उत्तर प्रदेश एसटीएफ ने अंबेडकरनगर जिले में बड़ी कार्रवाई करते हुए एक लाख रुपये के इनामी डकैत आसिफ उर्फ विक्की छैमार को मुठभेड़ में मार गिराया. गोली लगने के बाद उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. आरोपी कई राज्यों में डकैती और हत्या के मामलों में वांछित था. उसके खिलाफ 21 से अधिक आपराधिक मुकदमे दर्ज थे.
मंगलवार को उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) की नोएडा यूनिट ने अंबेडकरनगर के बिवाना क्षेत्र में आसिफ उर्फ विक्की छैमार को घेर लिया। खुद को घिरता देख आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी. जवाबी कार्रवाई में वह गोली लगने से घायल हो गया. पुलिस उसे तुरंत अस्पताल लेकर पहुंची, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई.
एडीजी (लॉ एंड ऑर्डर) अमिताभ यश के अनुसार, मृतक की पहचान कानपुर नगर जिले के बिल्हौर थाना क्षेत्र के माकनपुर गांव निवासी आसिफ उर्फ विक्की छैमार के रूप में हुई है. उसकी गिरफ्तारी पर उत्तर प्रदेश पुलिस ने एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया था. वह लंबे समय से फरार चल रहा था और कई गंभीर मामलों में पुलिस को उसकी तलाश थी.
आसिफ वर्ष 2014 में जौनपुर के शाहगंज क्षेत्र में हुई चर्चित डकैती और डबल मर्डर केस का मुख्य आरोपी था. इस वारदात में बदमाशों ने एक परिवार को घर में बंधक बनाकर लूटपाट की थी. विरोध करने पर परिवार के पांच लोगों पर धारदार हथियारों से हमला किया गया था. इनमें दो महिलाओं की बाद में इलाज के दौरान मौत हो गई थी.
एसटीएफ के मुताबिक, आरोपी का आपराधिक इतिहास काफी लंबा था. उसके खिलाफ उत्तर प्रदेश, हरियाणा और राजस्थान में डकैती, हत्या और अन्य गंभीर अपराधों के 21 से अधिक मुकदमे दर्ज थे. वह कई वर्षों से पुलिस की पकड़ से बचता आ रहा था और लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था.
जांच एजेंसियों के अनुसार, आसिफ का नाम वर्ष 2013 के सुल्तानपुर डकैती और हत्या कांड, 2015 के कौशांबी डकैती व डबल मर्डर केस, 2015 में मुजफ्फरनगर की कई सशस्त्र डकैतियों और वर्ष 2021 के कानपुर देहात हत्या मामले में भी सामने आया था. इन मामलों में पुलिस काफी समय से उसकी तलाश कर रही थी.
एसटीएफ ने मुठभेड़ स्थल से एक .32 बोर की पिस्टल, 12 बोर की देसी पौनिया, बड़ी संख्या में कारतूस और एक मोटरसाइकिल बरामद की है. पुलिस इन हथियारों और वाहन की फॉरेंसिक जांच भी कराएगी, ताकि आरोपी के अन्य अपराधों से जुड़े साक्ष्य जुटाए जा सकें.
पुलिस जांच में सामने आया है कि आसिफ और उसका गैंग बेहद खतरनाक तरीके से वारदात को अंजाम देता था. गिरोह रात के समय घरों में घुसकर पूरे परिवार को बंधक बना लेता था और हथियारों के बल पर डकैती करता था. यदि कोई विरोध करता था तो उसकी हत्या करने से भी पीछे नहीं हटता था. एसटीएफ का कहना है कि इस कार्रवाई से एक बड़े आपराधिक गिरोह की गतिविधियों पर प्रभाव पड़ेगा.