दिल्ली में एक बार फिर अफसरों और सरकार के बीच जंग तेज हो गई है. मुख्य सचिव अंशु प्रकाश ने आम आदमी पार्टी के विधायकों पर बदसलूकी का आरोप लगाया है. उनका आरोप है कि ये सब मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की मौजूदगी में हुआ है. हालांकि, मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से इन आरोपों को खारिज कर दिया गया है.
दिल्ली सीएम दफ्तर की तरफ से इन सभी आरोपों को झूठा बताया गया है. हालांकि, ये कहा गया है कि अधिकारियों और विधायकों के बीच तीखी बहस हुई थी. मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से कहा गया है, चीफ सेकेट्ररी ने आप विधायक प्रकाश जरवाल और अजय दत्त के साथ बदसलूकी की. लेकिन विधायकों की तरफ से कोई बदसलूकी नहीं की गई थी. आप विधायकों ने भी इस मुद्दे को लेकर पुलिस में शिकायत दर्ज की है.
सफाई में कहा गया है कि बैठक राशन कार्ड के मुद्दे पर बुलाई गई थी, जिसमें राशन कार्ड को लेकर मुख्य सचिव से सवाल पूछे गए थे. लेकिन उन्होंने कहा कि वह सिर्फ उपराज्यपाल को ही जवाब देंगे, विधायकों और मुख्यमंत्री जवाब नहीं देंगे.
AAP's response to false allegations by Chief Secretary
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— AAP (@AamAadmiParty)
आम आदमी पार्टी की नेता अलका लांबा ने भी इस मुद्दे पर ट्वीट किया है. उन्होंने लिखा कि दिल्ली की जनता अधिकारियों के काम ना करने से परेशान है, बीजेपी और एलजी कब तक काम करने से रोकेंगे.
अधिकारियों के निकम्मेपन की वजह से जनता परेशान है,जिनके राशन कार्ड नहीं बन रहे,पैंशन नहीं पहुँच पा रही,जनता गुस्से में हैं,जनता तो चाहती है कि एक बार इन अधिकारियों को जनता के सामने ले आओ,जनता खुद इनसे हिसाब बराबर कर लेगी,भाजपाई ओर LG कब तक को काम करने से रोकेंगें?
— Alka Lamba (@LambaAlka)
आम आदमी पार्टी के नेता सौरभ भारद्वाज ने भी इस मुद्दे पर बीजेपी को घेरा है. उन्होंने कहा है कि बीजेपी नहीं चाहती है कि गरीबों को राशन मिले, इसलिए अफसरों के जरिए गड़बड़ कर रही है. जो अफसर राशन ठीक से नहीं दिलवाएंगे, उनपर कार्रवाई की जाएगी.
भाजपा नहीं चाहती की ग़रीबों को राशन मिले। इसलिए अफसरो के ज़रिए गड़बड़ कर रही है। हम भाजपा के नापाक इरादों को सफल नहीं होने देंगे। जो अफ़सर राशन ठीक से नहीं दिलवाएँगे, उनके ख़िलाफ़ सख़्त से सख़्त करवाई करेंगे।
— Saurabh Bharadwaj (@Saurabh_MLAgk)
आपको बता दें कि दिल्ली में अधिकारियों और केजरीवाल सरकार के बीच इस प्रकार का विवाद कोई नया नहीं है. इससे पहले भी केजरीवाल सरकार के इस रुख के कारण कई अधिकारियों ने यहां से तबादले की मांग भी की थी. इससे पूर्व में भी पूर्व उपराज्यपाल नजीब जंग के साथ मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का विवाद सामने आ चुका है.