है. क्षेत्र की स्थानीय अर्थव्यवस्था में खेती और उससे जुड़े कामों की अहम भूमिका है. मतदाता सूची और पंचायत संबंधी सरकारी रिकॉर्ड में सरेनी क्षेत्र के अनेक गांव दर्ज हैं.