scorecardresearch
 

1.72 लाख करोड़ का निवेश, UPI, टैक्‍स फ्री व्‍यापार... 10 पॉइंट में समझें भारत-न्‍यूजीलैंड समझौता!

40 साल बाद कोई भारतीय पीएम न्‍यूजीलैंड के दौरे पर पहुंचे. यह दौरा इसलिए भी खास रहा, क्‍योंकि दोनों देशों के बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट अपडेट के अलावा, 10 बड़े समझौतों पर साइन हुए. इसके साथ ही दोनों देशों के बीच 18 बड़े फैसले लिए गए.

Advertisement
X
भारत और न्‍यूजीलैंड में 10 बड़े समझौतें. (Photo: PTI)
भारत और न्‍यूजीलैंड में 10 बड़े समझौतें. (Photo: PTI)

भारत के पीएम नरेंद्र मोदी न्‍यूजीलैंड दौरे पर हैं और इस दौरान दोनों देशों के बीच 10 खास समझौते और 18 बड़े फैसले हुए हैं. भारत और न्‍यूजीलैंड ने दोनों देशों के बीच कारोबार को 2030 तक 35,000 करोड़ रुपये करने का टारगेट रखा है. भारत न्‍यूजीलैंड को केमिकल्‍स, प्रोसेसिंग फूड, एग्री प्रोडक्‍ट्स और अन्‍य चीजों की सप्‍लाई करेगा. वहीं न्‍यूजीलैंड से किवी, अन्‍य फल और क्रिटिकल्‍स मिनिरल्‍स समेत कई चीजें सस्‍ती कीमतों पर भारत आएंगी. 

पीएम मोदी और न्यूजीलैंड के ऑकलैंड में प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन के साथ द्विपक्षीय बैठक में डील साइन की गई है. पीएम मोदी ने कहा कि रिकॉर्ड 9 महीने में दोनों देशों के बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) किया गया है. फ्री ट्रेड एग्रीमेंट का मतलब है कि भारत से न्‍यूजीलैंड जाने वाली ज्‍यादातर चीजों पर शून्‍य टैक्‍स लगेगा. वहीं न्‍यूजीलैंड से आने वाली वस्‍तुओं पर भी कम या शून्‍य टैक्‍स लगाया जाएगा. 

इस डील के तहत न्‍यूजीलैंड अगले 15 सालों में भारत 1.72 लाख करोड़ (20 अरब डॉलर) निवेश करेगा. यह एक बड़ा निवेश है, जिससे भारत के विकसित होने में मदद मिलेगा.  आइए 10 पॉइंट में समझतें हैं भारत और न्‍यूजीलैंड के बीच खास डील... 

10 पॉइंट में समझें भारत-न्‍यूजीलैंड समझौता

  1. 2030 तक सहयोग बढ़ाने का रोडमैप तैयार किया जाएगा. दोनों देश मिलकर व्‍यापार, डिफेंस, एजुकेशन, एग्रीकल्‍चर, स्‍पोर्ट्स, कल्‍चर और टुरिज्‍म पर फोकस करेंगे और व्‍यापार को 35,000 करोड़ रुपये तक बढ़ाएंगे. 
  2. डिफेंस और समुद्री मार्ग में दोनों देश सहयोग बढ़ाएंगे. संयुक्‍त अभ्‍यास और आपदा में राहत सहयोग करेंगे. इससे समुद्री निगरानी मजबूत होगी. नौसैनिक चार्ट और डेटा भी शेयर किया जाएगा. 
  3. दोनों देश की सेनाएं जरूरत पड़ने पर एक दूसरे को लॉजिस्टिक सुविधा भी देंगी. इससे रक्षा सहयोग बढ़ेगा. 
  4. आतंकवाद के खिलाफ संयुक्‍त कार्य समूह बनाया जाएगा, ताकि आतंकवाद के खिलाफ मोर्चा शुरू किया जा सके. खुफिया जानकारी भी शेयर करने को लेकर समझौता किया गया है. 
  5. डेयरी और पशुपालन को लेकर नई टेक्‍नोलॉजी और विशेषज्ञता शेयर की जाएगी, जिससे किसानों और खाद्य सुरक्षा को लाभ मिलेगा. 
  6. दोनों देशों के बीच पर्यटन को लेकर भी समझौता हुआ है. दोनों देश आवागमन को आसान बनाएंगे, जिससे पर्यटन सेक्‍टर में नए रोजगार के अवसर खुलेंगे. 
  7. हाई परफॉर्मेंश स्‍पोर्ट्स, स्‍पोर्ट्स साइंस और स्‍पोर्ट्स मेडिसिन में सहयोग . रग्‍बी, रोइंग, एथ‍लिट्स और गोल्‍फ जैसे स्‍पोर्ट्स को सपोर्ट मिलेगा. 
  8. रोजगार, कारोबार और निवेश को बढ़ाने के लिए 2030 तक 35,000 करोड़ के कारोबार का लक्ष्‍य रखा गया है. 
  9. फूड टेक्‍नोलॉजी और सुरक्षा में सहयोग बढ़ेगा. कीवी को लेकर नया एक्‍शन प्‍लान तैयार किया जाएगा. 
  10. न्‍यूजीलैंड कई तरीके से अगले 15 साल में 1.72 लाख करोड़ रुपये का निवेश करेगा और भारत-न्‍यूजीलैंड के बीच ज्‍यादातर चीजें 'शून्‍य' टैक्‍स पर आयात-निर्यात होंगी. 
  11. भारत के UPI को न्यूजीलैंड के फास्ट पेमेंट सिस्टम से जोड़ने पर सहमति बनी है, जिससे डिजिटल पेमेंट बेहद आसान हो जाएगा.

गौरतल है कि पीएम मोदी की मौजूदगी में ये डील साइन हुआ है. पीएम मोदी 6 से 11 जुलाई तक अपनी तीन देशों की यात्रा के अंतिम चरण में न्यूजीलैंड हैं. यह 40 साल बाद किसी भारतीय पीएम की न्यूजीलैंड यात्रा है. इससे पहले 1986 में राजीव गांधी न्यूजीलैंड गए हुए थे. 

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement