वीडियो रेफरल की सहायता से मिली पेनल्टी पर गोल कर स्वीडन ने फीफा वर्ल्ड कप में ग्रुप एफ के पहले मैच में दक्षिण कोरिया को 1-0 से हरा दिया. स्वीडन के लिए 33 साल के अनुभवी कप्तान आंद्रियास ग्रांक्विस्त ने 65वें मिनट में एकमात्र गोल किया.
विक्टर क्लाएसन को दक्षिण कोरिया के स्थानापन्न खिलाड़ी मिन वू किम ने 62वें मिनट में बाधा पहुंचाई. जोरदार अपील के बावजूद अल सल्वाडोर के रेफरी जोएल एगुइलार ने पेनल्टी नहीं दी, लेकिन वीडियो सहायता के बाद उन्होंने पेनल्टी का इशारा किया.
FACT-
स्वीडन के लिए वर्ल्ड कप में 12 साल बाद यह पहला गोल है. इससे पहले 2006 वर्ल्ड कप में इंग्लैंड के खिलाफ हेनरिक लार्सन ने गोल किया था. स्वीडन की टीम 2010 और 2014 के वर्ल्ड कप के लिए क्वालिफाई नहीं कर पाई थी.
| That was the first goal for since Henrik Larsson scored against in 2006...
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इससे पहले फ्रांस और पेरू को भी वीडियो रेफरल पर पेनल्टी मिल चुकी है. स्वीडन ने पूरे मैच में आक्रामक खेल दिखाया, लेकिन यह हैरानी की बात है कि उसका गोल पेनल्टी पर हुआ. दक्षिण कोरिया के आक्रमण में कोई दम नजर नहीं आया.
उसे 90वें मिनट में बराबरी का मौका मिला, लेकिन हवांग ही चान का हेडर बाहर से निकल गया. इस जीत के बाद स्वीडन अपने ग्रुप (एफ) में मैक्सिको के साथ शीर्ष पर है, जिसने कल मौजूदा चैंपियन जर्मनी को हरा दिया. अब स्वीडन का सामना 23 जून को जर्मनी से होगा.
दक्षिण कोरिया को चौथे मिनट में पहला कॉर्नर मिला था, लेकिन उस पर कामयाबी नहीं मिली. स्वीडन के फॉरवर्ड मारकस बर्ग के शॉट को 20वें मिनट में जो हियोन वू ने बचाया. इसके नौ मिनट बाद बर्ग एक बार फिर गोल करने से चूक गए.