scorecardresearch
 

'घुटने नहीं टेके... खामेनेई को सलाम', लोकसभा में बोले सपा सांसद आनंद भदौरिया  

समाजवादी पार्टी के सांसद आनंद भदौरिया ने लोकसभा में स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह खामेनेई का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि खामेनेई ने शहादत को अपनाया, लेकिन अमेरिका के आगे घुटने नहीं टेके.

Advertisement
X
सपा सांसद ने ओम बिरला को बताया शानदार स्पीकर (Photo: Screengrab)
सपा सांसद ने ओम बिरला को बताया शानदार स्पीकर (Photo: Screengrab)

यूपी की धौरहरा लोकसभा सीट से समाजवादी पार्टी के सांसद आनंद भदौरिया ने लोकसभा सभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान ईरान के सुप्रीम लीडर रहे अयातुल्लाह अली खामेनेई का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि हम खामेनेई को सलाम करते हैं कि उन्होंने शहादत को गले लगाना चुना, लेकिन अमेरिका के आगे घुटने नहीं टेके. आनंद भदौरिया ने सरकार पर आरोप लगाया कि आपने अमेरिका के आगे घुटने टेक दिए हैं.

उन्होंने कहा कि हमारे प्रधानमंत्री को लेकर कहा गया कि उनको विपक्ष की महिला सांसदों से खतरा था. आनंद भदौरिया ने कहा कि बीजेपी को यह बताना चाहिए कि गाजा इजरायल युद्ध के बाद दुनिया के किस देश का राष्ट्राध्यक्ष इजरायल के दौरे पर गया. प्रधानमंत्रई को इजरायल दौरे पर भेजकर उनकी सुरक्षा के साथ खिलवाड़ किया गया. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की जान जोखिम में डालने का काम उनको इजरायल भेजकर किया गया, हमारी बहनों से खतरा नहीं था.

आनंद भदौरिया ने निशिकांत दुबे का नाम लिए बिना कहा कि एक सदस्य जो सदन के हाईजैकर हैं, माफिया हैं, सभापति ने नाम भी नहीं लिया और खड़े हो गए. उन्होंने उस दिन की वीडियो निकलवाकर देखने की चुनौती दी और कहा कि स्पीकर के नाम लिए बिना वह खड़े हुए और उनका माइक ऑन भी हो गया. लगे किताब दिखाने. आनंद भदौरिया ने कहा कि हमने आपत्ति की, तब आसन से उनके भाषण के बीच में उनका नाम लिया गया. इस पर रविशंकर प्रसाद ने आपत्ति की.

Advertisement

पीठासीन दिलीप सैकिया ने कहा कि माफिया हटा दिया गया है. आनंद भदौरिया ने आगे कहा कि उस दिन का वीडियो फुटेज निकालिए. हमने आपत्ति करते हुए जब कहा कि आपने नाम ही नहीं लिए और ये बोले जा रहे हैं. तब चेयर से उनका नाम लिया गया था. उन्होंने कहा कि माइक का कंट्रोल सभापति के हाथ में दे दीजिए. कुछ लोग जब आसन पर बैठते हैं, हमसे कहते हैं कि 30 सेकंड में अपनी बात रखिए और खुद चेयर से लंबा-लंबा भाषण देते हैं.

यह भी पढ़ें: 'स्पीकर को फ्रीडम है क्या? उदाहरण दूं कुछ...', लोकसभा में राजीव राय का चैलेंज

अनुराग भदौरिया ने कहा कि हम तो चाहते हैं कि अयोध्या के सांसद अवधेश प्रसाद आसन पर बैठें, लेकिन बीजेपी वाले जब लाल टोपी देखते हैं तब उनके दिल पर सांप लोट जाता है. उन्होंने कहा कि आपने क्या 2014 के बाद संसद की गरिमा नहीं गिराई है. अफसरशाही के हाथों में गिरवी रखने का काम आपने किया है. अनुराग भदौरिया ने कहा कि जनता देखती है कि महंगाई पर संसद में कब बहस होगी. आपने डिप्टी स्पीकर का चुनाव क्यों नहीं कराया. पता नहीं आप किस गुरुर में चूर है.

यह भी पढ़ें: 'ये पाजामा-कुर्ता ओवैसी ने ईद पर दी थी...', लोकसभा में क्या बोले निशिकांत दुबे

Advertisement

अनुराग भदौरिया ने कहा कि राहुल गांधी ने खोली है मोहब्बत की दुकान, क्योंकि नफरती लोगों को प्यार की जरूरत है. जीत ने अंधा कर दिया है तुम्हें, तुमको एक हार की जरूरत है. उन्होंने कहा कि हम चाहते हैं कि संसद की कार्यवाही ऐसी हो, जिस पर पूरे देश को गर्व हो. ओम बिरला पर विश्वास व्यक्त करते हुए अविश्वास प्रस्ताव का समर्थन करता हूं. अनुराग भदौरिया ने कहा कि 39 वर्षों बाद बीजेपी के कुकर्मों के कारण शानदार स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाना पड़ा है.

यह भी पढ़ें: 'रोकिए इनको बोलने से...', किरेन रिजिजू की स्पीच के दौरान जब चेयर से बोले सौगत रॉय

उन्होंने कहा कि संसदीय कार्य मंत्री ने बड़ी चालाकी से विपक्ष पर संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर करने का दोष मढ़ दिया. सच तो यह है कि सभी संवैधानिक संस्थाओं का आपने 2014 के बाद राजनीतिकरण किया है, बीजेपी करण किया है. अनुराग भदौरिया ने कहा कि विपक्ष आसन के संरक्षण के लिए अविश्वास प्रस्ताव लेकर आया है. उन्होंने कहा कि संसदीय कार्य मंत्री जब मौका गिना रहे थे, पीछे बैठे सदस्य कह रहे थे कोई मौका आगे नहीं मिलेगा. कानून मंत्री कह रहे थे, इतना मौका दे दिया इसीलिए दिमाग खराब है.

Advertisement

यह भी पढ़ें: 'लड़का आंख मारे...', रविशंकर प्रसाद ने लोकसभा में क्यों किया इस गाने का जिक्र 

अनुराग भदौरिया ने कहा कि सत्तापक्ष के इसी रवैये के कारण हमें अविश्वास प्रस्ताव लाना पड़ा है. डरपोक बीजेपी की सरकार स्पीकर के आसन के पीछे छिपकर विपक्ष की आवाज दबाना चाह रही है. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी 42 फीसदी मतदाताओं की आवाज हैं. कई लोग ऐसा भाषण कर रहे थे, जैसे वह स्पीकर नहीं राहुल गांधी के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर बोल रहे हों. अनुराग भदौरिया ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी से ही सीख लेते.

यह भी पढ़ें: राहुल गांधी ने लोकसभा में कहा- PM कॉम्प्रोमाइज्ड, रविशंकर प्रसाद तपाक से बोले- नेवर...नेवर...नेवर

उन्होंने कहा कि सदन की गरिमा बनाए रखना विपक्ष से ज्यादा सत्तापक्ष की जिम्मेदारी है. लोकतंत्र में विपक्ष की आवाज सुनी जानी चाहिए. मानता हूं कि ओम बिरला का मन जरूर द्रवित होगा. अनुराग भदौरिया ने कहा कि बीजेपी सरकार ने आसन से जबरदस्ती फैसला कराने का काम किया है. हमारे आठ साथी 12 दिन से संसद की सीढ़ियों पर बैठे हैं. ओम बिरला आसन पर होते, तो शायद ऐसा नहीं होता.
 

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement