नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी (NCP) महाराष्ट्र की प्रमुख राजनीतिक पार्टियों में से एक है. पार्टी आम तौर पर गांधीवादी धर्मनिरपेक्षता का समर्थन करती है. एनसीपी का गठन 10 जून 1999 को शरद पवार (Sharad Pawar), पी ए संगमा (PA Sangama) और तारिक अनवर (Tariq Anwar) ने किया था. पार्टी का गठन तब हुआ जब उन्हें सोनिया गांधी के अधिकार पर विवाद करने के लिए 20 मई 1999 को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से निष्कासित कर दिया गया था (Formation of NCP). जब एनसीपी का गठन हुआ, तो शरत चंद्र सिन्हा की भारतीय कांग्रेस (समाजवादी) नई पार्टी में विलय हो गया.
जुलाई 2023 में अजीत पवार के नेतृत्व में पार्टी के अधिकांश निर्वाचित विधायक और एमएलसी राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार में शामिल हो गए. लेकिन दो को छोड़कर सभी सांसदों को शरद पवार के प्रति वफादार रहे.
अजित पवार के आकस्मिक निधन ने महाराष्ट्र में राजनीति समीकरण को प्रभावित किया है. एनसीपी के दोनों गुट संभावित विलय को लेकर विरोधाभासी दावे कर रहे हैं. शरद पवार गुट का कहना है कि अजित पवार विलय चाहते थे, जबकि अजित गुट के वरिष्ठ नेताओं ने इस तरह की किसी बातचीत से इनकार किया है.
एनसीपी विधायक दल की बैठक में बड़ा फैसला लेते हुए सुनेत्रा पवार को पार्टी का नया विधायक दल का नेता चुन लिया गया है. इसके साथ ही आज ही उनके महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने का रास्ता साफ हो गया है
महाराष्ट्र में एनसीपी अजित पवार गुट की वरिष्ठ नेता सुनेत्रा पवार आज शाम उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगी. इससे पहले दोपहर 2 बजे विधायक दल की बैठक होगी, जिसका फैसला मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को सौंपा जाएगा. सूत्रों के मुताबिक, सुनेत्रा पवार के डिप्टी सीएम बनने पर पार्टी के भीतर सहमति बन चुकी है और इसी क्रम में उनके राज्यसभा सांसद पद से इस्तीफे की प्रक्रिया भी पूरी की जाएगी.
शरद पवार संग होने वाली थी सुनेत्रा की मीटिंग, लेकिन पहले ही 'ताजपोशी' पर मोहर. महाराष्ट्र में एनसीपी अजित पवार गुट की सीनियर नेता सुनेत्रा पवार आज शाम यानि 31 जनवरी को उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेने जा रही हैं. ये जानकारी पार्टी के सीनियर नेता और सांसद सुनील तटकरे ने दी है
एनसीपी प्रमुख और महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के विमान हादसे में निधन के बाद बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है. उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार आज यानि 31 जनवरी को महाराष्ट्र की पहली महिला उपमुख्यमंत्री के रूप में शपथ ले सकती हैं
महाराष्ट्र की राजनीति में अजित पवार के जाने से एनसीपी में शोक के साथ-साथ राजनीतिक हलचल भी तेज हो गई है. अब पार्टी के सामने सबसे बड़ा सवाल ये है कि उनकी जगह कमान किसे सौंपी जाए और उपमुख्यमंत्री पद का दावेदार कौन होगा.
अजित पवार के विमान हादसे में हुए निधन के बाद से महाराष्ट्र डिप्टी सीएम पद और उनकी पार्टी एनसीपी के उत्तराधिकारी को लेकर कयास चल ही रहे थे. तभी अचानक चर्चा उस सुलह की होने लगी जो एक बार फिर शरद पवार और अजित पवार को साथ ला सकती थी. दोनों पवार अपनी पार्टियों का विलय करना चाहते थे. सब तय था. 8 फरवरी की तारीख भी. लेकिन, अब सिर्फ सवाल है.
एनसीपी (शरद पवार गुट) के वरिष्ठ नेता एकनाथ खडसे के अनुसार, अजित पवार गुट और शरद पवार गुट के बीच विलय को लेकर पिछले तीन-चार महीनों से बातचीत चल रही थी और यह लगभग अंतिम चरण में पहुंच चुकी थी. स्थानीय निकाय और पंचायत चुनाव ‘घड़ी’ चुनाव चिन्ह पर लड़ने तथा मर्जर की औपचारिक घोषणा की योजना भी बन चुकी थी.
अजित पवार के निधन ने महाराष्ट्र में उनकी पार्टी NCP को गहरे संकट में डाल दिया है. उनके जाने से पार्टी के नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों के बीच भारी दुख छा गया है. इसी के साथ एक बड़ा सवाल यह भी है कि क्या अब पार्टी के दो धड़े फिर से एक हो जाएंगे या नहीं. महाराष्ट्र की राजनीति में अजित पवार की अनुपस्थिति से कई तरह की चर्चा और अफवाहें उभर रही हैं. NCP की एकता और संगठन की मजबूती को लेकर अलग-अलग दृष्टिकोण सामने आ रहे हैं.
पुणे नगर निगम चुनाव से पहले महाविकास अघाड़ी में दरार पड़ गई है. अजित और शरद पवार की NCP के साथ आने के बाद कांग्रेस और शिवसेना (UBT) ने नया गठबंधन बनाने का फैसला किया है. MNS के शामिल होने की भी संभावना है.
NCP नेता और शरद पवार की बेटी सुप्रिया सुले ने बिहार चुनाव के नतीजों के बाद सवाल उठाए थे और गंभीर आरोप भी लगाए. इन आरोपों का जवाब अब बीजेपी ने देते हुए कहा है कि लालू यादव जी की पार्टी को जो ज्यादा वोट मिले हैं उसका यह मतलब नहीं कि वे सत्ता में हैं.
एनसीपी के दोनों गुटों ने 26वां स्थापना दिवस मनाया. इस अवसर पर शरद पवार ने कहा, "मैंने कभी नहीं सोचा था कि 1999 में बनी एनसीपी में 2023 में विभाजन होगा." इधर सुप्रिया सुले ने भाई अजित पवार का भावनात्मक रूप से जिक्र किया. देखिए कौन बोला.
महाराष्ट्र में एनसीपी के दोनों गुटों में विलय की अटकलें हैं और शरद पवार ने कहा कि इस पर पार्टी में मतभेद है. वहीं, आईपीएल एलिमिनेटर में मुंबई इंडियंस ने गुजरात टाइटंस को हराकर दूसरे क्वालीफायर में जगह बनाई. सईद अंसारी के साथ देखें मुंबई मेट्रो.
संसद के चालू बजट सत्र के छठे दिन राज्यसभा में कुछ हल्के-फुल्के पल भी देखने को मिले. बीजेपी सांसद ने विपक्षी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी की सांसद डॉक्टर फौजिया खान की खुलकर तारीफ की.
महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में बाल ठाकरे की जयंती पर जब शिवसेना के दोनों धड़े शक्ति प्रदर्शन कर रहे थे, उसी दिन पुणे में शरद पवार और अजित पवार की मुलाकात हुई. दोनों नेताओं की बंद कमरे में मुलाकात करीब आधे घंटे तक चली.
अजित पवार जानते थे कि अगर चुपचाप बैठे रहे तो उनका हाल भी शिवपाल सिंह यादव और पशुपति कुमार पारस जैसा हो जाएगा. जैसे ही लगा अपना हक छीनना पड़ता है, न तो विचारधारा की परवाह की, न ही परिवार का लिहाज - और एक दिन सब कुछ लेकर वो चैन की वंशी बजाने लगे.
Maharashtra Election Results 2024: महाराष्ट्र और झारखंड विधानसभा चुनावों के लिए काउंटिंग शुरू हो गई है. सबसे पहले पोस्टल बैलट की गिनती हुई. महाराष्ट्र के शुरुआती रुझानों में महायुति को भारी बढ़त दिख रही है. वो 40 से ज्यादा सीटों पर आगे चल चल रही है. झारखंड में भी NDA गठबंधन आगे है. देखें ये वीडियो.
Maharashtra Election Results 2024: महाराष्ट्र की 288 सीटों पर काउंटिंग जारी है. शुरुआती रुझानों में महायुति को बढ़त मिल रही है. सीएम एकनाथ शिंदे और डिप्टे सीएम अजित पवार आगे चल रहे हैं, जबकि कांग्रेस के नाना पटोले पीछे चल रहे हैं. शुरुआती रुझानों में दिग्गजों का क्या है हाल? देखें ये वीडियो.
महाराष्ट्र में लोकतंत्र के सबसे बड़े पर्व में प्रचार का दिन खत्म हो गया है. अब फैसले की बारी है. फैसला मतदाताओं करना है. सत्ता पक्ष के नेताओं ने तमाम दावे किए, विपक्ष ने तमाम वादे किए. घोषणापत्रों से लेकर चुनाबी बयानबाजियों तक चुनाव के चार-पांच फैक्टर सामने आए. क्या महाराष्ट्र के मतदाता भी इन्हीं मुद्दों पर वोट डालने वाले हैं? देखें दंगल.
महाराष्ट्र में 20 नवंबर को वोट डाले जाएंगे, जबकि 23 नवंबर को मतगणना होगी. लेकिन जब से चुनावों की घोषणा हुई है तब से अब तक महाराष्ट्र चुनाव में कई मोड़ चुके हैं. प्रदेश की जनता और राजनीतिक पार्टियों के भविष्य के लिए ये चुनाव बहुत महत्वपूर्ण होने वाले हैं. महाराष्ट्र चुनावों के सभी मुद्दों पर देखें 'श्वेतपत्र'.
आजतक का 'हेलिकॉप्टर शॉट' मुंबई पहुंचा. जहां जनता का चुनावी मिजाज और मुद्दे जाने. 'मायानगरी' में विधानसभा की कुल 36 सीटें है. 2019 चुनाव में यहां 16 सीटें शिवसेना और बहुत कम सीटें कांग्रेस और एनसीपी को मिली थीं. ये शिवसेना का गढ़ माना जाता है. देखें ये ख़ास चुनावी शो.