मध्यप्रदेश की गंधवानी विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक और कमलनाथ सरकार में वन मंत्री रहे उमंग सिंघार (Umang Singhar) ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (PM Modi) पर विवादित ट्वीट किया है. सिंघार ने पीएम मोदी की काशी विश्वनाथ मंदिर में पौधरोपण करते हुए तस्वीर ट्वीट की है. लिखा है 'सनातन धर्म के पुराणों में जितने भी विनाशकारी राक्षसों का वर्णन है, वे सभी भगवान शिव को ही प्रसन्न करने में लगे रहते थे.
बता दें कि उमंग सिंघार राहुल गांधी के करीबी माने जाते हैं. मध्यप्रदेश कांग्रेस का प्रखर युवा आदिवासी चेहरा हैं. इसी के मद्देनजर उमंग सिंघार को कांग्रेस ने झारखंड में विधानसभा चुनाव के दौरान चुनाव सह प्रभारी बनाया था. उमंग सिंगार उस वक्त सुर्खियों में आए, जब कमलनाथ सरकार के दौरान बतौर वन मंत्री उन्होंने दिग्विजय सिंह पर जबरदस्त हमला किया था और कहा था कि दिग्विजय सिंह पर्दे के पीछे से सरकार चला रहे हैं. कमलनाथ सरकार को ब्लैकमेल कर रहे हैं. इस पर काफी विवाद भी हुआ था. बता दें कि इसी साल उमंग सिंघार के भोपाल स्थित बंगले में एक महिला ने भी खुदकुशी कर ली थी, जिसके बाद उन पर काफी अंगुलियां उठी थीं.
सनातन धर्म के पुराणों में जितने भी विनाशकारी राक्षसों का वर्णन है वे सभी भगवान शिव को ही प्रसन्न करने में लगे रहते थे।
— Umang Singhar (@UmangSinghar)
मध्य प्रदेश बीजेपी ने कहा: यह आस्था का अपमान है
कांग्रेस विधायक के ट्वीट पर मध्यप्रदेश बीजेपी ने भी प्रतिक्रिया देते हुए ट्वीट किया है और लिखा है कि 'कांग्रेसी विधायक ने देवाधिदेव महादेव भगवान भोलेनाथ के विषय में ट्विटर पर जिस तरह का मानसिक वैमनस्य प्रकट किया है, वह अत्यंत शर्मनाक है. उनका ट्वीट दिखाता है कि कांग्रेस का नेतृत्व हिन्दू देवी-देवताओं का अपमान करने से कभी पीछे नहीं हटता. हाल ही में राहुल गांधी ने हिंदुओं का भरसक अपमान किया, जबकि कांग्रेस की प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने मुगलों को महान बताकर उनका महिमामंडन किया था.
ऐसा लगता है कि कांग्रेसी नेताओं के बीच हिन्दू देवी-देवताओं का अपमान करने की प्रतिस्पर्धा चल रही है। प्रतिदिन कोई न कोई नेता हिन्दू आस्था का अपमान करता है।
— BJP MadhyaPradesh (@BJP4MP)
भगवान भोलेनाथ से प्रार्थना है कि इनका मानसिक संक्रमण हटा कर सद्बुद्धि प्रदान करें।
दिग्विजय सिंह, राहुल गांधी सहित कांग्रेस में ऐसे नेताओं की श्रृंखला है, जो हिन्दू देवी-देवताओं का अपमान करने के लिए जाने जाते हैं. कांग्रेसी विधायक ने भोलेनाथ के उपासकों की तुलना राक्षसों से कर करोड़ों-करोड़ शिवभक्तों की आस्था पर आघात किया है. आतंकियों को सम्मानित करने वाले कांग्रेसियों को शिवभक्तों में विनाशकारी राक्षस नजर आ रहे हैं. आखिर काशी विश्वनाथ धाम के पुनरोद्धार से इतनी तकलीफ क्यों?
कांग्रेस के लिए हिन्दू धर्म व देवी देवता केवल चुनावी राजनीति का एजेंडा है. चुनाव आते ही तिलकधारी, जनेऊधारी बनकर मंदिरों के चक्कर काटने लगते हैं. स्वयं को रामभक्त और शिवभक्त बताते हैं, जबकि कांग्रेस की बुनियाद ही हिंदू विरोधी राजनीति पर टिकी है. ऐसा लगता है कि कांग्रेसी नेताओं के बीच हिन्दू देवी-देवताओं का अपमान करने की प्रतिस्पर्धा चल रही है. प्रतिदिन कोई न कोई नेता हिन्दू आस्था का अपमान करता है. भगवान भोलेनाथ से प्रार्थना है कि इनका मानसिक संक्रमण हटाकर सद्बुद्धि प्रदान करें.