गुरुग्राम पुलिस ने शहर में अवैध रूप से रह रहे 13 संदिग्ध बांग्लादेशी नागरिकों को हिरासत में लिया है. पुलिस ने इन सभी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करते हुए इन्हें वापस उनके देश भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
एसीपी क्राइम नवीन शर्मा ने इस कार्रवाई की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया, "लगभग एक महीने पहले, गुरुग्राम पुलिस की क्राइम ब्रांच को गुप्त सूचना मिली थी कि कुछ बांग्लादेशी नागरिक भारत में अवैध रूप से रह रहे हैं और विभिन्न स्थानों पर मजदूरी का काम कर रहे हैं.
इस खुफिया जानकारी पर त्वरित कार्रवाई करते हुए टीम ने छापेमारी की और अवैध रूप से रह रहे 13 बांग्लादेशी नागरिकों को हिरासत में ले लिया."
दस्तावेजों की जांच में हुआ अवैध प्रवेश का खुलासा
पुलिस हिरासत में लिए जाने के बाद जब इन सभी संदिधों के दस्तावेजों का सत्यापन किया गया, तो यह पूरी तरह स्पष्ट हो गया कि इन्होंने भारतीय सीमा में गैर-कानूनी तरीके से प्रवेश किया था. दस्तावेजों की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने इनके Deportation की औपचारिकताएं शुरू कर दी हैं.
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इन 13 बांग्लादेशी नागरिकों को एक इंस्पेक्टर और 23 पुलिसकर्मियों की विशेष टीम की निगरानी में पश्चिम बंगाल के मालदा टाउन भेजा जा रहा है. मालदा पहुँचने के बाद इन्हें अग्रिम प्रत्यर्पण कार्रवाई के लिए वहां की स्थानीय सीमा सुरक्षा और संबंधित सुरक्षा एजेंसियों के हवाले कर दिया जाएगा.
किराएदार बनकर रह रहे थे
पूछताछ में सामने आया है कि ये सभी आरोपी गुरुग्राम के अलग-अलग इलाकों में मजदूर के रूप में काम कर रहे थे और किराएदार बनकर रह रहे थे. इस घटना के बाद पुलिस ने स्थानीय मकान मालिकों और नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी अज्ञात व्यक्ति को किराए पर कमरा देने से पहले पुलिस वेरिफिकेशन जरूर करवाएं. साथ ही, किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों की जानकारी तुरंत पुलिस को देकर देश की सुरक्षा में अपना योगदान दें.