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ललित मोदी ने कहा- सूखा पीड़ितों के लिए 1000 करोड़ का दान दे BCCI और IPL

ललित मोदी ने ट्विटर पर लिखा है‍ कि महाराष्ट्र में सूखे की समस्या को देखते हुए आईपीएल और बीसीसीआई पर दबाव बनाना चाहिए कि वह पीड़ि‍त लोगों के लिए 1000 करोड़ रुपये डोनेट करे.

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पूर्व आईपीएल कमिश्नर ललित मोदी
पूर्व आईपीएल कमिश्नर ललित मोदी

सूखे की मार झेल रहे महाराष्ट्र में आईपीएल मैचों की तैयारी के लिए हजारों लीटर पानी की बर्बादी का मामला कोर्ट तक पहुंच चुका है. शुक्रवार शाम आईपीएल के 9वें सीजन की शुरुआत भी हो चुकी है, वहीं पूर्व आईपीएल कमिश्नर और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में आरोपी ललित मोदी ने ट्विटर के जरिए बीसीसीआई और आईपीएल पर निशाना साधा है.

ललित मोदी ने ट्विटर पर लिखा है‍ कि की समस्या को देखते हुए आईपीएल और बीसीसीआई पर दबाव बनाना चाहिए कि वह पीड़ि‍त लोगों के लिए 1000 करोड़ रुपये डोनेट करे. ललित ने इसके लिए #IPL4DroughtVictims को सपोर्ट करने की भी अपील की है.

एक के बाद एक तीन ट्वीट में ललित मोदी ने लिखा है कि आईपीएल को इस साल अपने लाभ को सूखा पीड़ि‍तों के लिए दान कर देना चाहिए.

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पूर्व आईपीएल कमिश्नर ने लिखा कि आईपीएल और बीसीसीआई को अपनी छवि बदलने की जरूरत है.

गौरतलब है‍ कि महाराष्ट्र के कई इलाके सूखे से पीड़ि‍त हैं, वहीं 7 अप्रैल को बॉम्बे हाई कोर्ट ने भी मामले में बीसीसीआई को कड़ी फटगार लगाई. हालांकि कोर्ट ने नौ अप्रैल को मुंबई में होने वाले पर रोक लगाने से इनकार कर दिया. अदालत ने महाराष्ट्र सरकार से 12 अप्रैल तक जवाब देने को कहा है कि स्टेडियम में पानी की आपूर्ति कहां से होगी.

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कोर्ट ने कहा कि स्टेडियम मेंटेन रखने के लिए जिस तरह पानी बर्बाद किया जा रहा है वह सही नहीं है. कोर्ट ने कहा कि मैच से ज्यादा पानी जरूरी है. क्या सरकार राज्य के हालात देख रही है?

ED शुरू करेगी ललित मोदी के प्रत्यर्पण की कवायद
दूसरी ओर, मुंबई की एक विशेष अदालत ने 1 मार्च को आदेश जारी कर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को आईपीएल के पूर्व चेयरमैन ललित मोदी के खिलाफ प्रत्यर्पण की प्रक्रिया शुरू करने की इजाजत दे दी है. ईडी ललित मोदी और अन्य के खिलाफ मनी लांड्रिंग संबंधी जांच कर रहा है. इस सिलसिले में उसे मोदी को भारत मंगवाने की मंजूरी दी गई है.

अधिकारियों के मुताबिक, ईडी प्रत्यर्पण के आग्रह को अब विदेश मंत्रालय के पास भेजेगा. मंत्रालय को प्रत्यर्पण के लिए इस आग्रह को ब्रिटेन के अधिकारियों के पास भेजना होगा.

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