scorecardresearch
 

20 साल में पहली FIR, फिर 16 केस... गैंगस्टर आशीष चोपड़ा की कहानी, जिसकी जेल में हुई मौत

फिरोजपुर के गैंगस्टर भुवनेश उर्फ आशीष चोपड़ा की होशियारपुर केंद्रीय जेल में मौत हो गई. 20 साल की उम्र में उसके खिलाफ पहली FIR दर्ज हुई थी और अगले नौ साल में हत्या के प्रयास, नशा तस्करी, हथियार और डकैती समेत 16 मामले दर्ज हुए. वह 3 सितंबर 2024 को हुए फिरोजपुर ट्रिपल मर्डर केस में मुख्य आरोपी था.

Advertisement
X
आशीष चोपड़ा पंजाब की अलग-अलग जेलों में बंद रहा है. (Photo- ITG)
आशीष चोपड़ा पंजाब की अलग-अलग जेलों में बंद रहा है. (Photo- ITG)

महज 20 साल की उम्र में जरायम की दुनिया में पहला कदम रखने वाले गैंगस्टर भुवनेश उर्फ आशीष चोपड़ा की मौत हो गई. फिरोजपुर के बहुचर्चित ट्रिपल मर्डर केस के मुख्य आरोपी आशीष चोपड़ा की होशियारपुर केंद्रीय जेल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. 26 अक्टूबर की देर रात जेल में तबीयत बिगड़ने के बाद उसे अस्पताल ले जाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.

आशीष की कहानी पंजाब में अपराध की दुनिया में तेजी से आगे बढ़ने वाले उन नामों में शामिल रही, जिनका शुरुआती जीवन सामान्य पारिवारिक माहौल में बीता, लेकिन बाद में नाम गंभीर आपराधिक मामलों से जुड़ता चला गया. परिवार फिरोजपुर से जुड़ा था. उसके पिता हीरा लाल चोपड़ा कारोबारी हैं, जबकि मां अनु चोपड़ा अरुण ज्योति स्कूल में अध्यापिका थीं. 

आशीष ने भी इसी स्कूल में पढ़ाई की थी. उसे जानने वालों के मुताबिक, स्कूल के दिनों में ही लड़ाई-झगड़ों और बदमाशी को लेकर उसकी चर्चा होने लगी थी. आगे चलकर यही नाम पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज होने लगा.

महज 20 साल की उम्र में दर्ज हुई पहली FIR

20 दिसंबर 1997 को जन्मे आशीष चोपड़ा के खिलाफ 16 दिसंबर 2017 को फिरोजपुर सिटी थाने में हत्या के प्रयास से जुड़ी धारा 307 के तहत मामला दर्ज हुआ था. यह उसके खिलाफ दर्ज शुरुआती मामलों में से एक था. इसके बाद 2017 से 2026 के बीच उसके खिलाफ कुल 16 मामले दर्ज होने की जानकारी सामने आई. इन मामलों में हत्या के प्रयास, नशा तस्करी, हथियार रखने और डकैती जैसे गंभीर आरोप शामिल थे.

Advertisement

उसके खिलाफ केवल फिरोजपुर में ही मामले दर्ज नहीं थे. मोहाली जिले के खरड़, फाजिल्का, पटियाला और अमृतसर में भी उसका नाम आपराधिक मामलों में सामने आया. दर्ज मामलों में आखिरी दौर का एक मामला 12 मई 2026 को घल्ल खुर्द थाने में सामने आया था. इसमें करीब डेढ़ किलो हेरोइन की बरामदगी का जिक्र है. हालांकि, अलग-अलग मामलों में दर्ज आरोपों और अदालत में साबित हुए अपराधों के बीच अंतर करना जरूरी है.

दिनदहाड़े ट्रिपल मर्डर से सुर्खियों में आया

आशीष चोपड़ा का नाम सबसे ज्यादा चर्चा में 3 सितंबर 2024 को आया, जब फिरोजपुर में दिनदहाड़े दो युवकों और एक युवती की गोली मारकर हत्या कर दी गई. मृतकों की पहचान जसप्रीत कौर, दिलदीप सिंह और आकाशदीप के रूप में हुई थी. इस तिहरे हत्याकांड में आशीष का नाम मुख्य आरोपी के तौर पर सामने आया. इसके बाद पुलिस उसकी तलाश में जुट गई.

मामले की गंभीरता को देखते हुए उसकी तलाश तेज की गई और उसके खिलाफ लुकआउट सर्कुलर जारी किए जाने की जानकारी भी सामने आई. करीब 18 महीने बाद 12 मार्च 2026 को पंजाब पुलिस ने उसे दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से गिरफ्तार किया. गिरफ्तारी के बाद उससे पूछताछ हुई और फिर उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया. इस केस ने उसे फिरोजपुर के सबसे चर्चित आपराधिक मामलों में शामिल कर दिया.

Advertisement

पाकिस्तान से तस्करी नेटवर्क से जुड़े होने का आरोप

आशीष चोपड़ा पर नशा तस्करी से जुड़े गंभीर आरोप भी लगे थे. पुलिस सूत्रों के मुताबिक, उसके कथित तौर पर पाकिस्तान में सक्रिय नशा तस्करों से संपर्क होने की जानकारी सामने आई थी. उस पर ड्रोन के जरिए पाकिस्तान से भारत में हेरोइन पहुंचाने वाले नेटवर्क से जुड़े होने का आरोप था. फिरोजपुर का सीमावर्ती इलाका लंबे समय से सीमा पार से नशे की तस्करी की चुनौती का सामना करता रहा है. हालांकि, आशीष की भूमिका से जुड़े आरोपों की पुष्टि संबंधित मामलों के साक्ष्यों और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर ही हो सकती है.

3 नवंबर 2025 को पंजाब पुलिस के एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स और फिरोजपुर पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई में उसके गैंग से जुड़े बताए गए दो युवकों को गिरफ्तार किया था. उनके पास से 205 ग्राम हेरोइन बरामद होने की जानकारी दी गई थी. इस कार्रवाई के बाद भी आशीष और उससे जुड़े कथित नेटवर्क की चर्चा बनी रही.

आठ जेलों में रहा गैंगस्टर

आशीष चोपड़ा पंजाब की अलग-अलग जेलों में बंद रहा. इनमें फिरोजपुर, श्री मुक्तसर साहिब, संगरूर, पटियाला, फाजिल्का, फरीदकोट, कपूरथला और होशियारपुर की जेलें शामिल बताई गई हैं. 23 अक्टूबर को उसे संगरूर जेल से होशियारपुर केंद्रीय जेल में शिफ्ट किया गया था. 

Advertisement

इसके तीन दिन बाद 26 अक्टूबर की देर रात उसकी तबीयत बिगड़ गई. उसे सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया. बताया जा रहा है कि वह कुछ समय से बीमार था. हालांकि, उसकी मौत किस वजह से हुई, यह अभी स्पष्ट नहीं है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट और संबंधित जांच के बाद ही स्थिति साफ होगी. 

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement