
करीब एक दशक के बाद ऐसा हुआ है, जब बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) पर लिस्टेड सभी कंपनियों का मार्केट कैप देश की सकल घरेलू उत्पाद (GDP) से ज्यादा हो गया है.
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक इससे पहले सितंबर 2010 में भी इसी तरह जीडीपी से आगे BSE का कुल मार्केट कैप निकल गया था. उस समय BSE का कुल मार्केट कैप देश की GDP अनुपात के 100.7 फीसदी पर पहुंच गया था. फिलहाल 15 जनवरी तक जीडीपी के अनुपात में बीएसई का मार्केट कैप 195.4 लाख करोड़ रुपये हो गया था. जबकि इस दौरान जीडीपी का 194.8 लाख करोड़ रुपये के आसपास था.

जीडीपी का यह आंकड़ा राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) द्वारा वित्त वर्ष 2021 के एडवांस अनुमान के आधार पर है. इस सरकारी एजेंसी का चालू वित्त वर्ष की दूसरी छमाही में जीडीपी अनुमान साल-दर-साल आधार पर 11 फीसदी पर है. हालांकि, पहली छमाही में करीब 20 फीसदी का संकुचन देखने को मिला था. वित्त-वर्ष 2020-21 की पहली तिमाही में जीडीपी में 23.9 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई, जबकि दूसरी तिमाही में 7.5 फीसदी गिरावट देखी गई.
गौरतलब है कि कोरोना संकट के दौरान जीडीपी और शेयर बाजार दोनों में भारी गिरावट दर्ज की गई थी. लेकिन शेयर बाजार अपने मार्च के लो से रिकवर करते हुए अब लगातार उच्चतम स्तर का नया रिकॉर्ड बना रहा है. वहीं जीडीपी में अभी संकुचन देखने को मिल रहा है. शेयर बाजार में शानदार तेजी की वजह से लगभग सभी कंपनियों के मार्केट कैप में भी भारी उछाल आया है.