एंड्रॉयड यूजर्स और आईफोन (iOS) यूजर्स में एक तरह की प्रतिद्वंदिता रहती है. यह खबर गूगल और एंड्रॉयड यूजर्स के लिए अच्छी साबित हो सकती है. कंज्यूमर इंटेलिजेंस रिसर्च पार्टनर (CRIP) के मुताबिक लॉयल्टी के मामले में iOS से आगे एंड्रॉयड है.
एंड्रॉयड यूजर्स आईओएस के मुकाबले अपने ज्यादा लॉयल हैं. इस रिसर्च एजेंसी ने कहा है 2015 से 2016 के बीच एंड्रॉयड और आईओएस स्मार्टफोन्स के लिए यूजर्स की लॉयलटी बढ़ी है. साल 2017 में एंड्रॉयड की लॉयलटी रेट 91 फीसदी थी, जबकि iOS की 86 फीसदी ही रही.
इस रिपोर्ट में कहा गया है कि एंड्रॉयड यूजर्स की निष्ठा इसके लिए 2016 से लगातार बढ़ती जा रही है, लेकिन अभी यह सबसे ज्यादा है.
2013 में iOS यूजर्स एंड्रॉयड के मुकाबले ज्यादा लॉयल थे, तक एंड्रॉयड ने iOS को पीछे छोड़ दिया है. हालांकि इस एजेंसी ने अपनी रिपोर्ट में यह भी कहा है कि यह भी ध्यान में रखना होगा कि एंड्रॉयड कस्टमर्स iOS के मुकाबले ज्यादा हैं. इसलिए एंड्रॉयड से iOS में स्विच करने करने के मामले में एंड्रॉयड यूजर्स ज्यादा हैं.
लॉयलटी टेस्टिंग के लिए इस एजेंसी ने उन अमेरिकी कस्टमर्स का प्रतिशत निकाला जो 2017 में अपने फोन को अपग्रेड करने के बावजूद पुराने ऑपरेटिंग सिस्टम पर ही रहे. 91 फीसदी एंड्रॉयड ऑपरेटिंग सिस्टम के साथ ही बने रहे, जबकि 86 फीसदी iOS के साथ बने रहे.