scorecardresearch
 

शेयर बाजार में आज फिर क्‍यों तबाही? सेंसेक्‍स 900 अंक गिरा, झटके में 7 लाख करोड़ स्‍वाहा!

शेयर बाजार में भारी गिरावट देखने को मिली है. सेंसेक्‍स 900 अंकों से ज्‍यादा गिरा है, जिस कारण निवेशकों के आज 7 लाख करोड़ रुपये डूब गए. निफ्टी बैंक 1000 अंक से ज्‍यादा गिरा है.

Advertisement
X
शेयर बाजार में भारी गिरावट. (Photo: Reuters)
शेयर बाजार में भारी गिरावट. (Photo: Reuters)

शेयर बाजार में गिरावट थमने का नाम नहीं ले रही है. हर दिन बाजार में निवेशकों को तगड़ा नुकसान उठाना पड़ रहा है. गुरुवार को निवेशकों को करीब 6 लाख करोड़ रुपये का नुकसान हुआ था, तो शुक्रवार को शेयर बाजार में निवेशकों को 7 लाख करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है. बीएसई मार्केट कैप‍िटलाइजेशन 433 लाख करोड़ रुपये पर आ चुका है. 

टॉप 30 शेयरों वाला सेंसेक्‍स 923.58 अंक या 1.21% टूटकर 75,117.6 पर करोबार कर रहा था. निफ्टी50 310 अंक या 1.32 फीसदी गिरकर 23323 पर था. बैंक निफ्टी में भी 1000 अंकों से ज्‍यादा की गिरावट देखी गई है. टॉप 30 के 26 शेयर बिखरे हुए हैं और 4 शेयरों में तेजी है. टाटा स्‍टील, बीईएल, इंडिगो और एलएंडटी के शेयरों में 3 फीसदी से ज्‍यादा की गिरावट देखी गई है. 

क्‍यों आई शेयर बाजार में गिरावट? 

कच्चे तेल की कीमतों में उछाल
ईरान द्वारा दो तेल टैंकरों पर किए गए हमलों के बाद कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल आया, जिससे होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के रास्ते तेल की आपूर्ति में बाधा आने की आशंका बढ़ गई. गुरुवार को ब्रेंट क्रूड वायदा 100 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया, जिसके बाद इसकी कीमतें स्थिर हो गईं. 

Advertisement

ग्‍लोबल मार्केट में कमजोर संकेत 
जियो-पॉलिटिक टेंशन के कारण ग्‍लोबल मार्केट भी दबाव में दिखाई दिया. एशियाई बाज़ारों में, दक्षिण कोरिया का KOSPI, जापान का Nikkei 225, चीन का SSE Composite Index और हांगकांग का Hang Seng Index गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे. अमेरिका में, Dow Jones Industrial Average, S&P 500 और Nasdaq Composite सूचकांकों में भारी गिरावट दर्ज की गई. Dow Jones 700 अंकों से ज़्यादा गिरकर इस साल पहली बार 47,000 के स्तर से नीचे बंद हुआ. 

FIIs द्वारा लगातार बिकवाली
विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने घरेलू बाजार में अपनी बिकवाली का सिलसिला जारी रखा. एक्सचेंज के आंकड़ों के अनुसार, गुरुवार को FIIs ने 7,049.87 करोड़ रुपये के शेयर बेचे. मार्च महीने में अब तक, विदेशी निवेशकों ने 39,000 करोड़ रुपये से ज़्यादा के शेयर बेचे हैं. 
 

US Fed की नीति पर नजर
निवेशक फेडरल रिज़र्व के नीतिगत फ़ैसले का भी इंतजार कर रहे हैं, जिसकी बैठक 17 मार्च को होनी है. HDFC Securities में Prime Research के प्रमुख, देवरश वकील ने कहा कि व्यापक रूप से यह उम्मीद की जा रही है कि केंद्रीय बैंक ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं करेगा.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement