दिल्ली में मौजूद पंजाबी सिंगर गुरु रंधावा के जिम पर हुई फायरिंग के मामले में दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच को बड़ी सफलता मिली है. पुलिस ने इस मामले में लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अमन और तुषार के रूप में हुई है. जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपी गैंग के लिए काम करते हैं और फायरिंग की साजिश में शामिल थे. पुलिस अब इनके नेटवर्क और अन्य साथियों की भी तलाश कर रही है.
पुलिस के अनुसार अमन और तुषार ने वारदात से पहले जिम की रेकी की थी. जांच में यह भी पता चला है कि जिस समय जिम के बाहर फायरिंग की गई, उस दौरान दोनों आरोपी मौके पर मौजूद थे. क्राइम ब्रांच ने तकनीकी साक्ष्यों और अन्य इनपुट के आधार पर दोनों को गिरफ्तार किया. पूछताछ में कई अहम जानकारियां मिलने की उम्मीद जताई जा रही है.
गौरतलब है कि 11 जून को राजधानी दिल्ली के पश्चिम विहार इलाके में स्थित गुरु रंधावा के मालिकाना हक वाले जिम के बाहर अज्ञात हमलावरों ने ताबड़तोड़ गोलियां चलाई थीं. घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल बन गया था. फायरिंग की सूचना मिलते ही पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां मौके पर पहुंच गई थीं. इसके बाद पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बढ़ा दी गई थी.
इस सनसनीखेज फायरिंग की जिम्मेदारी कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग ने ली थी. सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक कथित पोस्ट और ऑडियो क्लिप के जरिए गैंग की ओर से इस हमले का दावा किया गया था. इस दावे के सामने आने के बाद पुलिस ने गैंग के एंगल से जांच को और तेज कर दिया था. सुरक्षा एजेंसियां लगातार इस मामले से जुड़े हर पहलू की पड़ताल कर रही थीं.
वायरल ऑडियो क्लिप में कथित तौर पर गैंग के एक सदस्य को यह कहते हुए सुना गया था कि गुरु रंधावा के अभिनेता सलमान खान के साथ करीबी संबंध हैं, इसलिए उन्हें निशाना बनाया गया. ऑडियो में यह भी कहा गया था कि यह हमला सिर्फ एक ट्रेलर है. हालांकि पुलिस ने इन दावों की स्वतंत्र रूप से जांच शुरू की थी और ऑडियो की सत्यता को भी परखा जा रहा था.
घटना के तुरंत बाद दिल्ली पुलिस ने जिम के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और मौके से मिले अन्य सबूतों को कब्जे में लिया था. जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी थीं कि फायरिंग वास्तव में लॉरेंस बिश्नोई गैंग ने करवाई थी या फिर किसी ने गैंग का नाम लेकर दहशत फैलाने की कोशिश की थी. इसी दिशा में कई टीमों को जांच में लगाया गया था.
दिल्ली पुलिस ने उस समय जारी बयान में बताया था कि 11 जून 2026 की सुबह थाना पश्चिम विहार ईस्ट क्षेत्र में स्थित 24 आवर्स फिटनेस जिम में फायरिंग की घटना की पीसीआर कॉल मिली थी. प्रारंभिक जांच में सामने आया कि चेहरे कपड़े से ढके बाइक सवार दो अज्ञात बदमाशों ने जिम के शीशों पर कई राउंड फायरिंग की थी. राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी व्यक्ति को चोट नहीं आई. पुलिस ने तुरंत कानूनी कार्रवाई शुरू कर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कई टीमें गठित की थीं, जिसके बाद अब दो आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है.