इजरायल की सेना यानी IDF ने एक बड़ा एलान किया है. उनका कहना है कि उन्होंने हमास के फाइनेंस डिपार्टमेंट के मुखिया मोहम्मद अबू अलवान को मार गिराया है. IDF के मुताबिक अबू अलवान हमास के लिए पैसों का पूरा हिसाब-किताब संभालता था. उसने हमास की गतिविधियों को चलाने के लिए एक अरब शेकेल से ज्यादा रकम ट्रांसफर करवाई थी. सेना का यह भी दावा है कि वह हाल में सीजफायर तोड़कर हमास की ताकत को फिर से खड़ा करने में जुटा था. इसी वजह से उसे निशाना बनाया गया.
IDF ने अपने आधिकारिक बयान में कहा है कि मोहम्मद अबू अलवान हमास के फाइनेंस डिपार्टमेंट का प्रमुख था. उसका काम था हमास की सभी शाखाओं के लिए बजट तैयार करना और पैसों का बंटवारा तय करना. यानी हमास के अंदर पैसा कहां जाएगा और कैसे खर्च होगा, यह सब वही देखता था.
सेना का दावा है कि अबू अलवान ने अपने कार्यकाल के दौरान एक अरब शेकेल से भी ज्यादा रकम को अलग-अलग जगह भेजा. यह पैसा हमास की आतंकी गतिविधियों को चलाने के काम आता था. IDF के मुताबिक इतनी बड़ी रकम संभालने की वजह से वह हमास के लिए एक बेहद अहम शख्स बन गया था. सेना का कहना है कि उसकी भूमिका हमास के शासन को बनाए रखने और उसे जिंदा रखने में बहुत बड़ी थी.
यह भी पढ़ें: कतर से हमास को मिल रही थी फंडिंग... रिपोर्ट के दावे पर इजरायली PM नेतन्याहू घिरे, विपक्ष ने उठाए सवाल
इसके अलावा इजरायली सेना ने यह भी आरोप लगाया है कि अबू अलवान हाल के दिनों में हमास की ताकत को दोबारा खड़ा करने की कोशिश कर रहा था. सेना के अनुसार यह काम सीजफायर समझौते का सीधा उल्लंघन था. यानी जो शर्तें दोनों पक्षों के बीच तय हुई थीं, उन्हें तोड़ा जा रहा था. IDF का कहना है कि इसी खतरे को खत्म करने के लिए यह कार्रवाई की गई.
यह ध्यान रखना जरूरी है कि यह पूरी जानकारी इजरायली सेना के बयान पर आधारित है. अभी तक हमास की तरफ से इस दावे पर कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.
aajtak.in