कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर आखिरकार सस्पेंस खत्म हो गया है. नई दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर हाईकमान की एक अहम बैठक हुई. इस बैठक में राहुल गांधी समेत पार्टी के शीर्ष नेता मौजूद रहे.
बैठक का असल एजेंडा कर्नाटक कैबिनेट के दूसरे चरण के विस्तार के लिए मंत्रियों के नामों पर अंतिम मुहर लगाना था.
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार, सिद्धारमैया और वरिष्ठ नेता बी.के. हरिप्रसाद की सौंपी गई संभावित उम्मीदवारों की लिस्ट में से लगभग 16 से 18 नामों को हाईकमान ने मंजूरी दे दी है.
3 मई को होगा शपथ ग्रहण
हाईकमान से हरी झंडी मिलने के बाद अब 3 मई को शाम 5 बजे नए मंत्रियों का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित होने की संभावना है. राजभवन में होने वाले इस कार्यक्रम को लेकर प्रशासनिक तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। माना जा रहा है कि इस विस्तार के बाद कर्नाटक सरकार का मंत्रिमंडल पूरी तरह से आकार ले लेगा.
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क्षेत्रीय और जातीय संतुलन पर जोर
मंत्रिमंडल के इस दूसरे चरण में अनुभवी और नए चेहरों का संगम देखने को मिलेगा. नामों को चुनते समय राज्य के जातीय, क्षेत्रीय और धार्मिक समीकरणों को साधने की कोशिश की गई है. पुराने और वरिष्ठ विधायकों के अनुभव का फायदा उठाने के साथ-साथ पहली बार चुनकर आए युवा नेताओं को भी सरकार में शामिल होने का मौका दिया जाएगा.
कौन-कौन नाम चर्चा में?
बता दें कि इससे पहले कर्नाटक कैबिनेट के मंत्रियों की संभावित लिस्ट सामने आई थी. इसमें रिजवान अरशद, बी.जेड. जमीर अहमद खान, अशोक पट्टण, लक्ष्मण सावदी, शरथ बच्चेगौड़ा, मगडी बालकृष्ण, गुब्बी वासु, आरती कृष्णा, लक्ष्मी हेब्बालकर, उमाश्री और नयना मोंटम्मा जैसे नाम शामिल थे. हालांकि कांग्रेस ने इनके मंत्री बनने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है.
राहुल गौतम