राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) की स्थापना उच्च शिक्षण संस्थानों में प्रवेश/फेलोशिप के लिए प्रवेश परीक्षा आयोजित करने के लिए किया गया था. NTA भारत के शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग के तहत एक ऑटोनोमस एजेंसी है. इसकी स्थापना नवंबर 2017 में की गई थी.
इसके काम में शोध आधारित अंतरराष्ट्रीय मानकों, दक्षता, पारदर्शिता और त्रुटि मुक्त प्रवेश और भर्ती के लिए उम्मीदवारों की योग्यता का आकलन करना शामिल है. साथ ही, राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी को परीक्षा की तैयारी से लेकर परीक्षा देने और परीक्षा अंकन भी शामिल है.
सुप्रीम कोर्ट में राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की NEET परीक्षा में सुरक्षा और संचालन सुधारों पर सुनवाई हुई. केंद्र सरकार ने प्रश्नपत्रों की प्रिंटिंग से लेकर परीक्षा केंद्रों तक परिवहन की पूरी प्रक्रिया में नए सुरक्षा उपायों का प्रस्ताव रखा है. इसमें डिजिटल एन्क्रिप्शन, 24x7 जीपीएस और बायोमेट्रिक ट्रैकिंग, केवल सरकारी संस्थानों में परीक्षा केंद्र और सिंगल शिफ्ट मॉडल शामिल हैं.
सरकारी मेडिकल कॉलेजों की MBBS की फीस प्राइवेट से बहुत कम होती है. लेकिन क्या आपने सोचा है कि सरकारी कॉलेजों में से भी किसकी फीस सबसे कम है. अगर नहीं, तो काउंसलिंग से पहले इस बारे में जान लें.
कई बार जिंदगी की सबसे बड़ी प्रेरणा किसी अपने का दर्द बन जाती है. कोटा के पास कैथून कस्बे के गोदल्याहेड़ी गांव के रहने वाले सागर रेगर की कहानी भी कुछ ऐसी ही है. आर्थिक तंगी, सीमित संसाधन और संघर्षों के बीच पले-बढ़े सागर ने न सिर्फ डॉक्टर बनने का सपना देखा बल्कि उसे सच करने के लिए अपनी जान झोक दी. उनकी इस सफलता के पीछे परिवार का संघर्ष, शिक्षा के प्रति अटूट विश्वास और समाज में बदलाव लाने का संकल्प छिपा है.
NEET-UG पेपर लीक को लेकर चल रहे विवाद के बाद अब नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने परीक्षा व्यवस्था में बड़े बदलाव शुरू कर दिए हैं. अब परीक्षा की सुरक्षा बढ़ाने, प्रश्नपत्रों की छपाई और रखरखाव को ज्यादा सुरक्षित बनाने के लिए नए नियम लागू किए जा रहे हैं. साथ ही, परीक्षा से जुड़े काम करने वाली एजेंसियों के लिए भी कड़े सुरक्षा मानक तय किए गए हैं, ताकि परीक्षा निष्पक्ष और भरोसेमंद तरीके से हो सके.
केंद्र सरकार ने NEET PG 2026 परीक्षा में व्यापक सुधारों की घोषणा की है, जिसमें पास के परीक्षा केंद्रों और पहले से तय शहर आवंटन को बदलकर एक ही शिफ्ट में परीक्षा आयोजित करना और प्रत्येक प्रश्न के लिए अधिक समय देना शामिल है. इस कदम का उद्देश्य उम्मीदवारों के तनाव को कम करना और आधार कार्ड वेरिफिकेशन, बायोमेट्रिक्स, एन्क्रिप्शन और लाइव निगरानी के माध्यम से सुरक्षा को मजबूत करना है.
नीट यूजी 2026 परीक्षा में गड़बड़ी का मुख्य कारण वही पैनल था जिसने प्रश्न पत्र सेट करने के साथ मराठी अनुवाद भी किया. तीन शिक्षकों ने प्रश्न पत्र को रटकर ट्यूशन क्लासेस में छात्रों को बांटा. ब्यूटीशियन मनीषा वाघमारे ने यह प्रश्न पत्र दलालों को बेच दिया, जिससे लाखों रुपये का खेल हुआ. सीबीआई ने 13 आरोपियों को गिरफ्तार कर चार्जशीट दाखिल की, एनटीए ने परीक्षा रद्द कर दी और जांच एजेंसी को सौंपा.
बॉम्बे हाईकोर्ट ने NEET-UG परीक्षा में अंकों में अंतर को लेकर नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को नोटिस जारी किया है. याचिकाकर्ता का दावा है कि उसके 410 अंक बनते हैं, लेकिन स्कोरकार्ड में 340 दर्ज हैं.
मेडिकल उम्मीदवारों के लिए प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए MCC ने एनईटी यूजी 2026 काउंसलिंग में कई बड़े सुधार किए हैं. अब सीट अपग्रेड के लिए छात्रों को खुद मौजूद नहीं रहना होगा, ऑनलाइन सीट छोड़ने की सुविधा मिलेगी, NRI कोटे के दस्तावेज जमा करने की प्रक्रिया आसान होगी और एडमिशन से जुड़ी जानकारी आसानी से मिल सकेगी.
लोकसभा में एंटी पेपर लीक विधेयक पर चर्चा के दौरान सरकार और विपक्ष के बीच तीखी बहस देखने को मिली. इसी बीच सांसद सायोनी घोष का नाम भी चर्चा में रहा, क्योंकि उन्हें इस विधेयक पर बोलने वाले सांसदों की सूची में शामिल किया गया है. सदन में पेपर लीक रोकने के उपायों, फास्ट ट्रैक अदालतों और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े कई मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई.
मल्टीडिसिप्लिनरी एक्सपर्ट्स की यह टीम NTA की मौजूदा परीक्षा व्यवस्था की समीक्षा करेगी. खास तौर पर तकनीक के इस्तेमाल को बेहतर बनाने और परीक्षा सिस्टम में जरूरी संरचनात्मक बदलावों पर फोकस किया जाएगा.
प्रधानमंत्री मोदी ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) में व्यापक सुधारों के लिए हाई-पावर्ड टास्क फोर्स के गठन का ऐलान किया है. इसी टास्क फोर्स के सदस्य और IIT मद्रास के डायरेक्टर डॉ. वी. कामकोटि ने आजतक से खास बातचीत की. उन्होंने बताया कि पेपर लीक रोकने में सबसे बड़ी चुनौती इस वक्त क्या है.
परीक्षा सुधारों को लेकर प्रधानमंत्री मोदी ने एक हाई-पावर्ड टास्क फोर्स का गठन किया है. जिसके सदस्य IIT मद्रास के डायरेक्टर वी. कामकोटि ने आजतक से खास बातचीत की. इस दौरान उन्होंने पेपर लीक को रोकने से लेकर NTA को मजबूत करने टास्क फोर्स के विजन और प्लान पर विस्तार से बात की. देखें वीडियो.
कांग्रेस ने संसद में पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के स्वागत पर बीजेपी की आलोचना की है. कांग्रेस ने बिहार में छात्रों की गिरफ्तारी और पुलिस की बर्बरता पर भी चिंता जताई है. पार्टी ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी की कार्यशैली पर भी सवाल उठाते हुए सरकार पर दोहरे चरित्र का आरोप लगाया है.
भारत में पेपर लीक रोकने के लिए सख्त कानून बने, फिर भी पर्चे लीक होना नहीं थम रहा. 2024 के नए 'एंटी-पेपर लीक कानून' के बावजूद धांधली जारी है. जानिए देश के बड़े शिक्षाविदों की जुबानी, क्यों ये कानून केवल फाइलों में सीमित रह जाते हैं और असली समस्या कहां है.
धर्मेंद्र प्रधान ने अपनी ईमानदार साख को ही NTA की साख मान लिया, तो उनका NEET विवाद की बली चढ़ना तय था. चंपत राय के इस्तीफे की तर्ज पर यह इस्तीफा बताता है कि निजी साख और सिस्टम में ढिलाई दो अलग-अलग बातें हैं, कसौटी पर सिस्टम को ही परखा जाता है, जहां अच्छे अच्छों की साख चंपत हो जाती है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की परीक्षाओं में सुधार के लिए एक उच्च स्तरीय टास्क फोर्स बनाई है. कांग्रेस ने इसे प्रधानमंत्री की दागदार छवि सुधारने की कोशिश बताया है. कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा कि सरकार ने पहले भी कई कमिटियां बनाईं, लेकिन उनकी सिफारिशें पूरी तरह लागू नहीं हुईं.
नीट परीक्षा का आयोजन वापस हो गया, छात्रों का आंदोलन भी खत्म हो गया, पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा भी दे दिया लेकिन उन परिवारों का क्या जिन्होंने अपने कलेजे के टुकड़ों को खो दिया. नीट यूजी 2026 में पेपर लीक के बाद कई छात्रों ने दुनिया को अलविदा कह दिया है. लेकिन उसका गम उनके माता-पिता नहीं भूल पा रहे हैं. कल जब प्रधान का इस्तीफा हुआ, उनकी यादें एक बार फिर से ताजा हो गई. हालांकि, इस्तीफे के इस फैसले पर वह क्या कहते हैं आइए जानते हैं.
एनटीए को लेकर जहां एक ओर विवाद खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है. वहीं, दूसरी ओर एक खबर ने लोगों को एक बार फिर सोचने पर मजबूर कर दिया है. राज्यसभा में दी गई जानकारी के अनुसार, राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की आय और खर्च पिछले पांच सालों में काफी बढ़े हैं. यह जानकारी ऐसे समय में सामने आई है, जब परीक्षा सुधार और जवाबदेही को लेकर चर्चा तेज है. लोग इसकी आय देखकर हैरान हो गए हैं.
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी को लेकर लगातार विवाद सामने आ रहा है. इस बीच एक बड़ी खबर सामने आई है. एजेंसी अपने पुनर्गठन के तहत चार महाप्रबंधक (जनरल मैनेजर) और 16 युवा पेशेवरों की भर्ती शुरू की है. यह कदम परीक्षा व्यवस्था और निगरानी को मजबूत बनाने के लिए राधाकृष्णन समिति की सिफारिशों के बाद उठाया गया है.
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने शिक्षा प्रणाली में सुधार के लिए 47 अधिकारियों को टर्मिनेट कर दिया है और नई भर्ती प्रक्रिया भी शुरू कर दी है. यह कदम परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी, विश्वसनीय और जवाबदेह बनाने के उद्देश्य से उठाया गया है.
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने अपने संस्थागत पुनर्गठन के तहत चार जनरल मैनेजर पदों और 16 यंग प्रोफेशनल्स की भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी है. ये नियुक्तियां परीक्षा संचालन, सुरक्षा, और गुणवत्ता नियंत्रण को बेहतर बनाने के लिए हैं.