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Margaret Alva होंगी विपक्ष की उपराष्ट्रपति पद की उम्मीदवार, शरद पवार ने किया ऐलान

Margaret Alva Vice President candidate: उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए विपक्ष की ओर से उम्मीदवार का ऐलान कर दिया है. विपक्षी दलों ने मार्गरेट अल्वा को उपराष्ट्रपति पद का प्रत्याशी चुना है. 

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मार्गरेट अल्वा (फाइल फोटो) मार्गरेट अल्वा (फाइल फोटो)
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स्टोरी हाइलाइट्स
  • विपक्ष के उपराष्ट्रपति उम्मीदवार के नाम का ऐलान
  • गोवा की राज्यपाल रह चुकी हैं मार्गरेट अल्वा

उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए विपक्ष की ओर से उम्मीदवार का ऐलान कर दिया है. विपक्षी दलों ने मार्गरेट अल्वा को उपराष्ट्रपति पद का प्रत्याशी चुना है. एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार ने मार्गरेट अल्वा के नाम का ऐलान किया है. मार्गरेट अल्वा राजस्थान, गोवा, उत्तराखंड और गुजरात की राज्यपाल रह चुकी हैं. वो कर्नाटक की रहने वाली हैं. 

वहीं बताया जा रहा है कि विपक्ष ने एक ऐसे शख्स को उम्मीदवार बनाया है, जो एनडीए उम्मीदवार जगदीप धनखड़ की तरह ही राज्यपाल रह चुकी हैं और उन्हें भी प्रशासनिक कार्यों का अनुभव है. 

कौन हैं मार्गरेट अल्वा?

मार्गरेट अल्वा का जन्म 14 अप्रैल को 1942 को कर्नाटक के मेंगलोर में हुआ था. उन्होंने अपनी पढ़ाई कर्नाटक में ही पूरी की. उसके बाद मार्गरेट कांग्रेस से जुड़ीं और कांग्रेस ने उन्हें राज्यसभा भेज दिया. वह अलग-अलग मंत्रालयों की समितियों में भी शामिल रहीं. कांग्रेस ने उन्हें 1975 में पार्टी का महासचिव भी बनाया था. अल्वा कुल चार बार राज्यसभा की सदस्य रहीं. उसके बाद 1999 में वो लोकसभा की सदस्य चुनी गईं. 

उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए 6 अगस्त को वोटिंग 

उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए इच्छुक उम्मीदवार 19 जुलाई तक अपने नामांकन पत्र दाखिल कर सकते हैं. नामांकन पत्रों की जांच 20 जुलाई को होगी. उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए नामांकन दाखिल करने वाले उम्मीदवार अपना नामांकन पत्र 22 जुलाई तक वापस ले सकेंगे. देश का अगला उपराष्ट्रपति चुनने के लिए 6 अगस्त को वोटिंग होगी. 

उपराष्ट्रपति चुनने के लिए 6 अगस्त को दिन में 10 बजे से शाम 5 बजे तक वोट डाले जाएंगे. मतदान की प्रक्रिया पूरी होने के बाद उसी दिन वोटों की गिनती भी हो जाएगी और चुनाव के नतीजे भी आ जाएंगे. अगर सत्ता पक्ष और विपक्षी दल, दोनों ही खेमे उपराष्ट्रपति पद के लिए किसी एक उम्मीदवार के नाम पर सहमत हो जाते हैं और आम सहमति बन जाती है तो मतदान की जरूरत नहीं पड़ेगी. ऐसे में उपराष्ट्रपति का आम सहमति से निर्विरोध निर्वाचन भी हो सकता है. हालांकि, इसके आसार कम ही नजर आ रहे हैं. गौरतलब है कि देश के वर्तमान उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू का कार्यकाल 10 अगस्त को खत्म हो रहा है. वेंकैया नायडू का कार्यकाल पूरा होने से चार दिन पहले ही ये साफ हो जाएगा कि देश का अगला उपराष्ट्रपति कौन होगा. 

NDA ने जगदीप धनखड़ को बनाया उम्मीदवार

बता दें शनिवार शाम एनडीए की ओर से उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार की घोषणा की गई थी. बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ को उपराष्ट्रपति का प्रत्याशी घोषित किया था. पीएम मोदी की मौजूदगी में हुई बीजेपी संसदीय बोर्ड की बैठक में धनखड़ के नाम पर मुहर लगी थी. 

 

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