रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन वर्ष 2025 में भारत के दो-दिवसीय राजकीय दौरे पर आने वाले हैं. यह यात्रा दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को और मजबूती देने के लिहाज से काफी अहम मानी जा रही है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर होने वाला यह दौरा रक्षा सहयोग, ऊर्जा साझेदारी, व्यापार और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मामलों पर केंद्रित रहेगा.
Ministry of External Affairs (MEA) के अनुसार पुतिन 4-5 दिसंबर 2025 को भारत आएंगे.
खबरों के अनुसार, दोनों देशों के बीच आधुनिक रक्षा तकनीक के संयुक्त उत्पादन, साइबर सुरक्षा सहयोग, और अंतरिक्ष अनुसंधान कार्यक्रमों पर प्रमुख समझौते किए जाने की संभावना है. इसके साथ ही कच्चे तेल और गैस सप्लाई को लेकर दीर्घकालिक करार पर भी बातचीत होगी, जिससे भारत को ऊर्जा सुरक्षा में बड़ी मदद मिलने की उम्मीद है.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन आखिरी बार 2021 में भारत आए थे. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साल 2024 में दो बार रूस की यात्रा की थी. वे BRICS समिट के लिए अक्टूबर में रूस गए थे. उन्होंने इससे पहले जुलाई में भी रूस दौरा किया था. तब उन्होंने राष्ट्रपति पुतिन को भारत आने का न्योता दिया था.
S-400 एक मजबूत क्षेत्रीय ढाल है, जबकि S-500 राष्ट्रीय+स्पेस किला है. जो काम S-400 नहीं कर सकता, वो काम S-500 कर सकता है. दुश्मन की मिसाइल दिखी नहीं कि चार सेकेंड में रिएक्ट करता है. हवा में 200 किलोमीटर ऊपर नष्ट कर सकता है. सैटेलाइट भी उड़ा सकता है.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन आज भारत दौरे पर आ रहे हैं, जिसके बाद उनके धर्म को लेकर चर्चा की जा रही है. ईसाई धर्म तीन सम्प्रदाय में बंटा हुआ है. कैथोलिक, प्रोटेस्टेंट और ऑर्थोडॉक्स ईसाई. पुतिन ऑर्थोडॉक्स ईसाई धर्म का पालन करते हैं, जो कैथोलिक और प्रोटेस्टेंट से अलग है.
रूस और भारत ने फैसला किया है कि अपने नए अंतरिक्ष स्टेशन ROS और भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन (BAS) एक ही 51.6° कक्षा में रखेंगे. इससे दोनों देशों के अंतरिक्ष यात्री आसानी से एक-दूसरे के स्टेशन पर जा सकेंगे. रोस्कोस्मोस प्रमुख दमित्री बकानोव ने यह घोषणा की.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का दो दिवसीय भारत दौरा पूरा हो गया है. इस दौरे पर पूरी दुनिया की नजर थी. पुतिन के दौरे के दौरान भारत-रूस के 19 समझौतों पर मुहर लगी. पीएम मोदी के साथ द्विपक्षीय बातचीत में रूस-यूक्रेन युद्ध और आपसी सहयोग बढ़ाने पर भी बात हुई. देखें 'श्वेतपत्र'
दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भारत और रूस के बीच कई महत्वपूर्ण समझौतों का आदान-प्रदान किया. ये समझौते दोनों देशों के बीच व्यापार, रक्षा और अन्य क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम हैं. यह समझौता दो देशों के आर्थिक और सामरिक क्षेत्र में सहयोग की दिशा में एक बड़ा प्रयास है.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद पहली बार भारत आए थे. उनका यह दौरा कई मायनों में काफी महत्वपूर्ण रहा. पुतिन का यह भारत दौरा ऐसे समय पर हुआ, जब रूस से कच्चा तेल खरीदने को लेकर अमेरिका ने भारत पर अतिरिक्त 25 फीसदी का टैरिफ लगा रखा है.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की निजी जिंदगी हमेशा रहस्य में रही है, खासकर उनकी बेटियों को लेकर. पुतिन और उनकी पूर्व पत्नी ल्युदमिला की दो बेटियां हैं, जो पब्लिक लाइफ से दूर रहकर अपने क्षेत्रों में बड़ा योगदान दे रही हैं.
क्रेमलिन में 'आजतक' को दिए Super Exclusive इंटरव्यू में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने तमाम सवालों का बेबाकी से जवाब दिया. यहां उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जमकर तारीफ की. इसके अलावा पुतिन ने ट्रंप टैरिफ, यूक्रेन जंग समेत कई मुद्दों पर खुलकर बात की.
अमेरिकी रक्षा विभाग के पूर्व अधिकारी माइकल रुबिन ने कहा कि रूसी राष्ट्रपति की भारत यात्रा मॉस्को के नजरिए से बहुत सकारात्मक दिखी. रुबिन ने कहा, "मैं तो यह कहूंगा कि डोनाल्ड ट्रंप भारत और रूस को इस तरह से एक साथ लाने के लिए नोबेल पुरस्कार के हकदार हैं."
राष्ट्रपति भवन में शुक्रवार को रूसी राष्ट्रपति पुतिन के लिए राजकीय भोज रखा गया. इस दौरान राष्ट्रपति मुर्मू ने दोनों देशों की दोस्ती को पिछले 25 वर्षों में मजबूती से आगे बढ़ी साझेदारी बताया. यह साझेदारी अक्टूबर 2000 में पुतिन की पहली भारत यात्रा के दौरान स्थापित हुई थी.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के सम्मान में राष्ट्रपति भवन का आयोजन किया गया था. कांग्रेस सांसद को शशि थरूर को न्योता भेजा गया लेकिन कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को रूसी राष्ट्रपति पुतिन के सम्मान में आयोजित डिनर में आमंत्रित नहीं किया गया था.
।करीब 27 घंटे की भारत यात्रा के बाद रूस के राष्ट्रपति पुतिन का दौरा खत्म हो गया है. भारत यात्रा के दौरान रूस और भारत के बीच कई ऐतिहासिक डील पर दस्तखत हुए हैं. दोनों देशों के बीच सैन्य सहयोग बढ़ाने को लेकर क्या बात हुई? भारत में रूस कितना निवेश करेगा? देखें 10 तक.
राष्ट्रपति भवन में रूसी राष्ट्रपति पुतिन के सम्मान में भव्य डिनर का आयोजन किया गया. इस अवसर पर पुतिन के साथ उनका पूरा रूसी डेलिगेशन मौजूद है। डिनर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, कैबिनेट मंत्री और विभिन्न क्षेत्रों के अन्य महत्वपूर्ण व्यक्ति भी शामिल हैं. यह आयोजन दोनों देशों की दोस्ताना और सहयोगी भावनाओं को दर्शाता है.
आज पूरी दुनिया में भारत और रशिया की दोस्ती की चर्चा हो रही है, जिसे प्रधानमंत्री मोदी ने एक ध्रुव तारे जैसा बताया है. इसका मतलब ये है कि ये दोस्ती स्थिर है, अडिग है, भरोसेमंद है, दिशा दिखाने वाली है और हर परिस्थिति में साथ खड़ी रहने वाली है. और आज ये दोस्ती पूरी दुनिया में इसी तरह से एक ध्रुव तारे की तरह स्थिर दिखते हुए चमक रही है. देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने भारत आने से पहले आजतक को ग्लोबल सुपर एक्सक्लूसिव इंटरव्यू दिया था. रूस की राजधानी मॉस्को के क्रेमलिन में आजतक की मैनेजिंग एडिटर अंजना ओम कश्यप और इंडिया टुडे की फॉरेन अफेयर्स एडिटर गीता मोहन को दिए वर्ल्ड एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में पुतिन ने कई मुद्दों पर खुलकर बाक की थी.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रूस के राष्ट्रपति को रूसी भाषा में भगवद गीता का एक विशेष संस्करण भेंट किया है. इससे पहले, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति को भी गीता का संस्करण दिया जा चुका है. यह भेंट भारत की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को साझा करने का प्रतीक है, जो विश्व के नेताओं के बीच मित्रता और सम्मान को दर्शाता है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्पष्ट रूप से कहा कि भारत और रूस लंबे समय से आतंकवाद के खिलाफ एकजुट हैं. उन्होंने पहलगाम में हुए आतंकी हमले और क्रोकस सिटी हॉल पर किए गए कायराना हमले जैसी घटनाओं के पीछे एक ही जड़ होने की बात कही. प्रधानमंत्री ने दोनों देशों के बीच मजबूत विश्वास और सहयोग को रेखांकित किया जो आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई को और अधिक प्रभावी बनाता है.
रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने भारत आने से पहले ही अमेरिका को इस तरह खबरदार करके किया कि उसकी गूंज आज भी सुनाई दी. आजतक से बातचीत में पुतिन ने ट्रंप से दो टूक पूछा था अगर रूस से अमेरिका यूरेनियम खरीद सकता है तो भारत तेल क्यों नहीं खरीद सकता. पुतिन की ये बात आज दुनियाभर के अखबारों की हेडलाइन है. देखें खबरदार.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को कई अनोखे और खास तोहफे भेंट किए हैं. इनमें असम की प्रसिद्ध ब्लैक टी, सुंदर सिल्वर का टी सेट, सिल्वर होर्स, मार्बल से बना चेस सेट, कश्मीरी केसर और श्रीमद्भगवदगीता की रूसी भाषा में एक प्रति शामिल है. इन विशेष तोहफों के जरिए भारत और रूस के बीच गहरे संबंधों को दर्शाया गया है.
Russia President Putin India Visit Live Updates: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का दो दिवसीय भारत दौरा पूरा हो गया है. वह 23वें भारत-रूस समिट के लिए भारत आए थे. इस दौरान दोनों देशों के बीच 19 समझौते हुए. उनके सम्मान में राष्ट्रपति भवन में भव्य डिनर का आयोजन किया गया. इस डिनर में शिरकत करने के बाद वह सीधे रूस के लिए रवाना हो गए.