उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य की पुरानी व्यवस्था और वर्तमान कानून व्यवस्था की तुलना करते हुए एक बड़ा बयान दिया है. मुख्यमंत्री ने बताया कि साल 2017 से पहले उन्होंने उत्तर प्रदेश की प्रशासनिक और सामाजिक व्यवस्था को बहुत करीब से महसूस किया था. उस समय सरकारी नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया में भारी विसंगतियां और भ्रष्टाचार व्याप्त था, जिसके कारण प्रदेश के योग्य युवाओं में गहरी निराशा और हताशा का माहौल बन गया था.