उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले में स्थित दातागंज (Dataganj) एक नगर पालिका क्षेत्र है. यह जिला मुख्यालय बदायूं से जुड़ा हुआ एक प्रमुख कस्बा है और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लिए प्रशासनिक तथा स्थानीय गतिविधियों का केंद्र माना जाता है. दातागंज सड़क मार्ग के माध्यम से बदायूं, बरेली, शाहजहांपुर और आसपास के अन्य शहरों से जुड़ा हुआ है, जिससे लोगों का आवागमन आसान रहता है.
दातागंज का प्रशासन नगर पालिका के माध्यम से संचालित होता है. यहां स्थानीय स्तर पर नागरिक सुविधाओं, सफाई व्यवस्था, पेयजल, सड़क और अन्य सार्वजनिक कार्यों का संचालन नगर निकाय द्वारा किया जाता है. क्षेत्र में विभिन्न सरकारी कार्यालय, बैंक, डाकघर, विद्यालय, स्वास्थ्य केंद्र और अन्य आवश्यक सेवाएं उपलब्ध हैं, जिनका उपयोग स्थानीय निवासी करते हैं.
दातागंज की स्थानीय अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि और उससे जुड़े व्यापार पर आधारित है. आसपास के गांवों के किसान अपनी कृषि उपज को स्थानीय बाजारों तक पहुंचाते हैं. इसके अलावा छोटे व्यापार, किराना, कपड़ा, निर्माण सामग्री, दैनिक उपयोग की वस्तुओं की दुकानें तथा अन्य स्थानीय व्यवसाय भी यहां की आर्थिक गतिविधियों का हिस्सा हैं.
शिक्षा के क्षेत्र में दातागंज में सरकारी और निजी विद्यालय संचालित हैं. उच्च शिक्षा के लिए छात्र-छात्राएं बदायूं और अन्य निकटवर्ती शहरों का रुख करते हैं. स्वास्थ्य सेवाओं के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, निजी क्लीनिक और दवा दुकानें उपलब्ध हैं. समय के साथ दातागंज में आधारभूत सुविधाओं और शहरी विकास से जुड़े कार्यों में भी बदलाव देखने को मिला है, जिससे यह कस्बा स्थानीय प्रशासनिक और सामाजिक गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र बना हुआ है.
बदायूं के दातागंज में पुलिस कस्टडी के दौरान राजेश की तबीयत बिगड़ने के बाद मौत हो गई. पोस्टमार्टम में कार्डियक अरेस्ट की बात सामने आई. परिजनों ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं. CCTV फुटेज सामने आया है. SSP ने निष्पक्ष जांच और दोषी मिलने पर कार्रवाई का भरोसा दिया.