प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साल 2020 के आखिरी दिन कोरोना वैक्सीन को लेकर बड़ी जानकारी दी. गुजरात के राजकोट में एम्स की आधारशिला रखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश में वैक्सीन की तैयारियां अब अंतिम चरण में हैं. जल्द ही दुनिया का सबसे बड़ा टीकाकरण अभियान शुरू होगा. पीएण मोदी ने साथ ही कई सावधानी बरतने की बात भी कही. पीएम के संबोधन में क्या रहा खास, जानिए...
1. साल 2020 चुनौतियों से भरा हुआ रहा, नया साल 2021 इलाज की आशा लेकर आ रहा है, भारत में वैक्सीन को लेकर हर जरूरी तैयारी चल रही है.
2. वैक्सीन हर वर्ग तक पहुंचे इसके लिए कोशिशें अंतिम चरण में हैं, दुनिया का सबसे बड़ा टीकाकरण अभियान चलाए जाने की तैयारी जोरों पर है.
3. दवाई आने से छूट मिल जाएगी ऐसे भ्रम में मत रहिएगा. पहले मंत्र था ‘जब तक दवाई नहीं, तबतक ढिलाई नहीं’, लेकिन नए साल के लिए मंत्र होगा ‘दवाई भी और कड़ाई भी’
4. देश में कई तरह की अफवाहें फैलती हैं, जब वैक्सीन का काम शुरू होगा तब भी अफवाहों का बाजार तेजी से चलेगा. वैक्सीन को लेकर अफवाहों को गर्म ना होने दें, सोशल मीडिया पर कुछ भी दिखे तो उसे आगे ना बढ़ाएं.
5. 2021 हेल्थ सॉल्यूशन का साल होने वाला है. भारत अब फ्यूचर ऑफ हेल्थ, हेल्थ ऑफ फ्यूचर में अहम रोल निभाने जा रहा है. भारत ने मदद के लिए मानवता के पैमाने को सबसे ऊपर रखा है.
भारत Future of Health और Health of Future दोनों में ही सबसे महत्त्वपूर्ण रोल निभाने जा रहा है।
— BJP (@BJP4India)
जहां दुनिया को Competent Medical Professionals भी मिलेंगे, उनका सेवाभाव भी मिलेगा।
- पीएम श्री
6. नई बीमारियां अब ग्लोबली फैल रही हैं, ऐसे में इनका इलाज भी दुनिया को एक साथ करना चाहिए. अगर अलग-अलग प्रयास करेंगे तो फायदा नहीं होगा.
7. लोग अपनी सेहत का ध्यान रखें, सावधानी बरतें. 2020 ने हमें स्वास्थ्य के प्रति चिंता करना सिखाया, अब नए साल में इस ओर अधिक तेजी से काम करने की जरूरत है.
8. आयुष्मान भारत के तहत हेल्थ सेंटर्स बनाए जा रहे हैं, अबतक डेढ़ करोड़ लोगों को इसका फायदा मिला है. आयुष्मान भारत योजना से गरीबों के 30 हजार करोड़ रुपये से अधिक बच गए हैं. देश में 7 हजार जन औषधि केंद्र बनाए गए हैं, जहां कम कीमत पर दवाई मिल रही हैं.
9. इस साल कई कोरोना वॉरियर्स ने अपनी जान गंवाई है, साल के आखिरी दिन उन्हें नमन करना का है. पूरे साल देश के अलग-अलग हिस्सों में लोगों ने किसी को भूखा नहीं सोने दिया और सेवा की.
10. 2014 से पहले सिर्फ 6 एम्स तैयार थे, हमने 6 साल में 10 एम्स पर काम शुरू कर दिया है. एम्स की तर्ज पर ही सुपरस्पेशिलिटी अस्पताल भी बनाए जा रहे हैं.