राखी बंधवाकर दिल्ली लौटा था इकलौता बेटा... IAS बनने का था सपना, सत्य निकेतन हादसे में मृत MP के अक्षत यादव की दास्तां

Delhi Satya Niketan Building Collapse: कटनी के 19 वर्षीय छात्र अक्षत यादव की दिल्ली में PG इमारत ढहने से मौत. IAS बनने का सपना लेकर गए छात्र का रक्षाबंधन के ठीक बाद दर्दनाक अंत. परिजनों में पसरा मातम.

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दिल्ली में दर्दनाक हादसे का शिकार हुए DU छात्र अक्षत यादव.(File Photo:PTI) दिल्ली में दर्दनाक हादसे का शिकार हुए DU छात्र अक्षत यादव.(File Photo:PTI)

aajtak.in

  • नई दिल्ली/मध्य प्रदेश,
  • 07 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 10:55 PM IST

जब मध्य प्रदेश का युवा छात्र अक्षत यादव भारतीय प्रशासनिक सेवा यानी IAS अफसर बनने के मकसद से नई दिल्ली गया, तो उनके परिवार को पता नहीं था कि एक दिन उनका सपना हमेशा के लिए एक इमारत के मलबे के नीचे दब जाएगा.

कटनी जिले का रहने वाला अक्षत यादव उन सात लोगों में शामिल था जिनकी मौत रविवार को दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में पांच मंजिला PG के ढहने से हो गई. दिल्ली यूनिवर्सिटी का यह 19 साल का छात्र एक दिन IAS बनने उम्मीद के साथ राष्ट्रीय राजधानी आया था.

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कटनी के तुलसी नगर इलाके की दुबे कॉलोनी के रहने वाला यह किशोर रक्षाबंधन के लिए घर आया था. त्योहार मनाने के बाद वह अपने सपने को पूरा करने के लिए दो दिन बाद दिल्ली लौट गया.

पड़ोसियों ने बताया कि अक्षत की दुखद मौत की खबर मिलने पर उनके दुखी माता-पिता, छोटी बहन और परिवार के दूसरे सदस्य सोमवार को दिल्ली पहुंचे और शव की पहचान करने के बाद उसे एम्बुलेंस में रखकर सड़क मार्ग से कटनी ले आए.

मृतक के बचपन के दोस्त और नर्सरी से 12वीं कक्षा तक साथ पढ़ने वाले कृष्णा रजक ने एक न्यूज एजेंसी को बताया कि अक्षत यादव ने पिछले साल कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET) पास किया था और दिल्ली यूनिवर्सिटी से BCom की डिग्री लेने के लिए राजधानी में रह रहा था.

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अक्षत पढ़ाई में बहुत अच्छा था. वह IAS की तैयारी करना चाहता था. जब भी हम बात करते थे, वह हमेशा अपनी तैयारी (सिविल सेवा परीक्षा के लिए) के बारे में बात करता था."

कृष्णा ने कहा कि अक्षत रक्षाबंधन यानी 28 अगस्त पर ही कटनी आया था, लेकिन वह उनसे मिल नहीं पाया, जिसका अफसोस अब जिंदगी भर रहेगा.

जब से यह दुखद खबर आई है, अक्षत के माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है. उनकी छोटी बहन की हालत सबसे ज्यादा खराब है."

दिल्ली की जिस इमारत में अक्षत किरायेदार के तौर पर रह रहे थे, वह रविवार को दोपहर करीब 1:30 बजे मरम्मत के काम के दौरान ढह गई. इसमें लड़कों के लिए पेइंग गेस्ट (PG) अकोमोडेशन था. इमारत गिरने की खबर फैलते ही, कटनी में अक्षत के घर पर परेशान स्थानीय लोगों और पड़ोसियों की भीड़ जमा हो गई, क्योंकि उन्हें पता चला था कि वह उस दुर्भाग्यपूर्ण इमारत में रहने वालों में से एक थे.

पड़ोसी संदीप त्रिपाठी ने बताया कि उस समय अक्षत के पिता राजस्थान में थे और वे तुरंत कुछ रिश्तेदारों के साथ दिल्ली के लिए रवाना हो गए. एक स्थानीय पार्षद और परिवार के कुछ करीबी सदस्य उस किशोर की मां और बहन को राष्ट्रीय राजधानी ले गए. उन्होंने बताया कि किशोर के पिता भवन निर्माण के क्षेत्र में काम करते हैं, जबकि उनकी मां गृहिणी हैं.

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