सुप्रीम कोर्ट में पांच और जजो की नियुक्ति की सिफारिश को राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मु ने अपनी मंजूरी दे दी है. चीफ जस्टिस की अगुआई में सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने हाल ही में चार हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीशों और एक वरिष्ठ अधिवक्ता को सुप्रीम कोर्ट में जज नियुक्त करने की सिफारिश की. राष्ट्रपति ने उन्हें सुप्रीम कोर्ट के जज के रूप में नियुक्त करने का वारंट यानी परवाना जारी कर दिया है.
जानकारी के मुताबिक, मंगलवार को इनकी शपथ विधि हो जाएगी. इनके शपथ लेने के साथ ही सुप्रीम कोर्ट में जजों की नव निर्धारित कुल संख्या यानी 38 से एक कम रह जाएगी. हालांकि इसी महीने सुप्रीम कोर्ट के दो जज जस्टिस जे के माहेश्वरी और जस्टिस पंकज मित्थल रिटायर हो रहे हैं.
बता दें, जस्टिस माहेश्वरी 16 जून और जस्टिस मित्थल 28 जून को रिटायर होंगे. यानी फिर तीन रिक्तियां हो जाएंगी.
भारत की राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मु ने भारत के संविधान के अनुच्छेद 124 (2) द्वारा प्रदत्त शक्ति का प्रयोग करते हुए पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस शील नागू, बॉम्बे हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस श्री चंद्रशेखर, मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा और जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस अरुण पल्ली के साथ सुप्रीम कोर्ट की वरिष्ठ वकील वी. मोहना को सुप्रीम कोर्ट के जज के रूप में नियुक्त करने की मंजूरी दी है.
कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इसकी जानकारी शेयर की और सभी को शुभकामनाएं दीं.