दिल्ली-NCR में गुरुवार रात अचानक मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है. तेज आंधी, कड़कती बिजली और धूल भरे तूफान ने पूरे इलाके को अपनी चपेट में ले लिया है. मौसम के इस आक्रामक रूप को देखते हुए भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने दिल्ली-NCR के लिए 'रेड अलर्ट' जारी किया है.
हर किसी के मन में यही सवाल है कि चिलचिलाती गर्मी के बीच अचानक इतना भयानक तूफान क्यों आ रहा है? मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस अचानक आए बदलाव का सीधा कनेक्शन पाकिस्तान में बने एक विशेष वेदर सिस्टम से है.
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पाकिस्तान का 'साइक्लोनिक सर्कुलेशन' और दिल्ली का तूफान
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, इस समय सेंट्रल पाकिस्तान और उससे सटे इलाकों के ऊपर एक 'साइक्लोनिक सर्कुलेशन' बना हुआ है. यह हवाओं का एक ऐसा जाल होता है जो अपने आसपास के क्षेत्र में भारी वायुमंडलीय अस्थिरता पैदा करता है.
इस साइक्लोनिक सर्कुलेशन के मजबूत होने के कारण उत्तर-पश्चिम भारत, खासकर दिल्ली-NCR, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के वायुमंडल में अचानक उथल-पुथल शुरू हो गई है. जब पाकिस्तान की तरफ से आ रही यह अस्थिर और गर्म हवाएं भारत के मैदानी इलाकों की नमी से मिलती हैं, तो यह तीव्र आंधी और गरज-चमक वाले बादलों का निर्माण करती हैं.

यही कारण है कि दिल्ली-NCR में अचानक 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने लगीं, जो कभी-कभी 90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार को भी छू रही हैं.
IMD का 'Red Alert': इसका क्या मतलब है?
मौसम विभाग ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली-NCR में रेड अलर्ट जारी किया है. मौसम विज्ञान की भाषा में 'रेड अलर्ट' का मतलब होता है- तुरंत कदम उठाएं और सुरक्षित रहें.
यह अलर्ट तब जारी किया जाता है जब मौसम इतना खराब हो कि उससे जान-माल के नुकसान का खतरा पैदा हो जाए. विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले कुछ घंटों तक दिल्ली और आसपास के इलाकों में तेज आंधी के साथ भारी कड़कड़ाती बिजली, धूल का गुबार और गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है.
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चिलचिलाती गर्मी से राहत, लेकिन खतरा बरकरार
इस तूफान और बारिश का एक सकारात्मक पहलू यह है कि इसने दिल्लीवासियों को पिछले कई दिनों से सता रही उमस और भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है. गुरुवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान 38.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, लेकिन भारी उमस के कारण 'फील्स लाइक' तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के आसपास था.
अब चल रही ठंडी हवाओं और बादलों की आवाजाही के कारण अगले कुछ दिनों में तापमान में अच्छी गिरावट देखने को मिलेगी. मौसम विभाग का अनुमान है कि शुक्रवार से यह सिस्टम और मजबूत हो सकता है, जिससे बारिश और तेज हवाओं का दौर आगे भी जारी रहेगा.

मौसम विभाग की जरूरी सलाह: क्या करें और क्या न करें?
खराब मौसम को देखते हुए IMD ने नागरिकों और स्थानीय प्रशासन के लिए सख्त गाइडलाइंस जारी की हैं...
पाकिस्तान से उठे इस वेदर सिस्टम का असर अगले 24 से 48 घंटों तक बना रह सकता है, इसलिए सतर्कता ही इस मौसम में सबसे बड़ा बचाव है.