Shubman Gill fine, Slow over rate IPL: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 में गुजरात टाइटन्स ने आखिरकार जीत का खाता खोल लिया, लेकिन इस जीत के साथ टीम और कप्तान शुभमन गिल के लिए एक बड़ी परेशानी भी खड़ी हो गई. 8 अप्रैल को दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ खेले गए बेहद रोमांचक मुकाबले में गुजरात ने 1 रन से जीत दर्ज की, मगर स्लो ओवर रेट के कारण कप्तान गिल को सजा झेलनी पड़ी.
मैच में गुजरात टाइटन्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 211 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया. इसके जवाब में दिल्ली कैपिटल्स की टीम ने शानदार संघर्ष किया और 19 ओवर के बाद 6 विकेट पर 198 रन बना लिए थे. आखिरी ओवर में दिल्ली को जीत के लिए 13 रन की जरूरत थी और मुकाबला पूरी तरह उनके पक्ष में नजर आ रहा था.
लेकिन इसी दौरान गुजरात की टीम पर स्लो ओवर रेट का असर पड़ा. नियमों के तहत 30-यार्ड सर्कल के अंदर एक अतिरिक्त फील्डर रखना पड़ा, जिससे दबाव और बढ़ गया. इतना ही नहीं, IPL आचार संहिता के आर्टिकल 2.22 के तहत कप्तान शुभमन गिल पर 12 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया. यह इस सीजन में पहली बार था जब गुजरात ने स्लो ओवर रेट का उल्लंघन किया.
DC की पारी में आखिरी ओवर बन गया फिल्मी शो
मुकाबले का आखिरी ओवर पूरी तरह ड्रामा से भरा रहा. विपराज निगम ने पहली गेंद पर चौका लगाकर दिल्ली को मैच में आगे कर दिया, लेकिन अगली ही गेंद पर वह रन आउट हो गए. इसके बाद कुलदीप यादव क्रीज पर आए और सिंगल लेकर स्ट्राइक डेविड मिलर को दी, जो शानदार लय में थे.
मिलर ने चौथी गेंद पर छक्का जड़कर मैच को लगभग दिल्ली की झोली में डाल दिया. अब आखिरी दो गेंदों में सिर्फ 2 रन की जरूरत थी. लेकिन पांचवीं गेंद पर कोई रन नहीं बना और आखिरी गेंद पर कुलदीप यादव रन आउट हो गए. इस तरह दिल्ली की टीम 20 ओवर में 8 विकेट पर 209 रन ही बना सकी और एक रन से मैच हार गई.
ONE RUN. ONE HEART-STOPPING FINISH. 🤯 Prasidh trumps Miller in a last-ball thriller! 🎯
— Star Sports (@StarSportsIndia) April 8, 2026
David Miller had it all going… until a cruel run-out twist at the very end 💔#TATAIPL 2026 | #KKRvLSG | THU, 9 APR, 6:30 PM pic.twitter.com/moX1d2y0Qq
यह दिल्ली कैपिटल्स की इस सीजन की पहली हार रही, जबकि गुजरात टाइटन्स ने पहली जीत दर्ज कर राहत की सांस ली. हालांकि, इस जीत के बावजूद स्लो ओवर रेट का जुर्माना टीम के लिए एक बड़ा झटका साबित हुआ.
आईपीएल 2026 में कब किस पर लगा जुर्माना
3 अप्रैल को श्रेयस पर लगा जुर्माना: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में 3 अप्रैल को जीत के बावजूद पंजाब किंग्स (PBKS) के कप्तान श्रेयस अय्यर पर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने उनके साथ टीम पर भारी जुर्माना लगाया था.
दरअसल, PBKS ने लगातार दूसरे मैच में निर्धारित समय से ज्यादा वक्त लेते हुए 20 ओवर पूरे किए. इस वजह से कप्तान श्रेयस अय्यर पर 24 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया था. वहीं प्लेइंग इलेवन और इम्पैक्ट प्लेयर पर 6 लाख रुपये या मैच फीस का 25 प्रतिशत (जो भी कम हो) फाइन किया गया था.
दरअसल, चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ एमए चिदम्बरम स्टेडियम (चेपॉक) में PBKS की गेंदबाजी काफी महंगी साबित हुई. टीम ने कुल 15 वाइड और 1 नो-बॉल फेंकी थी, जिससे समय और रन दोनों का नुकसान हुआ.
2 अप्रैल को गिरी अभिषेक शर्मा पर गाज: कोलकाता के ईडन गार्डन्स 2 अप्रैल को KKR के खिलाफ खेले गए मुकाबले में अभिषेक शर्मा ने 48 रन की अहम पारी खेली थी और टीम की जीत में बड़ी भूमिका निभाई थी.
हालांकि मैच के दौरान उनके व्यवहार ने उन्हें मुश्किल में डाल दिया. BCCI ने उन्हें IPL कोड ऑफ कंडक्ट के आर्टिकल 2.3 का उल्लंघन करने का दोषी माना , जो अपमानजनक या अश्लील भाषा के इस्तेमाल से जुड़ा था. इस गलती के लिए उन पर मैच फीस का 25 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया था, और उनके खाते में एक डिमेरिट पॉइंट भी जोड़ा गया था.
31 मार्च को श्रेयस पर लगा जुर्माना: पंजाब किंग्स के कप्तान श्रेयस अय्यर को भी 31 मार्च को गुजरात टाइटन्स के खिलाफ खेले गए मुकाबले में स्लो ओवर रेट के कारण उन पर 12 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया था
स्लोओवर रेट पर क्या है सजा का प्रावधान
स्लो ओवर रेट के मामले में पहली गलती पर 12 लाख रुपये का जुर्माना लगता है. दूसरी बार गलती दोहराई जाती है तो 24 लाख रुपये का जुर्माना लगा और टीम के खिलाड़ियों पर भी आर्थिक दंड लगाया गया.
पहले तीसरी बार स्लो ओवर रेट का दोषी पाए जाने पर बैन लगने की बात थी. तब कप्तान को एक मैच के लिए बैन किया जा सकता था, लेकिन अब यह नियम खत्म हो चुका है.
आईपीएल 2025 में अब नया डिमेरिट पॉइंट सिस्टम लागू किया गया था, जो ICC (International Cricket Council) के नियमों जैसा है. अब मैच रेफरी जो भी सजा देगा, उसके साथ खिलाड़ी या टीम ऑफिशियल को डिमेरिट पॉइंट मिलेंगे. उदाहरण के तौर पर, अगर किसी पर मैच फीस का 25% जुर्माना लगता है, तो उसे 1 डिमेरिट पॉइंट मिलेगा. ये पॉइंट 36 महीने तक रिकॉर्ड में बने रहेंगे और बढ़ते रहेंगे, और ज्यादा पॉइंट होने पर सस्पेंशन भी हो सकता है.
इसके अलावा, Level 2 या Level 3 गलती पर खिलाड़ी, टीम ऑफिशियल या फ्रेंचाइजी BCCI के ओम्बड्समैन के पास अपील कर सकते हैं, लेकिन इसके लिए 90 लाख रुपये फीस देनी होगी, जो अपील पूरी तरह सही साबित होने पर ही वापस मिलेगी.