जब UN जनरल असेंबली (UNGA) में दुनिया भर के नेता जमा हुए थे, तो सीरिया के राष्ट्रपति अहमद अल-शारा का ध्यान कहीं और था वे अपने स्मार्टफ़ोन पर इंस्टाग्राम रील्स देख रहे थे.
कुर्दिस्तान 24 की रिपोर्ट के मुताबिक UNGA के एक अनौपचारिक वीडियो में अल-शारा को आराम से अपना फ़ोन इस्तेमाल करते, इंस्टाग्राम पर रील्स स्क्रॉल करते और रील्स भेजते हुए देखा गया. इस दौरान तुर्की के राष्ट्रपति एर्दोगान पोडियम से भाषण दे रहे थे.
वीडियो में अल-शारा एक हाथ से मोबाइल को ढककर दूसरी उंगली से स्क्रीन स्क्रॉल कर रहे हैं.
यह दूसरी बार है जब अल-शारा UN जनरल असेंबली में शामिल हुए हैं; इससे पहले 2025 में लगभग 60 सालों में UNGA में दुनिया के नेताओं को संबोधित करने वाले सीरिया के पहले प्रतिनिधि के तौर पर उन्होंने हिस्सा लिया था.
बशर अल-असद को सत्ता से हटाने वाले विद्रोही हमले का नेतृत्व करने के बाद अल-शारा जनवरी 2025 में सीरिया के अंतरिम राष्ट्रपति बने थे.
मंगलवार को UN जनरल असेंबली की सालाना बैठक में हाई-लेवल आम बहस शुरू हुई, जिसमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप समेत करीब 130 देशों के राष्ट्राध्यक्ष और सरकार प्रमुख शामिल हुए.
यह बहस UNGA के सालाना सत्र का मुख्य कार्यक्रम है, जो 8 सितंबर को शुरू हुआ था, जब बांग्लादेश के खलीलुर रहमान ने अध्यक्ष का पद संभाला था.
सत्र की शुरुआत UN महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने की. जिन्होंने अपनी सालाना रिपोर्ट पेश की.
न्यूयॉर्क पहुंचे सीरियाई राष्ट्रपति अहमद अल शारा ने कहा कि सीरिया निर्माण के एक नए चरण की नींव रख रहा है, जिसमें नए संस्थानों की स्थापना, देश की राजनीतिक और कानूनी रूपरेखा को पुनः आकार देने और क्षेत्र में अपनी जगह बहाल करने पर ध्यान केंद्रित किया गया है.
न्यूयॉर्क में अटलांटिक काउंसिल के एक कार्यक्रम में बोलते हुए राष्ट्रपति अल शारा ने कहा कि सीरिया एक नई सेना और राज्य संस्थाओं का निर्माण कर रहा है, मौजूदा कानूनों की समीक्षा कर रहा है और एक नया संविधान तैयार कर रहा है.
सीरियाई राष्ट्रपति ने कहा कि इज़रायल सीरिया के भीतर हमले, घुसपैठ, गिरफ्तारियां और बमबारी जारी रखे हुए हैं. उन्होंने कहा कि गोलन सीरियाई क्षेत्र है और सीरिया इजरायल को कूटनीति के जरिए जवाब दे रहा है.
उन्होंने कहा कि सीरिया से विदेश फौजें कम की जा रही है. उन्होंने कहा कि सीरिया में रूसी ठिकानों की संख्या लगभग 170 से घटकर दो रह गई है, शेष ठिकानों को सीरियाई सेना के लिए प्रशिक्षण केंद्रों में बदल दिया गया है.
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