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राजा रघुवंशी हत्याकांड के 9 महीने बाद घर में जन्मा बेटा, मां बोलीं- हमारा राजा वापस आ गया, समय और दिन का भी अद्भुत संयोग

Raja Raghuvanshi Rebirth News Indore: इंदौर के चर्चित ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी की हत्या के गम में डूबे परिवार के लिए 'ग्यारस' का दिन एक ऐसी सौगात लेकर आया, जिसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की थी. करीब 9 महीने बाद रघुवंशी परिवार में फिर से 'राजा' की किलकारी गूंजी है. इसे महज एक संयोग कहें या अटूट विश्वास, परिवार इसे अपने बेटे का पुनर्जन्म मान रहा है.

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ग्यारस को राजा की धड़कन रुकी, ग्यारस को ही जन्मा भतीजा.(Photo:ITG)
ग्यारस को राजा की धड़कन रुकी, ग्यारस को ही जन्मा भतीजा.(Photo:ITG)

इंदौर के मशहूर ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी की हत्या ने पूरे देश को दहला दिया था. पिछले कई महीनों से न्याय की गुहार लगा रहा रघुवंशी परिवार गमगीन था, लेकिन रविवार को इस परिवार में एक ऐसी खुशी आई जिसने दुखों के बादल छांट दिए. राजा के बड़े भाई सचिन रघुवंशी के घर बेटे का जन्म हुआ है, जिसे पूरा परिवार 'राजा' की वापसी मान रहा है. क्या कामाख्या के पुजारी की भविष्यवाणी हुई सच...

राजा रघुवंशी के भाई विपिन रघुवंशी ने बताया कि हत्या के बाद जब तेहरवीं हुई थी, तब कामाख्या मंदिर के पुजारी ने कहा था कि भाइयों में से किसी के घर राजा दोबारा जन्म लेगा. उनका कहना था कि राजा की मृत्यु स्वाभाविक नहीं, बल्कि हत्या हुई है, इसलिए वह किसी न किसी रूप में वापस आ सकता है.

विपिन ने बताया कि परिवार में कुल 9 भाई हैं, लेकिन यह सुख उनके भाई सचिन के घर ही आया. वे मानते हैं कि पुजारी की बात सच साबित हुई है. 

मौत और जन्म का समय एक ही

विपिन ने बताया कि जिस दिन उनके भाई राजा रघुवंशी की हत्या हुई थी, उस दिन भी ग्यारस थी और आज भी ग्यारस का ही दिन है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार, राजा की मृत्यु दोपहर 2:40 बजे हुई थी, जबकि आज जन्मा बच्चा भी दोपहर 2:42 बजे पैदा हुआ.

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करीब एक ही समय होने को परिवार एक विशेष संयोग मान रहा है. उनका कहना है कि जिस समय राजा उनसे बिछड़ा था, लगभग उसी समय वह फिर से उनके बीच लौट आया है.

राजा रघुवंशी के बड़े भाई के घर आया 'नन्हा मेहमान'.

राजा का बेटे की तरह ख्याल रखती थी भाभी

विपिन ने आगे बताया कि परिवार ने बच्चे का नाम भी 'राजा' ही रखा है. उन्होंने कहा कि उनकी भाभी पहले राजा का बहुत ख्याल रखती थीं और उसे अपने बच्चे की तरह मानती थीं. इसी वजह से बच्चे का नाम बिना कुंडली के ही 'राजा' रखा गया है, जैसे पहले उनके भाई का रखा गया था.

'ग्यारस पर गया था, ग्यारस पर ही आया'

राजा की मां उमा रघुवंशी ने कहा कि उनके परिवार में फिर से खुशियां लौट आई हैं. उन्होंने बताया कि जिस दिन राजा उन्हें छोड़कर गया था, वह ग्यारस का दिन और दोपहर का समय था. आज भी ग्यारस है और दोपहर में ही यह बच्चा जन्मा है, जिसे वे अपने बेटे की वापसी मान रही हैं. उन्होंने इसे भोलेनाथ की कृपा बताते हुए कहा कि जो कुछ हुआ, वह भगवान की मर्जी से हुआ है. उनके शब्दों में, ''मेरा बेटा फिर से हमारे बीच लौट आया है...''  देखें VIDEO:- 

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रघुवंशी परिवार में फिर लौटी रौनक

उमा रघुवंशी ने बताया कि हमने बच्चे का नाम भी 'राजा' ही रखा है. जब उसे 'राजा' कहकर पुकारते हैं, तो वह ऐसे देखता है जैसे पहले से पहचानता हो. लंबे समय बाद परिवार में खुशियां लौटी हैं. राजा की हत्या के बाद से सभी गम में डूबे थे, लेकिन अब इस जन्म ने घर का माहौल बदल दिया है और हर ओर खुशी नजर आ रही है.

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